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हरवीर के पास पढ़ाई के पैसे नहीं थे, गंगानगर में दो साल मजदूरी भी की, अब आईएएस में 253वीं रैंक

गिंगोली के अर्जुनराम मेघवाल व गुलाबदेवी के पुत्र हरवीर सिंह का आईएएस परीक्षा-2017 में चयन हुआ है। हरवीर को 253वीं रैंक...

Danik Bhaskar | Apr 29, 2018, 05:40 AM IST
गिंगोली के अर्जुनराम मेघवाल व गुलाबदेवी के पुत्र हरवीर सिंह का आईएएस परीक्षा-2017 में चयन हुआ है। हरवीर को 253वीं रैंक मिली। जगदीश केरापा ने बताया कि साधारण परिवार में जन्मे हरवीरसिंह ने संघ लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित आईएएस परीक्षा 2017 में 253वीं रैंक हासिल की है। वह गिंगोली के राजकीय विद्यालय से 8वीं कक्षा पास करने के बाद पढ़ाई छोड़ मार्बल घिसाई का काम करने लगे। गंगानगर में 2 साल तक मजदूरी भी की। इसके बाद 10वीं बोर्ड की परीक्षा स्वयंपाठी छात्र के तौर पर देकर 80 प्रतिशत अंक हासिल कर परीक्षा उत्तीर्ण की। परबतसर से 12वीं कक्षा भी पास कर ली। हरवीर सिंह ने एनडीए में भी प्रयास किया। लेकिन मेडिकल में अनफिट होने से उनका चयन नहीं हो पाया था। 2005 में नीट मुंबई में राष्ट्रीय परीक्षा में ऑल इंडिया में 30वीं रैंक हासिल करने पर उसमें दाखिला मिला। उसके बाद स्नातक उत्तीर्ण करने के बाद कॉमन एडमिशन टेस्ट (केट) के माध्यम से आईआईएम इंदौर में प्रथम प्रयास में ही सफलता हासिल की। जहां से हरवीर सिंह ने एमबीए की तथा मदर डेयरी दिल्ली में नौकरी करने लगे। इसके साथ-साथ यूपीएससी की तैयारी भी जारी रखी। इसके बाद हरवीरसिंह नौकरी छोड़कर आईएएस की तैयारी में जुट गए।

मिसाल

गिंगोली के हरवीर सिंह का आईएएस में चयन, 10वीं बोर्ड में स्वयंपाठी के रूप में हासिल किए थे 80 फीसदी अंक

गिंगोली के हैं निवासी 2016 में 1017वीं रैंक मिली थी, अभी रक्षा मंत्रालय में हैं कार्यरत

हरवीर सिंह ने आईएएस परीक्षा 2016 में 1017वीं रैंक हासिल की थी। जिसके बाद से वे अभी रक्षा मंत्रालय में कार्यरत हैं। इसी के बीच उन्होंने 2017 में आईएएस की परीक्षा दी। हरवीरसिंह के आईएएस परीक्षा 2017 में 253वीं रैंक हासिल करने पर मदन मोहन केरापा, जयनारायण केरापा, जगदीश केरापा, मुकेश केरापा, नरेंद्र केरापा, गिंगोली सरपंच बंशीलाल मेघवाल, पूर्व सरपंच गोपाल गुर्जर, भंवरलाल बिजारणिया आदि ग्रामीणों ने खुशी जताई है। ग्रामीणों ने परिजनों को मिठाई खिलाई।