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मूर्तियां तोड़ने के विरोध में गांधी चौक से एसडीएम कार्यालय तक निकाला जुलूस

क्षेत्र के माड़वा गांव में 6 जुलाई को असामाजिक तत्वों द्वारा सालों पुरानी मूर्तियों को खंडित करने के मामले को लेकर...

Danik Bhaskar | Jul 14, 2018, 06:40 AM IST
क्षेत्र के माड़वा गांव में 6 जुलाई को असामाजिक तत्वों द्वारा सालों पुरानी मूर्तियों को खंडित करने के मामले को लेकर शुक्रवार को प्रशासन के खिलाफ जुलूस निकालकर एसडीएम कार्यालय पहुंचे, जहां ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार को ज्ञापन सौंपा। शुक्रवार की सुबह माडवा गांव के ग्रामीणों के साथ साथ स्थानीय लोग गांधी चौक में एकत्रित हुए तथा जुलूस निकाला। यह जुलूस गांधी चौक से होता हुआ सुभाष चौक, पंचायत समिति के आगे से होता हुआ जयनारायण व्यास चौराहा तथा एसडीएम कार्यालय पहुंचा। जहां स्थानीय लोगों ने उपखंड अधिकारी को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंप मूर्तियां तोड़ने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने की मांग की। इससे पूर्व समाज के लोगों की शिवपुरा कच्ची स्थित समाज के सभाभवन में बैठक आयोजित की गई। इस दौरान समाज के नखताराम, भाजयुमो के महामंत्री अभिमन्यु गर्ग, माडवा उपसरपंच जेठाराम ओड़, प्रेम ओड़, भाखरराम, चंपाराम, नरसिंह, सवाई, हरीश, रमेश ओड़, जगदीश, जोरावरसिंह, राजूराम, हेमाराम, निंबाराम सहित कई लोग शामिल थे।

तहसीलदार को सौंपा मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन रू ओड़ समाज के लोगों ने तहसीलदार रामसिंह को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंप माडवा गांव में मूर्तियां तोड़कर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग की। उन्होंने ज्ञापन में बताया कि माड़वा गांव के बेलदारों की ढाणी के पास ग्रामीणों के अराध्य पतु भोमिया व अलसी भोमिया की मूर्तियां लगी हुई है। यह मूर्तियां 70-80 वर्ष से लगी हुई है। 5 जुलाई को श्रद्धालु यहां पर पूजा करने आए तब मूर्तियां सही थी, लेकिन जब 6 जुलाई को जब सुबह आए तो यह मूर्तियां टूटी हुई मिली। 6 जुलाई को इस संबंध में नखताराम बेलदार ने पुलिस थाना पोकरण में मुकदमा दर्ज करवाया। लेकिन एक सप्ताह बीतने के बाद भी पुलिस खाली हाथ बैठी है तथा मूर्तियां तोड़ने वालों की पहचान कर गिरफ्तार नहीं किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि मूर्तियां तोड़ने वाले व्यक्ति यहां का सांप्रदायिक माहौल खराब करना चाहते हैं तथा हिंदू धर्म की आस्था को आघात पहुंचाना चाहते हैं। उन्होंने मांग की है कि मूर्तियां तोड़कर सांप्रदायिक सौहार्द तथा हिंदू धर्म की आस्था को ठेस पहुंचाने वाले असामाजिक तत्वों को आगामी सात दिनों में गिरफ्तार किया जाए। अन्यथा मजबूरन हिंदू समाज को उग्र प्रदर्शन किया जाएगा।

पोकरण. मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार को ज्ञापन सौंपते लोग।