नवरात्र स्पेशल: ये है 302 साल पुराना 'तुरत-फुरत' माता का मंदिर, इसके नीचे दबा है 5 लाख टन मार्बल / नवरात्र स्पेशल: ये है 302 साल पुराना 'तुरत-फुरत' माता का मंदिर, इसके नीचे दबा है 5 लाख टन मार्बल

प्रकाश प्रजापत

Oct 12, 2018, 01:43 PM IST

यह मंदिर राजस्थान के मकरान शहर में है।

302 years old temple in Makrara rajasthan

नगौर (राजस्थान)। शहर में देवी रेंज की मार्बल खानों के बीच हजारों टन वजनी मार्बल के पहाड़ पर तुरतफुरी माता मंदिर बना हुआ है। मंदिर में मौजूद अभिलेख के अनुसार- मंदिर का निर्माण विक्रम संवत 1773 में हुअा। तुरतफुरी माता दुर्गा मां का स्वरूप है। जिसे तुरत फुरत माता के नाम से भी जाना जाता हैं। मान्यता है कि माता भक्त की पुकार तुरंत सुनती है। मंदिर के चारों तरफ मार्बल की 10 खानें है। मंदिर की पहाड़ी की जड़ों तक खानधारी खनन करते हुए पहुंच गए।

जोधपुर हाईकोर्ट में लगाई याचिका


तुरतफुरी माता मंदिर कमेटी ने इसके लिए हाईकोर्ट जोधपुर में याचिका लगाई। जिसके चलते 11 फरवरी 2016 को कोर्ट ने पास की 10 खानों को बंद करवाते हुए मंदिर की परिधि से 45 मीटर के दायरे में आने वाले खानों के हिस्से में मलबा डंप करने के आदेश दिए। इसके चलते परिधि क्षेत्र की 6 खानों को मलबा मिट्टी डालकर पाट दिया गया है। जिससे मंदिर की पहाड़ी को पुन: आधार मिला है।

जानिए...क्या खास


- 1773 विक्रम संवत में हुआ था इस प्राचीन मंदिर का निर्माण।
- 06 मार्बल खानों से मलबा करवाया था डंप, ताकि रहे सुरक्षित।

- 05 लाख टन मार्बल बताया जा रहा है मंदिर परिसर के नीचे। सफेद पत्थर होने के कारण इसकी कीमत प्रति टन 10 हजार रुपए तक की है।
- तुरतफुरी माता की पुरानी मूर्ति जो मुगल काल में खंडित की गई।


नया मंदिर बनवाने को तैयार


मंदिर कमेटी अध्यक्ष श्रवण सिंह ने बताया कि मंदिर के नीचे पहाड़ में मौजूद मार्बल का हवाला देकर हाईकोर्ट में खानधारियों ने मंदिर को शिफ्ट करने की एवज में संगमरमर का बड़ा मंदिर बनाकर देने की पेशकश की थी। जिसे ठुकरा दिया गया।

X
302 years old temple in Makrara rajasthan
COMMENT