• Home
  • Rajasthan News
  • Rani News
  • जलदाय में पूलिंग : प्रमुख सचिव करवा रहे टेंडरों की जांच, इंजीनियर बांट रहे अधिक दरों पर वर्क ऑर्डर
--Advertisement--

जलदाय में पूलिंग : प्रमुख सचिव करवा रहे टेंडरों की जांच, इंजीनियर बांट रहे अधिक दरों पर वर्क ऑर्डर

जलदाय विभाग में पाइपलाइन व पेयजल स्कीम के करोड़ों के काम पर निगरानी के लिए ‘सिस्टम’ होने के बावजूद ठेकेदार फर्म...

Danik Bhaskar | Mar 26, 2018, 06:50 PM IST
जलदाय विभाग में पाइपलाइन व पेयजल स्कीम के करोड़ों के काम पर निगरानी के लिए ‘सिस्टम’ होने के बावजूद ठेकेदार फर्म टेंडर पुलिंग कर धड़ल्ले से बीएसआर से भी ज्यादा रेट पर टेंडर ले रहे है।

टेंडर पुलिंग का ऑडियो वायरल होने के बाद प्रमुख सचिव ने जांच व ऑडिट के आदेश तो दे दिए, लेकिन जांच की रफ्तार धीमी है और टेंडरों की ऑडिट में 6 महीने लगेंगे। ऐसे में विभाग के इंजीनियर काम की इमरजेंसी बता कर बीएसआर रेट से भी ज्यादा पर वर्क ऑर्डर दे रहे है। विभाग को नॉर्थ डिविजन के 4 करोड़ 26 लाख रुपए के एक टेंडर में ही करीब 60 लाख रुपए ज्यादा चुकाने पड़ेंगे। टेंडर पुलिंग का ऑडियो वायरल होने के बावजूद चीफ इंजीनियर आईडी खान की नेगोशिएशन कमेटी ने शास्त्रीनगर क्षेत्र में पाइपलाइन बदलने का काम ढाई फीसदी ज्यादा रेट पर दे दिया।





जबकि एक्सईएन ने केवल बीएसआर रेट पर ही जस्टीफाई कर फाइल भिजवाई थी।





हालांकि इस तरह के काम विभाग में बीएसआर से 10 से 20 फीसदी कम रेट पर होते रहे है, लेकिन इस टेंडर में 5 में से 3 फर्मों ने अमानत राशि के डीडी ही नहीं डाले और एक फर्म ने यह काम ले लिया। विभाग ने डीडी वापस लेने वाली फर्मों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है। नेगोशिएशन कमेटी में चीफ इंजीनियर आईडी खान, वित्तीय सलाहकार अशोक पाठक व चीफ इंजीनियर के टीए देवराज सोलंकी है। सोलंकी पिछले 4 साल से यहीं है और दो साल पहले तबादले के बावजूद उदयपुर नहीं गए थे।

जल्दबाजी नहीं करे, ऑडिट हो रही है : प्रमुख सचिव

विभाग के प्रमुख सचिव रजत कुमार मिश्र का कहना है कि टेंडर पुलिंग की जांच संयुक्त सचिव कर रहे है औ इस दौरान हुए टेंडर की ऑडिट की जा रही है। जल्दबाजी नहीं करे। विभाग इन मामलों के गंभीरता से विस्तृत जांच करवाएगा। वहीं विभाग के वित्तीय सलाहकार अशोक पाठक ने बताया कि पहले के टेंडरों की जांच नहीं करवाई। इंजीनियरों के जस्टीफिकेशन के अनुसार नेगोशिएशन किया है।

यह सवाल मांगते है जवाब