विराट के करियर का सबसे बुरा दौर:10 साल में पहली बार IPL में सबसे खराब औसत, अब रन नहीं डक मशीन

मुंबई5 महीने पहलेलेखक: कुमार ऋत्विज

विराट का औसत पिछले 10 सालों में IPL में पहली बार 20 के नीचे गया है। उनका बल्ला है कि बोलने का नाम ही नहीं ले रहा। फैंस के चहेते किंग कोहली इस सीजन सिर्फ 19.6 की एवरेज से खेल रहे हैं। सनराइजर्स हैदराबाद और रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के बीच खेला गया मुकाबला पहली गेंद पर विराट के बड़े विकेट के साथ शुरू हुआ।

स्पिनर जे सुचित की गेंद पर कोहली बगैर खाता खोले आउट हो गए। सीजन में तीसरी बार ऐसा हुआ, जब विराट बगैर कोई रन बनाए पवेलियन की ओर चलते बने। इसी के साथ करोड़ों फैंस का दिल टूट गया। कई घर में टीवी बंद हो गए और लोग गम भुलाने की खातिर दुनियादारी में उलझ गए।

जिस विराट कोहली के नाम से एक वक्त दुनिया के तमाम गेंदबाज सिहर उठते थे, आज वह अपने करियर के सबसे खराब दौर से गुजर रहे हैं। IPL 15 में वह 3 बार गोल्डन डक का शिकार हो चुके हैं, यानी कि पहली ही गेंद पर आउट हो गए हैं। 3 साल बीत चुके लेकिन विराट के बल्ले से शतक नहीं निकला। ऐसा नहीं है कि इससे विराट की आक्रामकता कोई कम हुई है। CSK के खिलाफ हुए मुकाबले में जब धोनी का विकेट गिरा, तो कोहली का एग्रेसिव रिएक्शन सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हुआ।

विराट के शॉट्स में पहले जैसा कॉन्फिडेंस नहीं
विराट के शॉट में पहले की तरह कॉन्फिडेंस नजर नहीं आता। कभी उनके बल्ले से निकला फ्लिक शॉट चौके की गारंटी होता था, अब वह आसान से कैच में तब्दील हो जाता है। आज भी विराट साथी खिलाड़ियों के साथ मिलकर उसी अंदाज में जश्न मनाते हैं, जैसे पहले किया करते थे। जब दिनेश कार्तिक किसी मुकाबले को फिनिश करते हैं, तो विराट उसका पूरा लुत्फ उठाते हैं। बल्लेबाजी में वह जज्बा कहां गायब हो जाता है, यह फैंस को समझ नहीं आ रहा। अब तो ऐसा लगता है कि दुनिया का कोई भी गेंदबाज विराट के सामने आएगा तो निश्चित ही उनका विकेट लेकर जाएगा।

बैटिंग कोच बांगर हालात संभालने में जुटे
इंडियन टीम के बैटिंग कोच के रूप में अपनी सेवा दे चुके संजय बांगर सिचुएशन को हैंडल करने का प्रयास कर रहे हैं। विराट जब पहली गेंद पर आउट होकर पवेलियन लौटे तो किसी ने कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। थोड़ी देर बाद नजर आया कि RCB के बैटिंग कोच संजय विराट के साथ माहौल को हल्का करने का प्रयास कर रहे हैं। दोनों साथ मिलकर मुस्कुरा रहे थे, ताकि विराट पर इस नाकामी का अधिक मानसिक दबाव ना पड़े।

बांगर जानते हैं कि किंग कोहली आज भी टीम के सबसे बड़े मैच विनर हैं और अगर RCB को अपनी पहली IPL ट्रॉफी जीतनी है, तो विराट का बड़ा स्कोर करना हर हाल में जरूरी होगा। दुनिया जानती है कि विराट में टेलेंट की कोई कमी नहीं है। समस्या प्रतिभा को मुकाबले के दौरान इस्तेमाल करने में आ रही है। बेंगलुरु का कोचिंग स्टाफ जितनी जल्दी विराट की समस्या पर काम करेगा, टीम को आगे के मुकाबलों में उतना ज्यादा लाभ मिलेगा।

सनराइजर्स के सामने दोनों मुकाबलों में पहली बार 0 पर आउट हुए कोहली
इसके पहले भी विराट सनराइजर्स के खिलाफ ही बिना खाता खोले पवेलियन लौट गए थे। लखनऊ सुपर जायंट्स के सामने भी विराट के बल्ले से कोई रन नहीं निकल सका था। सीजन में SRH के सामने लगातार दूसरी बार 0 पर आउट होने के बाद विराट काफी निराश नजर आए। प्रैक्टिस सेशन में पसीना बहाने वाले विराट मैच में अजीबोगरीब शॉट खेलकर विकेट गंवा रहे हैं।

अनुज रावत की खराब फॉर्म को देखते हुए RCB ने कोहली से ओपनिंग कराने का फैसला लिया था, लेकिन अब तक वह निर्णय टीम के हित में नहीं गया है। SRH के खिलाफ मैच की पहली ही गेंद पर विराट कोहली गोल्डन डक पर आउट हो गए। जे सुचित ने उन्हें पैरों पर फुलर लेंथ की गेंद डाली, जिसे विराट फ्लिक करने गए और गेंद सीधे विलियमसन के हाथों में चली गई।

गुजरात के खिलाफ जड़ा था अर्धशतक, टीम हार गई थी मैच
विराट कोहली का खराब फॉर्म लगातार जारी है। हालांकि, उन्होंने इस सीजन गुजराट टाइटंस के खिलाफ 1 अर्धशतक जरूर लगाया, लेकिन उस दौरान भी वह लय में नजर नहीं आए। 53 गेंदों पर 58 रनों की पारी के बाद लगा था कि विराट शायद फॉर्म में लौट सकते हैं, लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं हुआ।

विराट ने जब टीम की कप्तानी छोड़ी थी, तब लगा था कि कोहली इस सीजन बल्ले से कहर बरपा देंगे। कप्तानी के दबाव से मुक्त होकर वह अपना स्वाभाविक खेल खेलेंगे और गेंदबाजों पर हावी रहेंगे। इसका ठीक उल्टा देखने को मिल रहा है।

इंटरनेशनल क्रिकेट में भी बड़ी पारी के लिए तरसे विराट
टीम इंडिया के लिए विराट का आखिरी शतक 23 नवंबर 2019 को बांग्लादेश के खिलाफ आया था। इसके बाद वह एक भी शतक नहीं लगा सके हैं। एक वक्त जिस बल्लेबाज से 100 इंटरनेशल शतक की उम्मीद की जा रही थी, उसका 71वां शतक तो अब मानो फैंस के लिए सपना सरीखा हो गया है। करोड़ों फैंस की दुआ भी अभी तक विराट को खराब फॉर्म से छुटकारा नहीं दिला पा रही है।

RCB लगातार विराट पर भरोसा बनाए हुए है, लेकिन डर है कि यही विश्वास कहीं टीम को टूर्नामेंट से बाहर का रास्ता न दिखा दे। जिस तरह अनुज रावत के खराब प्रदर्शन के बाद उन्हें टीम से ड्रॉप किया गया, वैसा ही विराट के साथ भी निकट भविष्य में हो सकता है।