पाकिस्तान के छक्के छुड़ाने वाले भारतीय खिलाड़ी:इन खिलाड़ियों के नाम से सहम जाता था PAK, जब भी खेले मचा दिया कोहराम

3 महीने पहले

भारत-पाकिस्तान के बीच क्रिकेट मुकाबले दोनों देशों के लिए किसी त्योहार से कम नहीं है। जब-जब इन दोनों देशों की भिड़ंत होती है तो रोमांच अपने चरम पर होता है। 24 अक्टूबर को एक बार फिर दोनों टीमें एक दूसरे के खिलाफ भिड़ने वाली हैं। आइए इस महा मुकाबले से पहले कुछ ऐसे भारतीय खिलाड़ियों के बारे में आपको बताते हैं जिनका प्रदर्शन पाकिस्तान के खिलाफ कमाल का रहता था।

वेंकटेश प्रसाद

टीम इंडिया के पूर्व तेज गेंदबाज वेंकटेश प्रसाद पाकिस्तान के खिलाफ जब भी खेलते तो अलग ही लय में नजर आते। 1996 वर्ल्ड कप में आमिर सोहेल के विकेट का किस्सा भला कौन भूल सकता है। इस मैच में वेंकटेश ने तीन विकेट लिए और भारत ने मैच 39 रन से जीता। 1999 के वर्ल्ड कप में एक बार फिर इस खिलाड़ी ने पाकिस्तान की हालत खस्ता कर दी थी। टीम इंडिया ने मैच में पहले बल्लेबाजी करते हुए 50 ओवर में 227 रन बनाए।

पाकिस्तान की बल्लेबाजी लाइन अप के लिए ये टारगेट चेज करना एकदम आसान लग रहा था, लेकिन वेंकटेश प्रसाद उस दिन अलग ही रंग में थे। पाक के सबसे खतरनाक बल्लेबाज सईद अनवर को उन्होंने 36 रन पर चलता किया। फिर सलीम मलिक, इंजमाम उल हक, मोईन खान और वसीम अकरम को आउट कर वेंकटेश ने पूरे पाकिस्तान के मध्यक्रम की कमर तोड़ दी। मैच में उन्होंने 27 रन देकर 5 विकेट झटके और मैन ऑफ द मैच बने।

लक्ष्‍मीपति बालाजी
बालाजी का नाम उन खिलाड़ियों की सूची में आता है जिन्‍होंने अपनी गेंदबाजी और बल्लेबाजी से पाकिस्‍तान में कोहराम मचा दिया था। बालाजी के खेल और उनकी मुस्‍कान ने पाकिस्‍तानी फैंस को अपना दीवाना बना दिया था। 2004 की सीरीज के आखिरी दो मैचों में बालाजी ने 5 विकेट झटके और भारत की सीरीज जीत में अहम भूमिका निभाई। सीरीज के पांचवें वनडे में बालाजी ने शोएब अख्तर की गेंद पर जबरदस्‍त छक्का लगाया था, जिसे देख सभी हैरान रह गए थे।

2012 के टी-20 वर्ल्ड कप में पाकिस्तान के खिलाफ भी इस खिलाड़ी ने कमाल की गेंदबाजी की थी। इस मैच में पाकिस्तान की टीम सिर्फ 128 रन पर ऑल-आउट हो गई थी। बालाजी ने मैच में 22 रन देकर 3 विकेट झटके थे।

इरफान पठान

2006 में जब इरफान पठान पाकिस्तान का दौरा करने गए तो पाकिस्तान के पूर्व दिग्गज बल्लेबाज जावेद मियांदाद का बयान आया था कि पठान जैसे गेंदबाज पाकिस्तान की गलियों में घूमते हैं, लेकिन कराची टेस्ट के पहले ही ओवर में इस गेंदबाज ने हैट्रिक लेकर उनकी बोलती बंद कर दी थी।

2007 के वर्ल्ड कप के फाइनल में इरफान पठान मैन ऑफ द मैच थे। उन्होंने इस मैच में 16 रन देकर 3 विकेट लिए थे। पठान ने पाकिस्तान के मध्यक्रम के बल्लेबाजों को टिकने ही नहीं दिया। उनके शानदार प्रदर्शन के दम पर ही टीम इंडिया पहली बार टी-20 वर्ल्ड कप की चैंपियन बनी थी।

अजय जडेजा
9 मार्च 1996 को भारत और पाकिस्तान के बीच खेले गए क्वार्टर फाइनल में अजय जडेजा ने कमाल की पारी खेली थी। मैच में टीम इंडिया पहले बल्लेबाजी कर रही थी। 47 ओवर में टीम इंडिया ने 236 रन बना लिए थे। टीम के 6 विकेट गिरे थे। पाकिस्तान के खतरनाक गेंदबाजों में से एक वकार यूनुस मैच में कमाल की गेंदबाजी कर रहे थे, लेकिन अजय जडेजा ने उनकी जमकर धुनाई कर दी। इस मैच में जडेजा ने 25 गेंद में 45 रन बनाए थे। उन्होंने 4 चौके और 2 छक्के जड़े। उनका स्ट्राइक रेट 180 का था।

जडेजा ने वकार के एक ओवर में 23 रन बना डाले थे। ओवर की पहली गेंद पर तीन रन लेने के बाद अजय ने अगली चार गेंद पर दो चौके और दो छक्के लगाए। आखिरी गेंद पर वह आउट हो गए, लेकिन इससे पहले भारत को बड़े स्कोर तक पहुंचा दिया। टीम इंडिया ये मैच 39 रन से जीत गई।