Hindi News »Rajasthan »Rani» दवा बनाए छोटी कंपनी, बड़ी कंपनी मुनाफा ले 1000%, अब नहीं चलेगा

दवा बनाए छोटी कंपनी, बड़ी कंपनी मुनाफा ले 1000%, अब नहीं चलेगा

Bhaskar News Network | Last Modified - May 22, 2018, 06:25 AM IST

मार्केटिंग करने वाली कंपनियों पर भी दवाओं की गुणवत्ता की जिम्मेदारी

मंत्रालय को लेना है निर्णय

पवन कुमार| नई दिल्ली

दवा बनाए छोटी कंपनियां और बड़ी कंपनियां सिर्फ अपना नाम देकर उसे बाजार में बेचें और उस पर 300 से 1000 फीसदी तक मुनाफा कमाए और उसकी कोई जिम्मेदारी नहीं हो, अब यह नहीं चलेगा। देशी-विदेशी कोई भी दवा कंपनी हो सभी कंपनियां अब निगरानी के दायरे में रहेंगी। सेंट्रल ड्रग्स स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गेनाइजेशन (सीडीएससीओ) की एडवाइजरी काउंसिल ने इसके लिए ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक एक्ट में बदलाव पर मुहर लगा दी है। अब यह प्रस्ताव केन्द्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय को भेजा जाएगा। कानून मंत्रालय से राय लेने के बाद एक्ट में बदलाव किया जाएगा।

सीडीएससीओ ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट में बदलाव करके अब दवा बनाने वाली कंपनी के साथ-साथ दवा की क्वालिटी के लिए दवा की मार्केटिंग करने वाली कंपनी को भी जिम्मेदार ठहराया जाएगा। एक्ट में बदलाव के बाद दवा की क्वालिटी खराब होने अथवा नकली दवा होने पर दवा बनाने वाली कंपनी के साथ-साथ मार्केटिंग करने वाली कंपनी को भी जिम्मेदार ठहराया जाएगा। अभी तक ड्रग्स कॉस्मेटिक एक्ट के तहत सिर्फ दवा बनाने वाली कंपनियों को ही जिम्मेदार ठहराया जाता था और खराब दवा पर इन्हीं कंपनियों पर मुकदमा चलता था और सजा भी इन्हें ही मिलती थी। बड़ी-बड़ी कंपनियां यह कह कर बच जाती थी कि दवा किसी और कंपनी ने तैयार की है, इस दवा पर तो बस उनकी कंपनी का नाम है, इसलिए उनकी कोई जिम्मेदारी नहीं है।

दवा की क्वालिटी अच्छी होगी, मरीजों को मिलेगा फायदा

पेशेंट सेफ्टी एंड एक्सेस के संस्थापक बिजोन मिश्रा ने बताया कि देश में ढाई लाख करोड़ रुपए का दवा कारोबार है। देश में बनने वाली 60 फीसदी से ज्यादा दवाइयां ऐसी हैं, जो छोटी-छोटी कंपनियां बनातीं हैं। इन दवाओं को बड़ी कंपनियां अपना नाम लिख कर बेचती हैं। देश में तैयार होने वाली कुल दवाओं में से 10 फीसदी से ज्यादा दवा तैयार करने वाली एकुम ड्रग्स एंड फॉर्मास्यूटिकल लिमिटेड के संस्थापक डीसी जैन ने बताया कि वे देश में बड़ी-बड़ी दवा कंपनियों के लिए दवा तैयार करते हैं। बड़ी कंपनियां दवा का सही तरीके से भंडारण नहीं करती, जिसकी वजह से कई बार दवा खराब हो जाती है और इसकी सजा दवा तैयार करने वाली छोटी कंपनियों को भुगतना पड़ती है। बड़ी कंपनियां मुनाफा ज्यादा कमाती हैं और जिम्मेदारी कुछ भी नहीं लेती। सीडीएससीओ के इस निर्णय से दवा की क्वालिटी और अच्छी होगी और इसका लाभ आम मरीजों को मिलेगा।

दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए Rani News in Hindi सबसे पहले दैनिक भास्कर पर | Hindi Samachar अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें Hindi News App, या फिर 2G नेटवर्क के लिए हमारा Dainik Bhaskar Lite App.
Web Title: दवा बनाए छोटी कंपनी, बड़ी कंपनी मुनाफा ले 1000%, अब नहीं चलेगा
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

More From Rani

    Trending

    Live Hindi News

    0

    कुछ ख़बरें रच देती हैं इतिहास। ऐसी खबरों को सबसे पहले जानने के लिए
    Allow पर क्लिक करें।

    ×