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उदयपुर की नई सेंट्रल जेल पर 100 करोड़ खर्च होंगे, 2400 बंदी रखे जा सकेंगे

जयपुर| राजधानी जयपुर में नई सेंट्रल जेल निर्माण का मामला जगह तय नहीं होने की वजह से एक बार फिर अटक गया है। उदयपुर...

Bhaskar News Network | Last Modified - May 21, 2018, 06:40 AM IST

जयपुर| राजधानी जयपुर में नई सेंट्रल जेल निर्माण का मामला जगह तय नहीं होने की वजह से एक बार फिर अटक गया है। उदयपुर में 17 किमी दूर लकड़वास में तय की गई जमीन गृह विभाग ने नापसंद कर दी है। बताया गया है कि शहर से दूर होने से सामान्य मामलों के बंदियों तक को कोर्ट लाने-ले जाने में काफी समय और पैसा लग जाएगा। इसलिए, अब फतेहसागर रोड पर करीब 40 बीघा जमीन पर गृह विभाग की नजर है। यह शहर से ज्यादा दूर नहीं है। गृह विभाग के अधिकारियों का कहना है कि अजमेर की हाई सिक्योरिटी जेल और बीकानेर की अत्याधुनिक सेंट्रल जेल की तर्ज पर नई जेल बनेगी। अनुमानित सौ करोड़ रुपए की लागत आने का अनुमान है।







इसमें 2400 बंदी औसतन रखे जा सकेंगे।

गृह विभाग के अनुसार पिछली 11 मई को उदयपुर में गृह मंत्री के साथ विभाग और स्थानीय प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में यह निर्णय किया गया था। गृह विभाग का कहना है वर्तमान जेल शहर के बीचोंबीच है। यह बेशकीमती जमीन यूआईटी को सरेंडर की जाएगी। ऐसे में क्यों न शहर के आस-पास ही जमीन दी जाए। गौरतलब है कि वर्तमान जेल की 935 बंदियों को रखने की कैपेसिटी है, लेकिन 1200 बंदी औसतन यहां रखे जाते हैं। नई जेल में 2400 बंदी तक रखे जा सकेंगे।

पुरानी जेल की जमीन शिफ्टिंग के बाद यूआईटी को सौंप दी जाएगी।



बदले में यूआईटी गृह विभाग को निशुल्क जमीन उपलब्ध करवाएगी और निर्माण खर्च भी उठाएगी। पुरानी जेल की जमीन को यूआईटी बाद में बेच भी सकेगी। आबादी क्षेत्र से शिफ्ट होने वाली सभी जेलों के लिए सरकार की यही रणनीति रहेगी।

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Web Title: उदयपुर की नई सेंट्रल जेल पर 100 करोड़ खर्च होंगे, 2400 बंदी रखे जा सकेंगे
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