थाईलैंड की गुफा से बचाए गए 12 बच्चों ने अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद पहली बार फुटबॉल खेली

'वाइल्ड बोर' क्लब के इन खिलाड़ियों को अस्पताल ने निर्धारित दिन से एक दिन छुट्टी दे दी

DainikBhaskar.com| Last Modified - Jul 18, 2018, 07:39 PM IST

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  • फुटबॉल टीम 23 जून को गुफा देखने गई थी, लेकिन पानी बढ़ने की वजह से वहां फंस गई
  • 90 गोताखोर बचाव अभियान में शामिल थे, 10 जुलाई को सभी सदस्यों को बचाया गया

चिआंग राई (थाईलैंड). थाईलैंड की थाम लुआंग गुफा से बचाए गए जूनियर फुटबॉल टीम के सभी सदस्यों को बुधवार को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई। अस्पताल के मुताबिक, बच्चों का वजन बचाव अभियान के बाद से 3 किलो तक बढ़ गया है। टीम के सदस्यों के साथ कोच इकापोल चांटावांग ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने कहा कि मुश्किल हालात में जिंदा रहने के लिए टीम ने गुफा की चट्टानों से टपकने वाला पानी भी पिया था। 14 वर्षीय सदस्य अदुल साम-ओन ने गुफा से बचाए जाने पर कहा- ये चमत्कार था। सभी सदस्यों ने फुटबॉल खेली। बचाव अभियान के दौरान जान गंवाने वाले गोताखोर समन कुनन को याद किया। 

 

 

बच्चों की मानसिक स्थिति का ध्यान रखा गया: इकापोल ने कहा, "हमने गुफा से निकलने की कोशिश की थी, लेकिन हम नहीं निकल पाए। हम सिर्फ अधिकारियों के भरोसे नहीं रह सकते थे।" अस्पताल से निकलने पर बच्चों को डॉक्टर, रिश्तेदारों और दोस्तों ने पीले रंग की पारंपरिक पोशाक देकर बधाई दी। अस्पताल ने बताया कि बचाए जाने के बाद से अब तक टीम के सदस्यों का औसत वजन 3 किलो तक बढ़ गया है। उनका आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए भी खास प्रोग्राम चलाया गया। न्याय मंत्रालय के अधिकारी टैवातचाई थाईक्यू ने मीडिया से बच्चों की निजता का ध्यान रखने को कहा था। उन्हें डर था कि ज्यादा अटेंशन से बच्चों की मानसिक स्थिति पर असर पड़ सकता है। थाईक्यू ने कहा- हम नहीं जानते कि बच्चे अपने दिल पर किस तरह के जख्म लेकर जा रहे हैं। 

 

ब्रिलियंट 13 मिला था नाम : बच्चों के लिए फाइनल रेस्क्यू ऑपरेशन 8 जुलाई को शुरू किया गया था, जो 10 जुलाई को खत्म हुआ। 23 जून को गुफा देखने गई टीम बाढ़ की वजह से फंस गई थी। 9 दिन बाद 2 ब्रिटिश गोताखोरों ने गुफा में फंसे बच्चों को सबसे पहले खोजा था। मुश्किल हालात में भी इतने दिन तक संघर्ष करने वाले टीम के सदस्यों को ब्रिलियंट 13 का नाम दिया गया।

 

गुफा से निकलने वाले बच्चे: टाइटन (11), पनुमास सांगदी (13), दुगनपेच प्रोमटेप (13), सोमेपोंग जाइवोंग (13), मोंगकोल बूनेइआम (13), नात्तावुत ताकमरोंग (14), प्राजक सुथम (14), एकरात वोंगसुकचन (14), अब्दुल समुन (14), पिपत बोधी (15), पोर्नचई कमुलांग (16), पीरापत सोमपिआंगजई (17) और कोच इकापोल चांटावांग (25)।

12 Thailand children  got leave from hospital
बच्चों ने रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान जान गंवाने वाले गोताखोर समन कुनन को याद किया।
12 Thailand children  got leave from hospital
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान लोगों का अभिवादन करते बच्चे।
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