Hindi News »Rajasthan »Kotputli» परोपकार ही मानवता का सबसे बड़ा धर्म; पीके भाटी

परोपकार ही मानवता का सबसे बड़ा धर्म; पीके भाटी

कोटपूतली|जयपुर-दिल्ली राजमार्ग स्थित दा राजस्थान स्कूल में विद्यार्थियों ने पर्यावरण संरक्षण की पहल करते हुए...

Bhaskar News Network | Last Modified - Apr 22, 2018, 03:05 AM IST

परोपकार ही मानवता का सबसे बड़ा धर्म; पीके भाटी
कोटपूतली|जयपुर-दिल्ली राजमार्ग स्थित दा राजस्थान स्कूल में विद्यार्थियों ने पर्यावरण संरक्षण की पहल करते हुए भीषण गर्मी के मौसम में बेजुबान पक्षियों की प्यास बुझाने के लिए परिसर में परिंडे लगाए। प्रधानाचार्य पीके भाटी ने कहा कि परोपकार ही मानवता का सबसे बड़ा धर्म है। इससे बड़ा कोई पुण्य नहीं होता।

गर्मी के मौसम में विद्यार्थियों के प्रयास से पक्षियों को राहत मिलेगी। इस तरह के कार्यों से विद्यार्थियों में नैतिक व मानवीय मूल्यों का विकास होता है। उन्होंने स्वयं परिंडे बांधकर अभियान की शुरूआत की। साथ ही विद्यार्थियों को अपने गांव, शहर व घर के आसपास भी ऐसे कार्यों के लिए प्रेरित किया।

इस दौरान हरिमोहन मिश्रा, राकेश गौड़, डीके झा, डॉ.राजेश यादव, अशोक पठानिया, सौम्या राज, नीतू वर्मा आदि स्टॉफ सदस्य समेत विद्यार्थी मौजूद थे।

कोटपूतली. राजस्थान स्कूल में पक्षियों के लिए परिेंडे बांधते हुए।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए Kotputli News in Hindi सबसे पहले दैनिक भास्कर पर | Hindi Samachar अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें Hindi News App, या फिर 2G नेटवर्क के लिए हमारा Dainik Bhaskar Lite App.
Web Title: परोपकार ही मानवता का सबसे बड़ा धर्म; पीके भाटी
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

More From Kotputli

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×