पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

Install App

शनिदेव को तेल के साथ चढ़ाएं नीले फूल और काले तिल

एक वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
  • सूर्यास्त से पहले शनि के 10 नाम वाले मंत्र का करें जाप

जीवन मंत्र डेस्क। आज सोमवार, 3 जून को शनि जयंती है और इस दिन शुभ फल पाने के लिए शनि की विशेष पूजा की जाती है और काफी लोग शनि मंदिर जाते हैं। कोलकाता की एस्ट्रोलॉजर डॉ. दीक्षा राठी के अनुसार जानिए 4 ऐसी चीजें जो शनिदेव को विशेष रूप से चढ़ानी चाहिए...

1) कौन-कौन सी चीजें चढ़ाएं शनि को

शमी के पत्ते- शनि को शमी के पत्ते विशेष प्रिय हैं। इसीलिए शनि जयंती पर ये पत्ते शनिदेव को जरूर चढ़ाएं।

नीले फूल- शनि को अपराजिता के फूल चढ़ाएं। ये फूल नीले होते हैं। शास्त्रों के अनुसार शनि नीले वस्त्र धारण किए रहते हैं और उन्हें नीला रंग प्रिय है। इसी वजह से शनि को ये फूल चढ़ाते हैं।

सरसों का तेल- शनि को तेल चढ़ाने की परंपरा बहुत पुराने समय से चली आ रही है और अधिकतर लोग शनिवार को तेल का दान भी करते हैं।

काले तिल- काले तिल का कारक शनि है। शनि को काली चीजें प्रिय हैं। इसी वजह से शनि की पूजा में काले तिल भी चढ़ाए जाते हैं। 

नारियल- नारियल के बिना किसी भी देवी-देवता की पूजा पूरी नहीं मानी जाती है। अगर आप शनि मंदिर जाते हैं तो शनि को नारियल अवश्य चढ़ाएं।

कोणस्थ पिंगलो बभ्रु: कृष्णो रौद्रोन्तको यम:।
सौरि: शनैश्चरो मंद: पिप्पलादेन संस्तुत:।।

इस मंत्र में शनि के 10 नाम बताए गए हैं। ये नाम हैं कोणस्थ, पिंगल, बभ्रु, कृष्ण, रौद्रान्तक, यम, सौरि, शनैश्चर, मंद और पिप्पलाद। इन दस नामों से शनिदेव का ध्यान किया जाता है, जिससे शनि दोष दूर हो जाते हैं। शनि की पूजा में इस मंत्र का जाप करें। मंत्र जाप कम से कम 108 बार करें।

0

आज का राशिफल

मेष
मेष|Aries

पॉजिटिव- धार्मिक संस्थाओं में सेवा संबंधी कार्यों में आपका महत्वपूर्ण योगदान रहेगा। कहीं से मन मुताबिक पेमेंट आने से राहत महसूस होगी। सामाजिक दायरा बढ़ेगा और कई प्रकार की गतिविधियों में आज व्यस्तता बनी...

और पढ़ें