Hindi News »Rajasthan »Kota» Lack Of Toilets In Government Schools In Kota

नहीं हैं बेटियों के टॉयलेट: नतीजा- 3 साल में 66 से घटकर 44 हुई संख्या

विधायक व कलेक्टर कोटड़ी स्कूल की यह तस्वीर जरूर देखें; यहां हैं गंदगी और सुअर

Bhaskar News | Last Modified - Dec 14, 2017, 07:53 AM IST

  • नहीं हैं बेटियों के टॉयलेट: नतीजा- 3 साल में 66 से घटकर 44 हुई संख्या
    +1और स्लाइड देखें

    कोटा.यह तस्वीर कोटड़ी के गवर्नमेंट मिडिल स्कूल की है। यहां बेटियों के लिए न तो टॉयलेट हैं और न ही बैठने की व्यवस्था। छात्राओं को गंदगी, सड़ांध और सुअरों के बीच पढ़ना पड़ता है। 2 साल पहले यहां टॉयलेट बनवाए गए थे। देखरेख न होने से ये इतने खस्ताहाल हो गए हैं कि इनका इस्तेमाल भी खतरनाक है। इसके चलते नामांकन हर साल घटता जा रहा है।

    वर्ष 2015 में यहां 66 छात्राएं थीं जो अब घटकर 44 ही रह गई हैं। सितंबर में ही टॉयलेट न होने की वजह से राजकुमारी, कृष्णा, सीमा और सुलोचना समेत कई छात्राएं टीसी कटवाकर ले जा चुकी हैं। यहां संस्था प्रधान सहित 6 जनों का स्टाफ है। संस्था प्रधान का पद खाली है। 1 पीटीआई और 2 टीचर के भरोसे ही स्कूल संचालित है।

    कचरा प्वॉइंट बन गया स्कूल
    भास्कर टीम बुधवार को स्कूल पहुंची तो कैंपस में सुअरों का आंतक नजर आया। यहां मिड-डे मील बनने के समय सुअरों की कतार लग गई। कैंपस में इतनी गंदगी है कि यहां कुछ देर के लिए भी ठहरना मुशिक्ल है। आसपास के लोगों ने कैंपस को ट्रेंचिंग ग्राउंड बना दिया है। साफ-सफाई नहीं होने यहां गंभीर बीमारियां फैलने का अंदेशा बना हुआ है।

  • नहीं हैं बेटियों के टॉयलेट: नतीजा- 3 साल में 66 से घटकर 44 हुई संख्या
    +1और स्लाइड देखें
आगे की स्लाइड्स देखने के लिए क्लिक करें
दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए Kota News in Hindi सबसे पहले दैनिक भास्कर पर | Hindi Samachar अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें Hindi News App, या फिर 2G नेटवर्क के लिए हमारा Dainik Bhaskar Lite App.
Web Title: Lack Of Toilets In Government Schools In Kota
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

More From Kota

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×