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सिर्फ चेहरे बदले, भाजपा दोबारा से प्रधान पद पर काबिज, उप चुनाव में कांग्रेस की जीत पर लगे ब्रेक

पीसांगन पंचायत समिति के प्रधान पद के लिए हुए चुनावों में भाजपा दोबारा से काबिज हो गई। इसके साथ ही उपचुनावों में...

Dainik Bhaskar

May 09, 2018, 05:50 AM IST
सिर्फ चेहरे बदले, भाजपा दोबारा से प्रधान पद पर काबिज, उप चुनाव में कांग्रेस की जीत पर लगे ब्रेक
पीसांगन पंचायत समिति के प्रधान पद के लिए हुए चुनावों में भाजपा दोबारा से काबिज हो गई। इसके साथ ही उपचुनावों में लगातार कांग्रेस के ही जीतने का सिलसिला भी थम गया। प्रधान के पद पर भाजपा में सिर्फ चेहरे ही बदले, पहले भाजपा के दिलीप पचार प्रधान थे, अविश्वास प्रस्ताव पारित होने पर दोबारा से चुनाव हुए तो भाजपा के अशोक रावत प्रधान पद पर निर्वाचित हो गए। रावत ने 23 मत हासिल कर कांग्रेस के लक्ष्मण गेना को हरा दिया। गेना को 16 मत ही मिले जबकि कांग्रेस के 18 सदस्य है। क्रास वोटिंग सिर्फ कांग्रेस में ही नहीं हुई बल्कि भाजपा नेताओं की माने तो उन्हें 26 वोट मिलने की उम्मीद थी लेकिन 23 वोट ही मिल पाए। यानि भाजपा के खेमे से भी कांग्रेस को वोट मिले है। रायशुमारी में भाजपा के अशोक रावत ने सबसे अधिक 14 वोट लेकर प्रधान पद के लिए टिकट की मजबूत ताल ठाेक दी थी और जिसके पास ज्यादा बहुमत उसी को प्रधान का टिकट,भाजपा संगठन द्वारा लिए गए इस निर्णय पर कायम रहते हुए रावत को ही चुनाव मैदान में उतारा गया। जातिगत वोट लेने और आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए कांग्रेस ने जाट समुदाय के ही लक्ष्मण गेना को प्रधान का टिकट देकर चुनावी समर में उतारा जिससे भाजपा के मतों में सेंध लगाकर वह जीत की पताका फहरा सके लेकिन कांग्रेस इसमें कामयाब नहीं हो सकी।

जिले में नसीराबाद विधानसभा चुनाव में हुए उप चुनाव में कांग्रेस के रामनारायण गुर्जर ने प्रदेश में भाजपा के सत्तारूढ़ होने के बावजूद सरिता गेना को पटखनी दे दी थी। इसके बाद हुए लोकसभा के उप चुनाव में भी केंद्र व प्रदेश में भाजपा की सत्ता व मंत्रियों की ताम-झाम के बावजूद कांग्रेस के डा रघु शर्मा ने भाजपा के दिवंगत नेता सांवर लाल जाट के पुत्र रामस्वरूप लांबा को हरा दिया। प्रधान के लिए होने वाले इस उप चुनाव में भी कांग्रेस ने चौसर बिछाई थी कि वह यह उप चुनाव में भी जीतने में कामयाब हो जाएं लेकिन भाजपा नेताओं की सक्रियता व कांग्रेस की ढिलाई के चलते वह चुनाव जीतना तो दूर कांग्रेस के सिंबल पर जीते सदस्यों के वोट भी पूरे हासिल नहीं कर पाई। जिले में सक्रिय रहने वाले कांग्रेस के देहात जिलाध्यक्ष भूपेंद्र सिंह राठौड़ इस उप चुनाव में अलग से ही रहे और नामांकन पत्र दाखिल करने के दौरान भी नजर नहीं आए। विधायक रामनारायण गुर्जर व कांग्रेसी नेता इंसाफ पूरी तरह से सक्रिय रहे। वहीं भाजपा के देहात जिलाध्यक्ष बीपी सारस्वत व संसदीय सचिव सुरेश सिंह रावत के अलावा पूर्व जिला प्रमुख पुखराज पहाडिया ने सक्रिय भूमिका निभाते हुए अपनी पार्टी की सीट को बरकरार रखा।

कांग्रेस के खेमे में सिर्फ 14 सदस्य

उप चुनाव में कांग्रेस की ढिलाई का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पार्टी से निर्वाचित 18 सदस्यों में से उसके खेमे में 14 सदस्य ही थे। एक ही समुदाय के तीन मत उनके हाथ सेे छिटक गए और जातिगत आधार पर एक वोट का कांग्रेस को और धक्का लग गया। लेकिन इसके बावजूद भाजपा में हुई क्रास वोटिंग के चलते उन्हें 14 की बजाए 16 मत मिल गए। भाजपा के भी निर्वाचित सदस्य तो 18 ही है, तीन निर्दलीय मिलने का भाजपा नेताओं ने दावा किया, इन्हें मिलाकर भी 21 वोट ही हुए लेकिन भाजपा को 23 मत मिले। यानि कांग्रेस में भी क्रास वोटिंग। सात मतों से भाजपा के अशोक रावत विजयी रहे। पीसांगन पंचायत समिति में भाजपा व कांग्रेस के 18-18 और 3 निर्दलीय सदस्य है।

तीन सदस्यों को सिर्फ एक-एक वोट

प्रधान केे चुनाव को लेकर भाजपा ने पहले ही मांगलियावास गांव में यह रणनीति बना ली थी कि जिस सदस्य के पास बहुमत हो गया उसे ही पार्टी का प्रत्याशी बनाया जाएगा। जयपुर के पास जयसिंहपुरा के एक रिसोर्ट में जब भाजपा के सभी सदस्यों की बाड़ेबंदी की गई। भाजपा नेता उस समय हतप्रभ रह गए जब प्रधान का टिकट पाने के लिए पांच दावेदार सामने आ गए। वोटिंग हुई तो अशोक रावत को सबसे अधिक 14 वोट मिले। इनके अलावा शकुंतला ठाडा को 2 और किस्मत कंवर, शिवकरण पूनिया व लाल चंद को सिर्फ एक-एक वोट ही मिला। बहुमत के आधार पर अशोक रावत को प्रधान का प्रत्याशी बनाया गया।

सभी सदस्यों के मोबाइल जब्त : भाजपा ने चुनाव में पूरी सक्रियता बरतते हुए सभी सदस्यों के मोबाइल जब्त कर लिए जिससे कोई भी व्यक्ति उनसे बात नहीं कर सके। बताया जाता है कि उन्हें सैरसपाटे के लिए सवाई माधोपुर रणथंबौर ले जाया गया। चुनाव के दिन मंगलवार को दोपहर साढ़े 12 बजे सभी सदस्यों को एक साथ लेकर पार्टी के नेता पीसांगन पहुंचे और मतदान करवाया।

पीसांगन. प्रधान के उपचुनाव में भाजपा के अशोक रावत की जीत के बाद जुलूस निकालते नेता व कार्यकर्ता।

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