कोहली ने नीतिगत फैसलों में अपने प्रभाव का इस्तेमाल नहीं किया, शिकायत भी नहीं मिली: विनोद राय

आम सहमति के बाद ही विराट कोहली को काउंटी खेलने की अनुमति दी गई: विनोद राय

DainikBhaskar.com| Last Modified - May 22, 2018, 12:34 PM IST

1 of
vinod roy said virat kohli never influence any  policy decisions
विनोद राय ने कहा- व्यक्तिगत स्तर पर विराट का मेरे साथ व्यवहार बिल्कुल उचित रहा है। - फाइल

  • विनोद राय ने मुख्य चयनकर्ता एमएसके प्रसाद की भी तारीफ की
  • कहा- एमएसके ने फोन बंद करके टीम चुनी थी

 

नई दिल्ली.   बीसीसीआई प्रशासनिक समिति के प्रमुख विनोद राय ने कहा है कि पिछले कुछ साल में भारतीय क्रिकेट में विराट कोहली का कद जरूर बढ़ा है, लेकिन उन्होंने नीतिगत फैसलों में अपने प्रभाव का कभी इस्तेमाल नहीं किया। 

 

किसी ने विराट के खिलाफ कुछ नहीं कहा: विनोद राय

- राय ने कहा, " मैं यह साफ करना चाहता हूं कि आज तक कोई मेरे पास नहीं आया और कहा कि विराट अपने प्रभाव का इस्तेमाल करता है। व्यक्तिगत स्तर पर विराट का मेरे साथ व्यवहार बिल्कुल उचित रहा है। विराट ने मुझ पर किसी भी चीज के लिए कभी दबाव नहीं बनाया। न ही टीम प्रबंधन और न ही चयनकर्ताओं से कभी विराट के बारे में कोई शिकायत मिली।"
- जब अनिल कुंबले ने टीम के हेड कोच पद से इस्तीफा दिया था, तब इस तरह की अटकलें थीं कि कोहली नीतिगत फैसलों में बतौर कप्तान अपने प्रभाव का इस्तेमाल करते हैं। यह भी कहा गया था कि कोहली के दबाव के कारण ही कुंबले पद छोड़ने का फैसला लेने के लिए मजबूर हुए।

 

एमएसके ने फोन बंद करके टीम चुनी: सीओए
- मुख्य चयनकर्ता एमएसके प्रसाद पर क्या कोई दबाव है, इस पर विनोद राय ने कहा, "मैं एमएसके की बड़ी इज्जत करता हूं। मुझे एक विशेष घटना के बारे में पता है जब एमएसके पर थोड़ा दबाव था। यह जनवरी का मामला है। मुझे बताया गया कि एमएसके ने अपना फोन बंद कर दिया और टीम का चयन योग्यता के आधार पर किया।"

 

कोहली के काउंटी खेलने पर सबकी सहमति
- विराट कोहली अफगानिस्तान के खिलाफ जून में एक टेस्ट खेलने की बजाय इंग्लैंड के सरे में काउंटी क्रिकेट खेलेंगे। इस पर विनोद राय ने कहा कि दक्षिण अफ्रीका में हमने टेस्ट श्रृंखला 1-2 खो दी थी। वहां हमारे पास तैयारियों के लिए समय नहीं था। हार की बहुत आलोचना की गई थी। यही वजह है कि सभी की सहमति के बाद विराट को सरे में भेजने का फैसला लिया गया।

- बता दें कि भारतीय टीम जुलाई-अगस्त में इंग्लैंड दौरे पर रहेगी। वहां भारत को तीन टी20, तीन वनडे और पांच टेस्ट खेलने हैं। अगला वर्ल्ड कप भी इंग्लैंड में ही है।

 

खिलाड़ियों की सहमति के बाद ही गुलाबी गेंद से क्रिकेट होगा
- गुलाबी गेंद से टेस्ट नहीं खेलने को लेकर राय ने कहा कि यह फैसला खिलाड़ियों से पूछने के बाद ही लिया गया है। 
- उन्होंने कहा, "हमारा ध्यान सिर्फ खेलने पर नहीं बल्कि मैच जीतने पर भी है। 50 साल पहले टीम ड्रॉ के लिए खेलती थी। लेकिन अब ऐसा नहीं है। हमारे पास एक शानदार टीम है और सभी इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट सीरीज के साथ-साथ इंग्लैंड में 2019 विश्वकप जीतने पर ध्यान लगा रहे हैं।"

- ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट सीरीज नवंबर में होगी। इंग्लैंड में वर्ल्ड कप अगले साल मई-जून में होगा।

 

टीम का ध्यान विश्वकप जीतने पर है: शास्त्री

- राय ने कहा कि कोच रवि शास्त्री ने गुलाबी गेंद को लेकर कप्तान विराट कोहली और उप-कप्तान रोहित शर्मा सहित टीम के अन्य खिलाड़ियों का फीडबैक दिया है। 12 अप्रैल को एक कार्यक्रम में रवि से मुलाकात हुई थी। जहां शास्त्री ने कहा था कि टीम का ध्यान विश्वकप 2019 पर है। खिलाड़ी गुलाबी गेंद से प्रैक्टिस के लिए तैयार नहीं है। 

vinod roy said virat kohli never influence any  policy decisions
विराट कोहली अगले महीने काउंटी खेलने इंग्लैंड जाएंगे।-फाइल
prev
next
Topics:
दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए News in Hindi, Breaking News सबसे पहले दैनिक भास्कर पर |

Trending Now