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संन्यास / कैंसर जैसी बीमारी भी युवी के वर्ल्ड कप जीतने के जुनून को कम नहीं कर पाई



कैंसर की बीमारी से उबरने के बाद युवराज सिंह। (फाइल फोटो) कैंसर की बीमारी से उबरने के बाद युवराज सिंह। (फाइल फोटो)
2007 टी-20 वर्ल्ड कप का फाइनल जीतने के बाद युवराज। (फाइल फोटो) 2007 टी-20 वर्ल्ड कप का फाइनल जीतने के बाद युवराज। (फाइल फोटो)
2002 नेटवेस्ट ट्रॉफी फाइनल में युवराज ने 69 रन की पारी खेली थी। (फाइल फोटो) 2002 नेटवेस्ट ट्रॉफी फाइनल में युवराज ने 69 रन की पारी खेली थी। (फाइल फोटो)
Yuvraj Singh: Yuvraj Singh Cricketing Journey In International Cricket? Even cancer could not diminish Yuvi's passion to
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कैंसर की बीमारी से उबरने के बाद युवराज सिंह। (फाइल फोटो)कैंसर की बीमारी से उबरने के बाद युवराज सिंह। (फाइल फोटो)
2007 टी-20 वर्ल्ड कप का फाइनल जीतने के बाद युवराज। (फाइल फोटो)2007 टी-20 वर्ल्ड कप का फाइनल जीतने के बाद युवराज। (फाइल फोटो)
2002 नेटवेस्ट ट्रॉफी फाइनल में युवराज ने 69 रन की पारी खेली थी। (फाइल फोटो)2002 नेटवेस्ट ट्रॉफी फाइनल में युवराज ने 69 रन की पारी खेली थी। (फाइल फोटो)
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  • संन्यास का ऐलान करते हुए भावुक हुए युवराज सिंह
  • 2007 में फ्लिंटॉफ से कहा-सुनी के बाद युवराज ने ब्रॉड की 6 गेंद पर 6 छक्के जड़ दिए थे

Dainik Bhaskar

Jun 10, 2019, 05:27 PM IST

खेल डेस्क. युवराज सिंह ने सोमवार को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के सभी फॉर्मेट से संन्यास ले लिया। 19 साल के करियर को विराम देते समय युवराज भावुक हो गए। युवराज ने बताया कि 2011 का वर्ल्ड कप जीतना और प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना जाना उनके जीवन का सबसे यादगार और बड़ा लम्हा था।

 

हालांकि, कैंसर जैसी बीमारी का होना आसमान से जमीन पर आने जैसा था। लेकिन यह उनका जुनून और हौसला ही था कैंसर जैसी बीमारी भी उनको वर्ल्ड कप में खेलने से रोक नहीं पाई। उन्होंने वर्ल्ड कप जीतने का अपना सपना पूरा करने के बाद ही कैंसर का इलाज कराया।

 

12 गेंद पर बनाई थी हॉफ सेन्चुरी

यह पहला मौका नहीं था, जब युवराज का क्रिकेट के प्रति जुनून दिखा हो। इसकी बानगी 2007 में टी-20 वर्ल्ड कप के पहले सीजन में इंग्लैंड के खिलाफ मैच में भी दिखी थी। 19 सितंबर 2007 को हुए उस मैच में इंग्लैंड की ओर से 18वां ओवर एंड्रयू फ्लिंटॉफ ने फेंका। युवराज ने फ्लिंटॉफ की गेंदों पर लगातार 2 चौके जड़े। उस ओवर में 12 रन चले जाने से फ्लिंटॉफ नाराज थे और उनकी युवराज से कहा सुनी हो गई। हालांकि, इसका खामियाजा स्टुअर्ट ब्रॉड को भुगतना पड़ा। 19वां ओवर ब्रॉड ने फेंका। युवराज ने उनकी 6 गेंद पर 6 छक्के लगाए। उस मैच में युवराज ने 12 गेंद पर ही अपना अर्धशतक जड़ दिया था।

 

युवराज ने 362 के स्ट्राइक रेट से रन बनाए थे
बाद में भारत ने वह मैच 18 रन से जीत लिया था। युवराज 17वें ओवर की 5वीं गेंद पर बल्लेबाजी के लिए क्रीज पर आए थे। तब भारत का स्कोर 3 विकेट पर 155 रन था। इसके बाद युवराज ने 16 गेंदें खेलीं और 58 रन जड़ दिए। एक समय ऐसा लग रहा था कि भारत 170-180 रन ही बना पाएगा, लेकिन युवराज की पारी की बदौलत 20 ओवर बाद टीम के खाते में 218 रन जुड़ चुके थे। 
 

पंजाबी फिल्मों में भी काम कर चुके हैं युवराज

12 दिसंहर 1981 को चंडीगढ़ में जन्में युवराज पंजाबी फिल्मों में बतौर बाल कलाकार काम भी कर चुके हैं। उनके क्रिकेट करियर की बात करें तो उन्होंने 40 टेस्ट में 33.92 के औसत से 1900 रन बनाए हैं। इसमें 3 शतक और 11 अर्धशतक भी शामिल हैं। उन्होंने 304 वनडे में 36.55 के औसत से 8701 रन बनाए हैं। युवराज वनडे में 14 शतक और 52 अर्धशतक लगा चुके हैं। युवराज ने 58 टी-20 इंटरनेशनल में 28.02 के औसत से 1177 रन बनाए हैं। उन्होंने टेस्ट में 9, वनडे में 111 और टी-20 इंटरनेशनल में 28 विकेट भी लिए हैं।

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