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नाचना के लिए रोडवेज बस नहीं, निजी बसों में लगता मनमाना किराया

भास्कर संवाददाता | पोकरण (आंचलिक) जिले के नाचना गांव को रोडवेज बस सेवा से जोड़ने के लिए गांव वासियों द्वारा कई बार...

Bhaskar News Network | Last Modified - Jul 06, 2018, 06:10 AM IST

भास्कर संवाददाता | पोकरण (आंचलिक)

जिले के नाचना गांव को रोडवेज बस सेवा से जोड़ने के लिए गांव वासियों द्वारा कई बार मांग की गई है। नहरी क्षेत्र का नाचना गांव जहां वर्तमान में एक भी रोडवेज की बस का संचालन नहीं हो रहा है गांव से अन्य स्थानों के लिए आवागमन करने के लिए निजी बसों का ही माध्यम है, जैसलमेर रोडवेज आगार होने के बावजूद नाचना के लिए एक भी बस का संचालन नहीं होना इस क्षेत्र के गांवों के लिए अन्याय पूर्ण व्यवहार साबित हो रहा है।

गौरतलब है कि लगभग 2 वर्ष पूर्व जोधपुर से नाचना के लिए रोडवेज बस का संचालन हो रहा था, वो सेवाएं भी बंद कर दी गई है। नाचना के आसपास कई गांव है जहां लोगों को जिला मुख्यालय आना जाना हो या फिर पोकरण, फलोदी, बीकानेर, जोधपुर के लिए आना-जाना हो निजी बसों में ही यात्रा करनी पड़ रही है। इन बसों में मनमाना किराया चुकाना या फिर भीड़भाड़ में यात्रा करना लोगों की मजबूरी बनी हुई है। जैसलमेर से नाचना के लिए जैसलमेर में दोपहर 12 बजे के पश्चात कोई बस सेवा नहीं है। इसी प्रकार नाचना से जैसलमेर के लिए दोपहर पश्चात 4 बजे के बाद किसी भी प्रकार की बस सेवा

नहीं होने पर लोगों को अधिक राशि देकर तथा लंबी दूरी तय करके वाया पोकरण होकर आना जाना पड़ता है। जिसे समय की बर्बादी के साथ साथ धन का भी अपव्यय हो रहा है। क्षेत्र वासियों ने मांग की है जैसलमेर से शाम 5 बजे के पश्चात नाचना के लिए रोडवेज बस सेवा प्रारंभ की जाए वहीं नाचना से जैसलमेर के लिए सुबह 12 बजे से पूर्व कोई बस सेवा नहीं है ऐसे में सुबह 6 बजे रोडवेज बस सेवा प्रारंभ कर दी जाए तो क्षेत्रवासियों को काफी राहत मिल पाएगी। ग्रामीणों को जिला मुख्यालय पर सरकारी कार्य के लिए जाने पर समय पर पहुंचकर वापस अपने घर आने में सुविधा हो सकेगी।

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