--Advertisement--

कम से कम खुद पर अटूट विश्वास बनाए रखिए

Nagour News - उस लड़के को बहुत बुरा लगता था कि उसके परिवार का जीवन स्तर एक प्लेट चावल से आगे नहीं बढ़ पा रहा था जबकि हर सदस्य कड़ी...

Dainik Bhaskar

Dec 09, 2018, 04:40 AM IST
PHEE News - at least maintain your confidence in yourself
उस लड़के को बहुत बुरा लगता था कि उसके परिवार का जीवन स्तर एक प्लेट चावल से आगे नहीं बढ़ पा रहा था जबकि हर सदस्य कड़ी मेहनत कर रहा था। इसी के चलते 10वीं कक्षा पास कर चुका वह लड़का, ध्यानेश्वर बोडके, एक ऑफिस ब्वॉय की नौकरी करने पुणे शहर चला गया जो महाराष्ट्र में मलशी तालुका के उसके गांव से 44 किमी दूर था। अगले दस वर्षों तक उसकी कमाई परिवार के लिए बहुत महत्वपूर्ण बन गई। जीवन में अब तक उसने अपने लिए कोई लक्ष्य तय नहीं किया था लेकिन अपने काम के बाद जब भी वह अकेला होता या कुछ सोचता तो एक ही काम उसे अपनी ओर खींचता था तो वह था- खेती करना। लेकिन वह कोई बड़ा कदम उठाने से डरता था। फिर एक दिन, उसने सांगली के एक किसान की कहानी पढ़ी जिसने 1000 वर्ग फीट का पॉलीहाउस बनाया था और 12 लाख रुपए सालाना कमाई कर रहा था। ये पढ़ने के बाद उसने तुरंत नौकरी छोड़ दी और दो दिन की बागवानी ट्रेनिंग ली और खेती करने गांव लौट गया। उसके पिता न सिर्फ बेटे के हड़बड़ी में लिए इस फैसले से सदमे में थे बल्कि इसलिए भी परेशान थे कि ध्यानेश्वर के किताबी ज्ञान व प्रशिक्षण को खेत में कैसे अमल में लाएं। ऐसी स्थिति में ध्यानेश्वर ने फिर से वही किया जिस काम पर उसे विश्वास था। वह उस अधिकारी के पास पहुंचा जिसने उसे ट्रेनिंग दी थी और कहने लगा कि वह उनके लिए सालभर तक मुफ्त में काम करेगा। हर दिन 17 किलोमीटर साइकिल चलाकर वह उनके पास जाता और लगातार 12 घंटे बिना मेहनताने के काम करता। इस तरह खुद से काम करके ही उसने खेती के बारे में सब कुछ सीख लिया। आत्मविश्वास के साथ 1999 में वह अपनी खेती करने के लिए लौट आया। उसने कर्ज लेकर 1000 वर्गफीट में एक पॉलीहाउस लगाया और उसमें सजावटी फूल उगाने लगा। फूलों को मंडी में बेचने की बजाय उसने सीधे डेकोरेटर्स और होटलों के साथ टाई-अप किया और अपने फूलों को पुणे के साथ-साथ मुम्बई और दिल्ली भेजने लगा। इस काम से सिर्फ एक साल में वह अपना 10 लाख रुपए का कर्ज चुकाने में कामयाब रहा। बैंक मैनेजर खुद चलकर उसके घर आए। उसके पिता के पैर छूकर और मिठाई खिलाकर बोले कि उनका बेटा पहला ऐसा किसान है जिसने बैंक का पूरा कर्ज सालभर में चुकाया है। उसकी सफलता की कहानी ने स्थानीय मीडिया का भी ध्यान खींचा। 2004 में, उसने 11 अन्य किसानों के साथ मिलकर अभिनव किसान क्लब बनाया। कुछ साथी किसानों ने मार्केटिंग संभाली तो कुछ ने ट्रांसपोर्ट का काम हाथ में लिया। आइडिया यह था एक समूह बने और मुनाफा भी आपस में बांटा जाए। बहुत जल्दी, इस क्लब के सदस्यों की संख्या बढ़कर 300 हो गई। लेकिन एक साल के अंदर फूलों के बाजार भाव बुरी तरह गिर गए। समूह को नुकसान उठाना पड़ा और उसमें फूट पड़ने से सिर्फ 20 सदस्य ही रह गए। इस दौर से उबरने के लिए समूह ने तय किया कि महंगी विदेशी सब्जियां जैसे ब्रोकली, चाइनीज़ गोभी, पार्सली, चेरी टमाटर, सिलेरी, जुक्किनी वगैरह उगाई जाए। इस काम से फायदा हुआ लेकिन उनके प्रतिस्पर्धियों ने भी ऐसा ही करना शुरू कर दिया, और फिर से जीविका चलाना मुश्किल हो गया। अब तक के अनुभवों से सीखते हुए ध्यानेश्वर ने तय किया कि वह एक फूल-प्रूफ तकनीक का इस्तेमाल करेगा। उसने एक एकड़ जमीन पर एक आर्गनिक इंटीग्रेटेड फार्मिंग प्रोजेक्ट शुरू किया। 20 हजार लीटर पानी, दो घंटे बिजली और पूरा परिवार के चार घंटे की मेहनत के साथ उसने एक एकड़ के प्लॉट को चार हिस्सों में बांटा। एक हिस्से में 12 तरह के फल उगाए, दूसरे में महंगी सब्जियां, तीसरे में दालें और चौथी हिस्से में पत्तेदार सब्जियां उगाई और उसने सारे बिचौलियों को हटाते हुए अपने उत्पाद सीधे ग्राहकों के घर में पहुंचाने शुरू किए और ये कोलकाता तक भेजे जाने लगे। आज, उसका क्लब महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, गुजरात, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और कर्नाटक तक फैल गया है। देशभर में उनके साथ डेढ़ लाख किसान और 257 किसान लीडर जुड़ चुके हैं, और उनका सालाना टर्नओवर 400 करोड़ हो गया है। लीडर किसान हर तीन महीने में मिलते हैं और व्हाट्सऐप के जरिये कनेक्ट होकर साथी किसानों की समस्याओं का समाधान करते हैं। ध्यानेश्वर पहले ऐसे भारतीय किसान है जिसे इनोवेशन को बढ़ावा देने वाले ग्रुप TEDx के प्लेटफॉर्म पर बोलने का मौका मिला और उसके भाषण के बाद श्रोताओं ने खड़े होकर सम्मान दिया। आज ध्यानेश्वर के एक एकड़ के प्लॉट की कीमत 10 करोड़ रुपए है।

फंडा ये है कि आपकी राह में कितनी भी बाधाएं आएं, आपको स्वयं पर यह अटूट विश्वास बनाए रखना चाहिए कि आप अपना लक्ष्य जरूर प्राप्त कर सकते हैं।

मैनेजमेंट फंडा एन. रघुरामन की आवाज में मोबाइल पर सुनने के लिए टाइप करें FUNDA और SMS भेजें 9200001164 पर

एन. रघुरामन

मैनेजमेंट गुरु

raghu@dbcorp.in

X
PHEE News - at least maintain your confidence in yourself
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..