• Hindi News
  • Jeevan mantra
  • Shivaratri 2020, chant the Shiva Parvati mantra on shivratri, mahashivratri 2020, shivratri 21 February 2020

पूजा / शिवरात्रि शुक्रवार को, घर की सुख-समृद्धि के लिए पूजा करते समय शिव-पार्वती मंत्र का जाप करें

Shivaratri 2020, chant the Shiva-Parvati mantra on shivratri, mahashivratri 2020, shivratri 21 February 2020
X
Shivaratri 2020, chant the Shiva-Parvati mantra on shivratri, mahashivratri 2020, shivratri 21 February 2020

शिवलिंग पर जल चढ़ाते समय ऊँ नम: शिवाय, ऊँ महेश्वराय नम:, ऊँ शंकराय नम: या ऊँ रुद्राय नम: मंत्र का जाप कर सकते हैं

दैनिक भास्कर

Feb 19, 2020, 03:39 PM IST

जीवन मंत्र डेस्क. शुक्रवार, 21 फरवरी को शिव-पार्वती की पूजा का महापर्व शिवरात्रि है। इस दिन शिव मंदिरों में भक्तों की भीड़ लगी रहती है। शिवरात्रि पर शिवलिंग दर्शन करने और शिवजी के मंत्रों जाप करने का विशेष महत्व है। उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. मनीष शर्मा के अनुसार शिवरात्रि घर की सुख-समृद्धि बनाए रखने के लिए शिव-पार्वती की पूजा एक साथ करनी चाहिए और इनके मंत्रों का जाप करना चाहिए।

पति-पत्नी एक साथ करें शिव-पार्वती की पूजा

पं. शर्मा के अनुसार शिवरात्रि पर पति-पत्नी को एक साथ शिवलिंग पूजा करनी चाहिए। पूजा में शिव-पार्वती मंत्र ऊँ उमा महेश्वराय नमः मंत्र का जाप करना चाहिए। इस तरह पूजा करने से वैवाहिक जीवन में प्रेम बना रहता है। घर में सुख-समृद्धि बनी रहती है।

अनजाना डर दूर करने के लिए करें महामृत्युंजय मंत्र का जाप

शिवरात्रि में शिव पूजा करते समय में अपनी मनोकामना के अनुसार मंत्र जाप करना चाहिए। पं. शर्मा के अनुसार अगर किसी व्यक्ति को अनजाना भय और चिंता सता रही है तो उसे महामृत्युंजय मंत्र का जाप करना चाहिए।

महामृत्युंजय मंत्र- ऊँ त्र्यम्‍बकं यजामहे सुगन्धिंपुष्टिवर्धनम् उर्वारुकमिव बन्‍धनान् मृत्‍योर्मुक्षीय मामृतात्।

जल चढ़ाते समय कर सकते हैं इन मंत्रों का जाप

जो लोग शिवरात्रि पर सामान्य पूजा करना चाहते हैं, उन्हें ऊँ नम: शिवाय मंत्र जाप करते हुए शिवलिंग पर जल चढ़ाना चाहिए। जल चढ़ाते समय ऊँ नम: शिवाय, ऊँ महेश्वराय नम:, ऊँ शंकराय नम:, ऊँ रुद्राय नम: इन मंत्रों का जाप भी कर सकते हैं।

ध्यान करते समय शिव-गायत्री मंत्र का जाप करें

जो भक्त शिव पूजा के साथ ही ध्यान करना चाहते हैं, उन्हें शिव गायत्री मंत्र का जाप करना चाहिए। ये है शिव गायत्री मंत्र- ऊँ तत्पुरुषाय विदमहे, महादेवाय धीमहि तन्नो रुद्र: प्रचोदयात्। इस मंत्र के जाप से मन शांत होता है और विचारों की नकारात्मकता दूर होती है।

शिवजी की सरल पूजा कैसे कर सकते हैं

शिवरात्रि पर सुबह जल्दी उठें और स्नान के बाद किसी शिव मंदिर जाएं। मंदिर में शिवलिंग पर जल चढ़ाएं। जल चढ़ाते समय ऊँ नम: शिवाय, ऊँ महेश्वराय नम:, ऊँ शंकराय नम:, ऊँ रुद्राय नम: आदि मंत्रों का जाप कर सकते हैं। चंदन, फूल, प्रसाद चढ़ाएं। धूप और दीप जलाएं। शिवजी को बिल्वपत्र, धतूरा, चावल अर्पित करें। भगवान को प्रसाद के रूप में फल या दूध से बनी मिठाई अर्पित करें। पूजन के बाद धूप, दीप, कर्पूर से आरती करें। शिवजी का ध्यान करते हुए आधी परिक्रमा करें। भक्तों को प्रसाद वितरित करें। ये पूजा की सामान्य विधि है। इस विधि से ब्राह्मण की मदद के बिना भी शिव पूजा कर सकते हैं।

आज का राशिफल

पाएं अपना तीनों तरह का राशिफल, रोजाना