Hindi News »Rajasthan »Manoharpur» बॉयोमेट्रिक मशीन से हाजिरी दी व रफूचक्कर, 136 शिक्षकों में से मिले मात्र 20 संभागी

बॉयोमेट्रिक मशीन से हाजिरी दी व रफूचक्कर, 136 शिक्षकों में से मिले मात्र 20 संभागी

कस्बे के होद की पाल स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में चल रहे 6 दिवसीय आवासीय शिक्षक प्रशिक्षक शिविर में...

Bhaskar News Network | Last Modified - May 24, 2018, 05:30 AM IST

कस्बे के होद की पाल स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय में चल रहे 6 दिवसीय आवासीय शिक्षक प्रशिक्षक शिविर में मंगलवार रात्रि को विभागीय प्रतिनिधि एवं शिविर व्यवस्थापक की मौजूदगी के बावजूद करीब 100 से अधिक शिविरार्थी नदारद मिलें। शिविर में शिक्षकों के नदारद रहने से इनकी सार्थकता पर प्रश्न चिह्न खड़ा हो रहा है। साथ ही शिविर में शिक्षकों और व्यवस्थापक की मिली भगत की और इशारा कर रहे है।

जानकारी के अनुसार होद की पाल विद्यालय में चल रहे शिविर में कुल 136 संभागी आवासीय प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे है। इनमें 38 महिलाएं एवं 98 पुरुष है जो शिविर में आते तो है, किन्तु बॉयोमेट्रिक मशीन में हस्ताक्षर कर नदारद हो जाते है। ऐसी हालात देखने को मिली मंगलवार रात्रि को जहां शिविर में व्यवस्थापक की मौजूदगी के बाद भी मात्र 20 संभागी उपस्थित मिले। महिला आवास पर मात्र 8 महिलाएं एवं पुरुष आवास पर करीब 12 के लगभग शिक्षक मौजूद मिले। व्यवस्थापक के मौके पर मौजूद होने के बावजूद शिक्षकों को शिविर स्थल पर शिक्षकों का नही रूकना संभागियों और व्यवस्थापक की मिलीभगत को स्पष्ट रूप से दर्शा रहा है। सरकार की मंशा है कि आवासीय प्रशिक्षण के माध्यम से शिक्षक एक दूसरे से अपने-अपने अनुभव साझा करें। इससे वे विद्यार्थियों को अच्छा एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षण उपलब्ध करा सके। इतना ही नहीं शिविर के प्रति जिम्मेदार लोग भी शिक्षकों की उपस्थिति के संबंध में पल्ला झाड़ते नजर आए। शिविर में रात्रि में शिक्षकों की अनुपस्थिति के बारे में जब बीईईओ शाहपुरा कुलदीप सिंह चौहान को अवगत कराया गया तो उन्होंने कहा कि मैंने तो शिविरार्थियों से पहले ही लिखवाकर ले लिया था कि काेई भी शिक्षक नदारद रहता है तो उसकी स्वयं की जिम्मेदारी होगी। वही एसडीएम ने मामले की जांच कराने की बात कही है।

नाम का शिविर प्रभारी : शिविर प्रभारी मुखराम चांदोलियां ने बताया कि वह तो नाममात्र के शिविर प्रभारी है। शिविर की व्यवस्था के लिए बीईईओं कार्यालय शाहपुरा की और से कर्मचारी नियुक्त किए गए है। पैसे के लेनदेन का हिसाब भी बीईईओ कार्यालय शाहपुरा के पास है।

शिक्षकों के नदारद रहने पर उनपर खर्च हाेने वाले राजस्व का क्या होगा : सरकार की और से इन शिविरों में चाय नाश्ता एवं दोनों समय के खाने के लिए एक निश्चित राशि शिविर संचालक को दी जाती है। ऐसे में जब रात्रि में शिक्षक रूकेंगे ही नहीं तो इस खाने के बचने वाले पैसे का क्या होगा। यह एक विचारनीय प्रश्र है।

गैर आवासीय शिविर करने की उठ रही मांग : शिक्षक संगठनों की और से आवासीय शिविर को गैरआवासीय करने की लगातार मांग उठाई जा रही है। इससे रात्रि में होने वाली असुविधा के लिए एक तो शिक्षकों में रोष कम होगा। वही पर सरकार के रात्रिकालीन ठहराव पर होने वाले हजारों रुपए की बचत होगी।

शिविर से शिक्षकों के नदारद होने की जानकारी मिली है ऐसे शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। ब्रज भूषण चौहान, ब्लॉक शिक्षाधिकारी

मामले की पूरी जानकारी लेकर उचित कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। रवि विजय, एसडीएम, शाहपुरा

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Manoharpur

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×