• Hindi News
  • Sports
  • Cricket
  • India vs New Zealand Reserve Day Match Rules, Reserve Day Semi Final and Final Rules: What is, How Does Work

वर्ल्ड कप / अगर आज भी पूरा नहीं हुआ भारत-न्यूजीलैंड का मैच, तो इस तरह होगा फाइनल खेलने वाली टीम का फैसला



ओल्ड ट्रैफर्ड, मैनचेस्टर। ओल्ड ट्रैफर्ड, मैनचेस्टर।
X
ओल्ड ट्रैफर्ड, मैनचेस्टर।ओल्ड ट्रैफर्ड, मैनचेस्टर।

  • रिजर्व-डे पर पूरा होगा भारत-न्यूजीलैंड के बीच सेमीफाइनल मैच
  • मंगलवार को न्यूजीलैंड ने 5 विकेट पर 211 रन बनाए थे

Dainik Bhaskar

Jul 12, 2019, 10:30 AM IST

खेल डेस्क. वर्ल्ड कप में भारत और न्यूजीलैंड के बीच पहला सेमीफाइनल मैच मंगलवार (9 जुलाई) को अपने निर्धारित दिन पूरा नहीं हो सका। बारिश की वजह से सिर्फ 46.1 ओवर का मैच ही हो सका था, जिसके बाद अब उसे रिजर्व-डे यानी आज (10 जुलाई) पूरा किया जाएगा। आईसीसी के नियमों के मुताबिक आज भी चार घंटे से ज्यादा बारिश होने पर डकवर्थ लुइस नियम के तहत भारत को रिवाइज्ड टारगेट मिलेगा। अगर इतना भी नहीं हो पाता है तो भारत बिना खेले फाइनल में पहुंच जाएगा, क्योंकि अंक तालिका में उसके अंक न्यूजीलैंड से ज्यादा थे।

 

ईसीसी ने दोनों सेमीफाइनल मुकाबलों और फाइनल मैच के लिए रिजर्व-डे (अतिरिक्त दिन) रखा था। ताकि पहले दिन मैच पूरा नहीं हो पाने पर उसे अगले दिन यानी रिजर्व-डे पर पूरा किया जा सके। इस खबर में हम आपको बता रहे हैं कि अगर रिजर्व डे पर भी मैच ना हो या मैच टाई हो जाने पर रिजल्ट कैसे निकलेगा।

 

रिजर्व-डे पर कब शिफ्ट होता है मैच?

सेमीफाइनल या फाइनल में बारिश होने पर या किसी अन्य कारण से जब मैच को रोका जाता है तो मैच ऑफिशियल्स की पहली कोशिश उसे उसी दिन पूरा कराने की होती है और इसके लिए वे कोशिश भी करते हैं। नियमों के मुताबिक ऐसा करने के लिए दोनों टीमों के ओवर्स घटाए जाते हैं, साथ ही डकवर्थ लुईस तरीके से भी टारगेट को पुनर्निधारित किया जा सकता है। इस दौरान रिजल्ट तक पहुंचने के लिए दोनों टीमों का कम से कम 20-20 ओवर खेलना जरूरी होता है। इसके अलावा जरूरत पड़ने पर मैच के समय में 2 घंटे और भी जोड़े जा सकते हैं। लेकिन इनमें से कुछ भी तरीका काम ना करने पर मैच को रिजर्व-डे पर शिफ्ट कर दिया जाता है।

 

रिजर्व-डे पर किस तरह होगा मैच?

रिजर्व-डे के दिन भी मैच पहले दिन की तरह तय वक्त पर शुरू होता है। खास बात ये है कि अगले दिन मैच को नए सिरे से नहीं खेला जाता, बल्कि वो वहीं से शुरू होता है, जहां उसे पिछले दिन रोका गया था। इस मामले में इसे बिल्कुल टेस्ट मैच की तरह खेला जाता है। अगर पहले दिन एक भी बॉल नहीं फेंकी गई थी, तो रिजर्व दिन पूरे 50-50 ओवर का मैच खेला जाता है। हालांकि ये तभी होता है जब अगले दिन की स्थितियां पूरी तरह मैच के अनुकूल हों। ऐसा नहीं होने पर दोनों टीमों के ओवर कम कर दिए जाते हैं और डकवर्थ लुईस नियम की मदद भी ली जाती है। इस दिन भी रिजल्ट के लिए दोनों टीमों के कम से कम 20-20 ओवर का मैच खेलना जरूरी होता है।

 

रिजर्व-डे पर भी मैच ना हो तो क्या होगा?

मौसम खराब होने या किसी अन्य वजह से अगर रिजर्व-डे के दिन भी मैच नहीं हो और रिजल्ट ना निकल सके, तो उसी टीम को फायदा होता है जो लीग मैचों के दौरान पॉइंट्स टेबल (अंक तालिका) में ऊपर थी। वर्ल्ड कप 2019 के सेमीफाइनल मैचों में ऐसा होने पर ज्यादा अंक वाली टीमें यानी भारत (पहला सेमीफाइनल) और ऑस्ट्रेलिया (दूसरा सेमीफाइनल) फाइनल में पहुंच जाएगी। 

 

फाइनल मैच वाले दिन भी अगर बारिश हो जाए

टूर्नामेंट के फाइनल यानी 14 जुलाई को भी अगर बारिश की वजह से मैच नहीं हो पाता है तो उसे रिजर्व-डे यानी 15 जुलाई को शिफ्ट कर दिया जाएगा। वहीं अगले दिन भी अगर मैच का रिजल्ट नहीं निकल पाता है तो ऐसे में दोनों फाइनलिस्ट टीमों को संयुक्त रूप से विजेता घोषित किया जाता है। वहीं मैच टाई हो जाए तो सुपर ओवर के जरिए विजेता का फैसला होगा। सुपर ओवर ना होने पर दोनों टीमें संयुक्त विजेता बनेंगी।

COMMENT