Hindi News »Rajasthan »Parbatsar» परबतसर में हुआ अनूठा विवाह, संत की प्रेरणा से गुरुवाणी के बाद 10 मिनट में सुनीता व चेतनदास बन गए जीवनसाथी

परबतसर में हुआ अनूठा विवाह, संत की प्रेरणा से गुरुवाणी के बाद 10 मिनट में सुनीता व चेतनदास बन गए जीवनसाथी

शहर के विनायक गार्डन में रविवार को आध्यात्मिक सत्संग कार्यक्रम के दौरान एक अनूठी शादी हुई। इसमें बिना किसी फेरों...

Bhaskar News Network | Last Modified - Mar 27, 2018, 06:30 AM IST

परबतसर में हुआ अनूठा विवाह, संत की प्रेरणा से गुरुवाणी के बाद 10 मिनट में सुनीता व चेतनदास बन गए जीवनसाथी
शहर के विनायक गार्डन में रविवार को आध्यात्मिक सत्संग कार्यक्रम के दौरान एक अनूठी शादी हुई। इसमें बिना किसी फेरों के दूल्हा-दुल्हन गुरुवाणी के जरिए एक-दूसरे के जीवन साथी बन गए। वहीं इस शादी में किसी प्रकार का दहेज का भी लेन-देन नहीं हुआ।

कबीर परमेश्वर भक्ति ट्रस्ट सतलोक आश्रम बरवाला के तत्वावधान में रविवार को गिंगौली रोेड पर विनायक गार्डन परबतसर में संत रामपाल महाराज के प्रोजेक्टर के माध्यम से एक दिवसीय आध्यात्मिक सत्संग का आयोजन हुआ। जयपालदास व कैलाशदास ने बताया कि पूर्व में संत रामपाल महाराज के आध्यात्मिक सत्संग से प्रभावित होकर खिदरपुरा निवासी ओमप्रकाश ने अपनी पुत्री सुनीता की शादी अजमेर जिले के गांव मुंडलाव निवासी मुनिमदास के पुत्र चेतनदास के साथ तय कर रखी थी। इस दौरान यहां बिना फेरों के मात्र 10 मिनट में गुरुवाणी से सुनीता और चेतनदास दोनों विवाह बंधन में बंध गए। इस शादी में किसी भी प्रकार के दहेज का कोई लेन-देन नहीं हुआ। दोनों परिवारों ने संत रामपाल महाराज के प्रवचनों से प्रभावित होकर यह निर्णय लिया। इस आध्यात्मिक सत्संग के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

शादी में दहेज प्रथा का भी किया बहिष्कार, समाज में व्याप्त अन्य कुरीतियों को भी त्यागने का किया आह्वान

परबतसर. सुनीता और चेतनदास ने आध्यात्मिक सत्संग में गुरुवाणी के बाद की शादी।

नशा मुक्ति व मृत्युभोज को बंद करने का लिया निर्णय

शहर में हुए इस आध्यात्मिक सत्संग आयोजन के दौरान 26 जनों ने नाम दीक्षा ग्रहण की। उन्होंने आजीवन नशा मुक्त रहने और मृत्युभोज तथा दहेज जैसी कुप्रथाओं का त्याग करने का भी संकल्प लिया। वहीं इस दौरान उन्होंने कहा कि समाज में व्याप्त कुरीतियों को त्यागकर ही हम समाज को विकास के पथ पर आगे बढ़ा सकते हैं।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

More From Parbatsar

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×