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सेमिनार में बताया अंगदान का महत्व, लोगों को जागरूक किया

राजसमंद. बीएन गर्ल्स कॉलेज में अंगदान महादान कार्यशाला पर जानकारी देते हुए। राजसमंद | दैनिक भास्कर, हिंदुस्तान...

Danik Bhaskar | Sep 12, 2018, 05:55 AM IST
राजसमंद. बीएन गर्ल्स कॉलेज में अंगदान महादान कार्यशाला पर जानकारी देते हुए।

राजसमंद | दैनिक भास्कर, हिंदुस्तान जिंक और मोहन फाउंडेशन जयपुर सिटीजन फोरम नवजीवन समूह के अंगदान महादान अभियान के तहत मंगलवार को कांकरोली के बीएन गल्र्स कॉलेज में मंगलवार को अंगदान जागरूकता सेमिनार आयोजित किया गया। सेमिनार में लोगों को अंगदान के लिए जागरूक करने का संकल्प दिलाया। कार्यक्रम में ब्रेन डेथ सर्टिफिकेशन के साथ अंगदान प्रत्यारोपण की जानकारी दी गई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि बीएन गल्र्स कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. अर्पणा शर्मा थी। विशिष्ट अतिथि डॉ. मोहन फाउंडेशन जयपुर सिटीजन फोरम नवजीवन समूह की दिल्ली से आई पल्लवी कुमार ने कहा कि भारत में अंगदान करने वालों की संख्या सिर्फ 8 प्रतिशत है जबकि स्पेन में 34 प्रतिशत से अधिक लोग अंगदान करते है। भारत में इनकी संख्या कम हाेने का कारण इच्छा नहीं होना नहीं, बल्कि जागरूकता की कमी है। अंगदान को लेकर लोगों को जागरूक करने के साथ अस्पतालों में सुविधाएं बढ़ाने की जरूरत है। सेमिनार में विशिष्ट अतिथि जयपुर से आई डॉ. हिवानी शर्मा ने कहा कि दैनिक भास्कर और हिंदुस्तान जिंक अंगदान मुहिम को जन-जन तक पहुंचा रहा है। इस मुहिम को अंजाम तक पहुंचाने के लिए सरकार के साथ सरकारी व निजी संस्थानों को आगे आना होगा, तभी यह अभियान सार्थक होगा। भावना जगवानी ने कहा कि अब चालक ड्राइविंग लाइसेंस बनवाते वक्त अंगदान का विकल्प चुन अंगदान का ऐलान कर सकते है। हालांकि हैरानी की बात यह है कि अंगदान उनके परिजनों की अनुमति के बिना नहीं किया जा सकता है, जबकि अन्य देशों में ऐसा नहीं है। ऐसे में केंद्र सरकार को परिजनों की अनुमति की बाध्यता को खत्म कर देना चाहिए। सेमिनार में बताया गया कि देश में प्रतिवर्ष 90 हजार लोगों की ब्रेन डेड होने पर मौत होती है। इन मौतों की वजह सड़क हादसे है। बावजूद लोग अंगदान की पहल नहीं करते है। जबकि इन 90 हजार लोगों के अंगों से करीब 7 लाख लोगों को नया जीवन दिया जा सकता है। इस पहल में हम सभी को आगे बढ़कर सहयोग देना चाहिए। बीएन गल्र्स कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. अर्पणा शर्मा ने बताया कि अंगदान जागरूकता सेमिनार में अहम जानकारियां दी गई है। डॉ. शिखा सुराणा, बीएन गल्र्स कॉलेज के वाइस प्रिंसिपल डाॅ. इंद्र सिंह राठौड़, श्रीनाथ नर्सिंग काॅलेज के स्टूडेंट, कॉलेज छात्राएं सहित आदि लोग मौजूद रहे।

संबोधित करतीं मुख्य वक्ता।