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गोचर भूमि पर हो रहे अतिक्रमण, सौंपा ज्ञापन

Pokran News - पोकरण (आंचलिक) | ग्राम पंचायत ऊं जला के ग्रामीणों ने बुधवार को एसडीएम रेणु सैनी को ज्ञापन सौंपकर कर ग्राम पंचायत ऊं...

Dainik Bhaskar

Mar 01, 2018, 05:55 AM IST
गोचर भूमि पर हो रहे अतिक्रमण, सौंपा ज्ञापन
पोकरण (आंचलिक) | ग्राम पंचायत ऊं जला के ग्रामीणों ने बुधवार को एसडीएम रेणु सैनी को ज्ञापन सौंपकर कर ग्राम पंचायत ऊं जला में गोचर भूमि हो रहे अतिक्रमण हटाने व सीमाज्ञान करवाने की मांग की। ग्रामीणों ने बताया कि ऊं जला गांव में 180 बीघा गोचर भूमि है जिसमें कुछ भूमि मदरसे व कब्रिस्तान के लिए आवंटित की गई है। ग्रामीणों ने बताया कि मदरसे के लोगों द्वारा आवंटित की गई भूमि से कई गुना अधिक गोचर भूमि पर अतिक्रमण कर मकान बना दिए गए है तथा मकान बनाकर आगे बेचान किया जा रहा है। ग्रामीणों ने बताया कि गोचर भूमि पर अतिक्रमण नहीं करने की बात करते है तो उनके द्वारा लड़ाई झगड़ा करने के लिए उतारू हो जाते है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव में सांप्रदायिक माहौल दिनों दिन खराब होता जा रहा है।

कोर्ट के आदेश के बाद भी नहीं हुई कार्रवाई : ऊंजला निवासी लखपत सिंह ने बताया कि ऊं जला ग्रामीणों द्वारा गत 16 नवंबर 2017 को कोर्ट में मदरसा महमूदिया तजवीदुल कुरआन संस्थान ऊं जला द्वारा किए गए अतिक्रमण को हटाने के लिए राजस्व अपील प्राधिकारी बाड़मेर में वाद पेश किया गया था। न्यायालय द्वारा स्टेट दिया गया। उन्होंने बताया कि न्यायालय के स्टे के बावजूद भी मदरसे के लोगों ने रातो रात पत्थर की पटिटयां खड़ी कर दी वहां पर इंटर लॉकिंग ईटें लगवा दी। उन्होंने बताया कि हमारे खेल भूमि के लिए आवंटित भूमि को श्मशान भूमि के लिए काम ले रहे है। उन्होंने बताया कि इस संबंध में मदरसे के लोगों से मना किया तो उनके द्वारा मरने व मारने के लिए ऊतारू हो जाते है। उन्होंने बताया कि ऊं जला के खेत खसर नंबर 39 रकबा 66.10 बीघा गैर मुमकिन गोचर में से 3 बीघा मदरसा महमूदिया तजवीदुल कुरआन संस्थान ऊं जला को ऊजला से पोकरण जाने वाली सड़क मार्ग के दाहिने तरफ संस्थान के अपने नाम आवंटन करवाया ह एवं मौके पर 3 बीघों से ज्यादा लगभग 10 से 15 बीघों पर शवों को दफनाकर अवैध कब्जा करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने बताया कि हमारे पूज्य देव भभूतासिद्ध का चौतड़ा मंदिर 200 वर्ष पूर्व बना हुआ था। उसे भी खुर्द-बुर्द करके उसके ऊपर इंटर लॉकिंग ईटें लगवा दी गई है। उन्होंने बताया कि इसी प्रकार खेत खसरा नंबर 57 रकबा 179.5 बीघा गैर मुमकिन गोचर में से 2 बीघा ऊं जला से पोकरण जाने वाली सड़क के बाई तरफ मदरसा अपने नाम नियमों को दर किनार करते हुए करवाया गया है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है जल्द से जल्द गोचर भूमि पर हुए अतिक्रमण को हटाने की मांग। इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई तो ग्रामीणों द्वारा आंदोलन करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।

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