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पांच साल पहले भणियाण उपखंड तो बन गया पर काम पोकरण से ही होते हैं

भास्कर संवाददाता | पोकरण (आंचलिक) भणियाणा स्थित तहसील को 2013 में उपखंड का दर्जा तो मिल गया। लेकिन पिछले पांच वर्षों...

Bhaskar News Network | Last Modified - Jul 01, 2018, 06:00 AM IST

पांच साल पहले भणियाण उपखंड तो बन गया पर काम पोकरण से ही होते हैं
भास्कर संवाददाता | पोकरण (आंचलिक)

भणियाणा स्थित तहसील को 2013 में उपखंड का दर्जा तो मिल गया। लेकिन पिछले पांच वर्षों से उपखंड मुख्यालय पर उपखंड अधिकारी की नियुक्ति नहीं की गई। इस कारण उपखंड क्षेत्र के 175 गांवों की ग्रामीण जनता को कोर्ट संबंधी कार्यों के लिए पोकरण जाना पड़ रहा है। फिर चाहे वह किसी प्रकार का प्रमाण पत्र हो या फिर किसी परिवादी की सुनवाई। इस तहसील को उपखंड स्तर पर क्रमोन्नत करने व अन्य कार्यों को सुचारू करने के लिए कई बार उपखंड मुख्यालय पर उपखंड अधिकारी की नियुक्ति की प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों व राज्य सरकार से मांग की जा चुकी है। लेकिन इस ओर किसी ने भी ध्यान नहीं दिया है। इसके चलते किसानों व आम ग्रामीणों को समस्याओं से दो-चार होना पड़ रहा है।

पोकरण (आंचलिक) उपखंड कार्यालय (फाईल फोटो )

उपखंड क्षेत्र पर एक नजर

उपखंड क्षेत्र के 175 गांवों में पोकरण उपखंड की 60 फीसदी ग्रामीण जनता निवास करती है। उपखंड के 24 पटवार मंडल, 26 ग्राम पंचायत इसी तहसील में आते हैं। बावजूद प्रशासनिक उपेक्षा के चलते ग्रामीणों को इस उपखण्ड का लाभ नहीं मिल पा रहा है। उपखंड होने के बावजूद सुविधाओं की कमी के चलते कार्यालय बदहाल स्थिति में है। उपखंड अधिकारी के साथ साथ कोई भी कोर्ट कर्मचारी उपखंड मुख्यालय पर नहीं बैठता है। कोर्ट संबंधी छोटे मोटे कार्यों को लेकर स्थानीय लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

करोड़ रुपए की लागत से बना भवन उपयोग नहीं

ग्रामीणों के साथ-साथ राजस्व अधिकारियों को सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए भणियाणा उपखंड में करोड़ों रुपए की लागत से बना राजस्व भवन का उपयोग नहीं किया जा रह है। वहीं पुरानी उप तहसील में तहसील कार्यालय संचालित किया जा रहा है। उप तहसील में पर्याप्त मात्रा में कमरे नहीं होने के कारण राजस्व अधिकारियों व कर्मचारियों को तकलीफों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधिकारियों द्वारा समय पर नवनिर्मित भवन सुपुर्द नहीं करने के कारण पुराने उप तहसील भवन में भी तहसील कार्यालय संचालित हो रहा है।

भणियाणा तहसील कार्यालय को वर्ष 2013 में उपखंड अधिकारी कार्यालय में पदोन्नत किया था। लेकिन आज द तक यहां पर उपखंड अधिकारी की नियुक्त नहीं हुई है, जिससे पर कोर्ट संबंधी कोई कार्मिक नहीं है। गुलाबसिंह चौहान, तहसीलदार

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