पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

IPL-13 में चेजिंग आसान क्यों?:सचिन बोले- ड्यू फैक्टर की वजह से बॉल को ग्रिप करने में होती है दिक्कत, बैट्समैन को फायदा

10 महीने पहले
सचिन ने कहा है कि दूसरे लेग में बैटिंग करने वाली टीमें जीतने में ज्यादा सफल हुई। फाइल

सचिन तेंदुलकर ने आईपीएल के दूसरे लेग में चेज करने वाली टीमों के जीत का राज बताते हुए कहा है कि बाद में बैटिंग करने वाली टीमों को मौसम का साथ मिला। क्योंकि ड्यू फैक्टर की वजह से बॉल को ग्रिप करने में दिक्कत होती है और बैट्समैन को फायदा होता है। जिसकी वजह से वह जीतने में सफल हुए हैं। सचिन ने ट्विटर पर अपना वीडियो शेयर किया है। उन्होंने कहा कि टूर्नामेंट के पहले और दूसरे लेग में तापमान में 4-5 डिग्री की गिरावट आई। जिसकी वजह से दूसरे लेग में बैटिंग करने वाली टीमों को फायदा हुआ।

टूर्नामेंट के पहले हाफ में पहले बैटिंग करने वाली टीम को हुई फायदा

उन्होंने कहा कि टूर्नामेंट के पहले हाफ में गर्मी ज्यादा होती थी। जिसकी वजह से पहले बैटिंग करने वाली टीमें फायदे में रहती थी, वह ज्यादा रन बनाने में सफल होती थी। जबकि दूसरे लेग में पहले फिल्डिंग करने वाली टीम को फायदा मिला। गेंदबाजों को पिच से मदद मिली। जिसकी वजह से पहले बैटिंग करने वाली टीमें कम स्कोर कर पाई। वहीं बाद में बॉलिंग करने पर गेंदबाजों को परेशानी हुई। क्योंकि चार ओवर के बाद ओस के कारण गेंदबाजों को ग्रिप नहीं मिल पाई। यही वजह है कि बाद में बैटिंग करने वाले टीम में फायदे में रही और उन्हें जीत मिली।

दूसरे लेग में बाद के 20 मैचों में बैटिंग करने वाली टीम को मिली जीत

लीग के पहले लेग के 28 मैचों में से 20 मैचों में पहले बैटिंग करने वाली टीमें जीतने में सफल हुई। जबकि 1 मैच का फैसला सुपर ओवर में हुआ। वहीं सात मैचों में बाद में बैटिंग करने वाली टीमें जीती। जबकि टूर्नामेंट के दूसरे लेग में बाद में बैटिंग करने वाली ज्यादा टीमें जीती। दूसरे लेग के खेले 28 मैचों में से 20 मैच में बाद में बैटिंग करने वाली टीम जीतने में सफल हुई। जबकि 6 मैचों में पहले बैटिंग करने वाली टीमें जीतने में सफल रहीं। वहीं 2 मैचों का फैसला सुपर ओवर में हुआ।

कुल मैचपहले बैटिंग (जीत)बाद में बैटिंग (जीत)सुपर ओवर में
पहला लेग282071
पहला लेग286202
खबरें और भी हैं...