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अवैध रूप से बाहर भेजने के संगठित अपराध पर लगाम लगे

करंट अफेयर्स पर 30 से कम उम्र के युवाओं की सोच ऋषभदेव पांडेय, 29 सहायक प्राध्यापक, जशपुर, छत्तीसगढ़ rishabhdeopandey@gmail.com...

Danik Bhaskar | Apr 06, 2018, 06:55 AM IST
करंट अफेयर्स पर 30 से कम उम्र के युवाओं की सोच

ऋषभदेव पांडेय, 29

सहायक प्राध्यापक, जशपुर, छत्तीसगढ़

rishabhdeopandey@gmail.com

इराक में बरामद हुए भारतीयों के शवों के अवशेष के मामले ने देश को झकझोर दिया है। केंद्रीय गृह राज्यमंत्री के बयान में चौकाने वाला तथ्य सामने आया कि ये सभी 39 लोग अवैध रूप से देश से बाहर गए थे। मृतकों के परिजनों के अनुसार अवैध रूप से विदेश गए ये लोग उन्हें पैसे भी भेजते थे और बीच-बीच में घर भी आते थे। इसके साथ लोगों को अवैध रूप से विदेश भेजने के संगठित अपराध के भी पुख्ता प्रमाण मिल रहे हैं। लंबे समय से कम समय में अधिक पैसे कमाने की लालसा रखने वाले युवकों को निशाना बनाकर उन्हें अवैध रूप से सीमा पर कराया जाता रहा है।

केरल, पंजाब, हरियाणा व पश्चिम बंगाल के युवक इसके सबसे ज्यादा शिकार बने हैं। युवकों के जल्द धनी बनने की इच्छा, परिजनों को उच्च जीवन शैली की लालसा, रोजगार न मिलना और सरकार का ढीला निगरानी तंत्र प्रमुख कारण है। कुछ जिम्मेदार लोग भी भारी रकम लेकर लोगों को विदेश भेजने व उन्हें वही असहाय छोड़ने में लिप्त पाए गए है। एक प्रसिद्ध गायक को ऐसे मामले में दोषी पाया जाना इसका प्रमाण है। दुर्भाग्यपूर्ण यह है कि पुलिस को दोष सिद्ध करने में 15 साल से ज्यादा लग गए व अभियुक्त को मिनटों में जमानत मिल गई। यह बेहद चिंताजनक है। सरकारों को इस दिशा में गम्भीरता पूर्वक विचार करते हुए ठोस कदम उठाने होंगे। सरकारी खुफिया तंत्र को मजबूत बनाए जाने की जरूरत है।

सीमा में मौजूद अवैध क्रासिंग पॉइंट्स को बंद करना होगा। राज्यों के स्तर पर स्थानीय पोलिस व जांच एजेंसियों को अधिक सतर्कता बरतनी होगी। अन्य देशों से समन्वय बनाते हुए यह तय करना होगा कि अवैध प्रवासियों को शीघ्र चिह्नित कर, हमारी सरकार को सूचित करते हुए उनके स्वदेश वापसी की व्यवस्था हो। ताकि वे किसी गैर कानूनी संगठन का हिस्सा न बन पाए और न ही उनका शिकार बने। सरकार को स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाने होंगे, कौशल विकास योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करना होगा, जिससे युवकों का विदेश जाने का आकर्षण कम हो।