PBKS के हार के दोषी मयंक अग्रवाल:ओपनिंग के बाद मिडिल ऑर्डर में भी फेल, दूसरी बॉल पर बगैर खाता खोले बोल्ड हुए

मुंबई7 महीने पहले

पंजाब किंग्स और दिल्ली कैपिटल्स के बीच खेले गए IPL 15 के 64वें मुकाबले में पंजाब की हार के लिए कप्तान मयंक अग्रवाल को जिम्मेदार ठहराया जा सकता है। PBKS की टीम DC के खिलाफ 160 रनों का टारगेट हासिल नहीं कर सकी और 17 रनों से मुकाबला गंवा बैठी। पंजाब के कप्तान मयंक का प्रदर्शन अब तक पूरे सीजन निराशाजनक रहा था।

ऐसे में उम्मीद थी कि टीम को प्लेऑफ की दौड़ में मजबूती से बनाए रखने के लिए DC के खिलाफ वह दमदार प्रदर्शन करेंगे। मयंक ने फिर एक बार उम्मीदें तोड़ते हुए बगैर खाता खोले अपना विकेट गंवा दिया। आगे बढ़ने से पहले इस पोल में हिस्सा जरूर लें।

स्पिनर के सामने गलत शॉट का सिलेक्शन
आमतौर पर मयंक अग्रवाल स्पिन को बेहतर खेलते हैं। इंसाइड आउट शॉट के जरिए काफी रन भी बटोरते हैं। इस सीजन लगातार रन के लिए तरस रहे मयंक दिल्ली के खिलाफ स्पिनर अक्षर पटेल की गेंद नहीं समझ सके और बोल्ड हो गए। अक्षर की गेंद अंदर की तरफ आ रही थी। मयंक ने उस बॉल को ऑफ साइड की तरफ खेलना चाहा, जबकि ऐसा करने के लिए अक्षर ने बिल्कुल रूम नहीं दिया था।

गेंद स्लाइड करते हुए बैट और पैड के बीच से मिडल स्टंप पर जा लगी। यह अक्षर पटेल के IPL करियर का 100वां विकेट था। मयंक के गलत शॉट सिलेक्शन के कारण उनके बैट और पैड के बीच में लंबा गैप बन गया, जिसका फायदा अक्षर को मिला। पेसर्स के सामने जूझ रहे मयंक स्पिनर के सामने भी नहीं टिक सके।

फास्ट बॉलर्स के सामने फ्लॉप, फिर स्पिनर के सामने भी फेल
मयंक अग्रवाल टॉप ऑर्डर में बैटिंग नहीं कर पा रहे थे। नई गेंद के सामने तेज गेंदबाज उन्हें ऑफ स्टंप की लाइन में बॉल कर रहे थे। इस दौरान मयंक के बल्ले का बाहरी किनारा लग रहा था। अंदर आती हुई गेंदों पर भी वह LBW के कैंडिडेट बन रहे थे।

ऐसे में टीम मैनेजमेंट ने तय किया कि उन्हें बल्लेबाजी में चौथे नंबर पर भेजा जाए। इसके पीछे सोच थी कि शुरुआती ओवर बीतने के बाद गेंदबाज को पिच से उतनी ज्यादा मदद नहीं मिलेगी और सीम-स्विंग भी कम प्राप्त होगा। यह स्थिति मयंक को सूट करेगी। हालांकि, बैटिंग ऑर्डर में बदलाव का कोई असर मयंक के खेल में नहीं नजर आया। वह पहले की ही तरह टीम के लिए योगदान नहीं दे सके।