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तहसीलदार पर प्रतिनिधिमंडल से अभद्रता का आरोप, निजी विद्यालय महासंघ ने जताया रोष

राजाखेड़ा | जाति प्रमाण पत्रों के बनाने में आ रही बाधा से आरटीई प्रवेश प्रक्रिया में आ रही समस्याओं से नाराज निजी...

Bhaskar News Network | Last Modified - Feb 21, 2018, 06:40 AM IST

राजाखेड़ा | जाति प्रमाण पत्रों के बनाने में आ रही बाधा से आरटीई प्रवेश प्रक्रिया में आ रही समस्याओं से नाराज निजी विद्यालय महासंघ के पदाधिकारी विनोद कटारिया के नेतृत्व में मंगलवार को राजाखेड़ा तहसीलदार देवीसिंह से मुलाकात कर बताया कि राजाखेड़ा तहसील क्षेत्र के निवासी छात्र-छात्राओं के जाति प्रमाण पत्र अविलंब बनाने की व्यवस्था कराने की मांग की। लेकिन इस दौरान दोनों ही पक्षों में बहस हो गई जिस पर तहसीलदार ने अल्टरनेट व्यवस्था करने से इंकार कर दिया। वहीं निजी विद्यालय महासंघ के सदस्यों ने तहसीलदार देवीसिंह पर अभद्र व्यवहार करने का आरोप लगाते हुए प्रकरण की शिकायत प्रधानमंत्री कार्यालय, मुख्यमंत्री कार्यालय एवं शिक्षा मंत्री राजस्थान सरकार को भेजकर तहसीलदार राजाखेड़ा के कार्य व्यवहार की जांच की मांग की है। संगठन अध्यक्ष विनोद, प्रवेश यादव, बृजेश, वैष्णव, राजबहादुर पचौरी, नारायण सिंह, रूप सिंह शैलेंद्र आदि ने बताया कि आरटीई प्रवेश पत्र 16 फरवरी से आरंभ हुई है और 7 मार्च प्रवेश की अंतिम तिथि है लेकिन राजाखेड़ा के दलित वंचित शोषित वर्ग के लोग 2 माह से तहसील के चक्कर काट रहे हैं जिससे उनके बच्चों के जाति प्रमाण पत्र बन सके लेकिन जाति प्रमाण पत्रों के नाम से यह प्रवेश प्रक्रिया में शामिल नहीं हो पाएंगे और गरीबों को सरकार के इस अधिनियम का कोई लाभ नहीं मिल पाएगा।

अभद्र व्यवहार नहीं किया है, आरोप पूर्णता बेबुनियाद है हां प्रमाण पत्रों की प्रक्रिया पूरी करने के लिए जरूर कहा गया था लेकिन बिना प्रक्रिया जाति प्रमाण पत्र कैसे बन सकते हैं। देवीसिंह, कार्यवाहक तहसीलदार राजाखेड़ा

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