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किपचोगे ने हर ढाई मिनट में 1 किमी दूरी कवर की, जीत के बाद बोले- साबित हो गया कि इंसान की कोई हद नहीं होती

Pali News - \"मैं बस ये साबित करना चाहता था कि इंसान के लिए कोई भी काम नामुमकिन नहीं होता। असल में इंसान की कोई हद ही नहीं होती। सब...

Bhaskar News Network

Oct 13, 2019, 07:06 AM IST
Bar News - rajasthan news kipchoge covered 1 km distance every two and a half minutes after winning he said proved that there is no limit to humans
"मैं बस ये साबित करना चाहता था कि इंसान के लिए कोई भी काम नामुमकिन नहीं होता। असल में इंसान की कोई हद ही नहीं होती। सब उसकी सीमाओं में है। हम जो कुछ भी सोच सकते हैं, वो कर भी सकते हैं।' केन्या के रनर इलियुड किपचोगे ने शनिवार को मैराथन की दुनिया का सबसे बड़ा बैरियर तोड़ने के बाद ये बात कही। उन्होंने मैराथन दो घंटे से कम समय में पूरी की। तीन बार के ओलिंपिक मेडलिस्ट किपचोगे ऐसा करने वाले दुनिया के पहले एथलीट बने। उन्होंने ऑस्ट्रिया के विएना में हुए इनियोस 1:59 चैलेंज में एक घंटे, 59 मिनट, 40 सेकंड में 42.2 किमी की रनिंग पूरी की। किपचोगे ने औसतन हर ढाई मिनट में एक किमी दूरी तय की। हालांकि उनके इस रिकॉर्ड को ऑफिशियल वर्ल्ड रिकॉर्ड नहीं माना जाएगा। इसकी दो वजहें हैं। पहली- ये ओपन इवेंट नहीं था। ये किपचोगे का खुद को एक किस्म का चैलेंज था- इनियोस 1:59 चैलेंज। इसमें वे एक घंटे 59 मिनट में मैराथन पूरी करने उतरे थे। किया भी। दूसरी वजह- किपचोगे ने रिकॉर्ड बनाने की प्रक्रिया में कई तरह की मदद लीं। जैसे- पेसमेकर, लेजर गाइडिंग वैन। ये मदद लेना नाजायज नहीं है, लेकिन मदद लेकर अगर कोई वर्ल्ड रिकॉर्ड बनता है तो उसे ऑफिशियल नहीं माना जाता।

वैसे मैराथन का ऑफिशियल वर्ल्ड रिकॉर्ड भी किपचोगे (2:01:39) के ही नाम है। इसके बाद उन्होंने 2017 में भी दो घंटे का बैरियर तोड़ने की कोशिश की थी, लेकिन तब वे 40 सेकंड से चूक गए थे। किपचोगे की प|ी ग्रेस सगट भी इनियोस 1:59 चैलेंज देखने पहुंची थीं। ये पहला मौका था, जब किपचोगे की प|ी उनका कोई इवेंट देखने पहुंचीं।

किपचोगे का रिकॉर्ड ऑफिशियल नहीं, क्योंकि यह ओपन इवेंट नहीं था

पेसमेकर एयरोडायनमिक्स मॉडल बनाकर दौड़ते हैं

मैराथन के दौरान रनर के इर्द-गिर्द 3 से 5 पेसमेकर एयरोडायनमिक्स मॉडल बनाकर दौड़ते रहते हैं। मतलब कि रनर के आगे-पीछे इस तरह दौड़ना, जिससे वे सामने से आने वाली हवा को काट सकें। इससे रनर को हवा के विपरीत दौड़ने में अतिरिक्त ताकत नहीं लगानी पड़ती। कुछ-कुछ किमी में ये 3-5 पेसमेकर हटते हैं, नया पेसमेकर आ जाता है।

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41 पेसमेकर और एक लेजर गाइडिंग वैन ने की किपचोगे की मदद



किपचोगे ने 1:59:40 घंटे में 42.2 किमी रनिंग कर 2 घंटे का बैरियर तोड़ा

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