• Hindi News
  • Rajasthan News
  • Kishangarh News
  • जिले की 282 ग्राम पंचायतों में अब तक 14 हजार 837 ग्रामीण बने डिजिटल साक्षर
--Advertisement--

जिले की 282 ग्राम पंचायतों में अब तक 14 हजार 837 ग्रामीण बने डिजिटल साक्षर

प्रधानमंत्री ग्रामीण डिजिटल साक्षरता अभियान के तहत अजमेर जिले की 282 ग्राम पंचायतों में अब तक 14 हजार 837 ग्रामवासी...

Dainik Bhaskar

Aug 13, 2018, 05:25 AM IST
जिले की 282 ग्राम पंचायतों में अब तक 14 हजार 837 ग्रामीण बने डिजिटल साक्षर
प्रधानमंत्री ग्रामीण डिजिटल साक्षरता अभियान के तहत अजमेर जिले की 282 ग्राम पंचायतों में अब तक 14 हजार 837 ग्रामवासी ई-साक्षर बन चुके हैं। इनमें से 5 हजार 912 लोगों ने प्रशिक्षण प्राप्त कर डिजिटल साक्षरता का सर्टिफिकेट भी हासिल कर लिया है। इन्हें डिजिटल साक्षर भी कह सकते हैं।

यानि गांव के युवा, बड़े बुजुर्ग, महिलाएं कम्प्यूटर चलाना सीख रही हैं। खुद सीखने के बाद ये डिजिटल साक्षर अपने क्षेत्र में दूसराें को भी नि:शुल्क कम्प्यूटर सीखने के लिए प्रेरित कर रहे हैं। किशनगढ़ उपखंड में करीब एक हजार से ज्यादा ग्रामवासी पीएमजी दिशा प्रोग्राम के तहत दस दिवसीय नि:शुल्क कम्प्यूटर का प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके हैं। कार्यक्रम के तहत गांवाें को कम्प्यूटर से जोड़ना और ग्रामीणाें को कम्प्यूटर चलाने के लिए दक्ष बनाना ही इस योजना का उद्देश्य है।

प्रत्येक ग्राम पंचायत में एक परिवार से एक सदस्य का चयन कर उन्हें कम्प्यूटर सिखाया जा रहा है। ताकि वे व्यक्ति अपने परिवार व दूसराें को भी कम्प्यूटर साक्षर बना सकें। प्रत्येक ग्राम पंचायत पर 250 ग्रामीणों काे डिजिटल साक्षर बनाने का लक्ष्य दिया गया। इसके लिए सीएससी सेंटर संचालक लगातार सरपंच और ग्राम पंचायत से संपर्क कर ग्रामीणों को ट्रेनिंग दे रहे हैं।

छह करोड़ लोगों को बनाना है डिजिटल साक्षर

प्रधानमंत्री ग्रामीण डिजिटल साक्षरता अभियान (सीएससी) के जिला प्रबंधक अरविंद मीना के अनुसार देश में 16.8 करोड़ ग्रामीण परिवारों में से 12 करोड़ घरों में कम्प्यूटर नहीं हैं। इस मकसद से डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा दिया जा रहा है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य देश के ग्रामीण क्षेत्रों में करीब छह करोड़ लोगों को डिजिटल साक्षर बनाना है। प्रत्येक पात्र के एक सदस्य द्वारा करीब 40 प्रतिशत ग्रामीण परिवारों तक पहुंचना है। मीना ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में नागरिकों को कम्प्यूटर चलाने या डिजिटल एक्सेस डिवाइस (जैसे टेबलेट, स्मार्ट फोन) ई-मेल भेजना और प्राप्त करना, इंटरनेट ब्राउज करना, सरकारी सेवाआें का उपयोग करना, सूचना के लिए खोज करना, डिजिटल भुगतान शुरू करना सहित अन्य के बारे में प्रशिक्षण देकर डिजिटल साक्षर बनाना है। यह योजना सीएससी ई-गवर्नेंस सर्विसेज इंडिया लिमिटेड के जरिये संचालित की जा रही है। 31 मार्च 2019 तक लक्ष्य पूरा करना होगा।

पीएमजी दिशा कार्यक्रम के तहत किशनगढ़ उपखंड में करीब एक हजार से ज्यादा ग्रामीण ले चुके हैं प्रशिक्षण, प्रत्येक ग्राम पंचायत में 250 ग्रामीणाें का किया चयन

मदनगंज-किशनगढ़. प्रधानमंत्री ग्रामीण डिजिटल साक्षरता अभियान के तहत निशुल्क कंप्यूटर का प्रशिक्षण लेती युवतियां व महिलाएं।

एक परिवार से एक व्यक्ति को दी जाएगी ट्रेनिंग

मीना ने बताया कि इस योजना के अंतर्गत ऐसे परिवार जिनमें कोई भी सदस्य डिजिटल साक्षर नहीं हैं उन्हें इस योजना का पात्र माना जाएगा। चाहे परिवार का प्रमुख हो, पति, प|ी या बच्चे है। परिवार के एक सदस्य को डिजिटल साक्षर बनाया जाएगा। इसमें 14 साल से 60 साल तक के व्यक्ति को डिजिटल साक्षर बनाया जाएगा। उन्हें ट्रेनिंग के साथ ऑनलाइन ट्रांजेक्शन करने, भीम एप, पेटीएम सहित अन्य के बारे में भी जानकारी दी जाएगी। ताकि कैशलेस ट्रांजेक्शन के बारे में भी जानकारी ले सकें। किशनगढ़, रूपनगढ़ उपखंड में भी डिजिटल साक्षरता मिशन अभियान के तहत ग्रामवासी नि:शुल्क कम्प्यूटर का प्रशिक्षण ले रहे हैं।

X
जिले की 282 ग्राम पंचायतों में अब तक 14 हजार 837 ग्रामीण बने डिजिटल साक्षर
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..