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16 मांगों को ले किसानों का दिल्ली कूच, 125 अरेस्ट, अर्द्ध सैनिक बलों की 25 कंपनियां तैनात

डीजीपी बीएस संधू ने किसानों के आंदोलन को लेकर अधिकारियों को भी दिशा निर्देश दिए हैं।

Danik Bhaskar | Feb 23, 2018, 07:23 AM IST

चंडीगढ़. किसानों के दिल्ली घेराव को कानून व्यवस्था बनाए रखने को लेकर पुलिस ने प्रदेश में 125 लोगों को गिरफ्तार अनेक ट्रैक्टर-ट्रॉलियां जब्त की गई है। जबकि प्रदेश में अर्द्ध सैनिक बलों की 25 कंपनियों के अलावा छह हजार अतिरिक्त पुलिस बलाया गया है। अर्द्ध सैनिक बलों को कुरुक्षेत्र, करनाल, पानीपत, रोहतक, झज्जर, फरीदाबाद, गुड़गांव, हांसी, जींद आदि में तैनात किया गया है। क्योंकि इन्हीं जिलों से होकर किसानों को दिल्ली घेराव करने जाना है।

डीजीपी बीएस संधू ने किसानों के आंदोलन को लेकर अधिकारियों को भी दिशा निर्देश दिए हैं। सभी रेंज के आयुक्तों, उपायुक्तों और पुलिस अधीक्षकों को यह निर्देश भी दिए गए है कि वे प्रदर्शन को लेकर कानून व्यवस्था बनाए रखने में किसी भी प्रकार की कोई चूक न करे और अपने-अपने जिलों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करें। उन्होंने सभी पुलिस अधिकारियों को यह भी कहा है कि वह धरने प्रदर्शन में आने जाने वाले लोगों पर पूरी तरह से निगरानी रखे और जो भी व्यक्ति लगता है कि कानून व्यवस्था को भंग कर सकता है, उसे हिरासत में लिया जाए।


यह भी दिए निर्देश : अधिकारी लोगों को समझाएं कि कोई भी व्यक्ति किसी प्रकार का हथियार आदि लेकर न आए। पुलिस का सहयोग करें और भारतीय किसान महासंघ प्रदर्शनकारियों को ट्रैक्टर-ट्राली के साथ आने से रोके। सभी अधिकारी ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारु रूप से चलाने के लिये सभी रास्तों पर ट्रैफिक पुलिस तैनात करें ताकि आने-जाने वाले आम नागरिकों को किसी भी प्रकार का कोई परेशानी न हो।

रादौर और शाहाबाद में चेतावनी के बाद भी हाईवे खाली न किया तो किसानों पर लाठीचार्ज


त्रिवेणी चौक पर सुबह से जाम लगाए बैठे किसानों पर पुलिस ने डीसी, एसपी व अन्य अधिकारियों की मौजूदगी में बल प्रयोग कर खदेड़ दिया। किसानों के मुताबिक लाठीचार्ज के अलावा पुलिस ने प्लास्टिक की गोलियों का भी इस्तेमाल किया। जाम लगाए बैठे किसानों से बातचीत करने डीसी-एसपी समेत कई अधिकारी पहुंचे थे। भाकियू जिला प्रधान संजू गुंदयाना व प्रदेश सचिव हरपाल सुढल ने अधिकारियों से कहा कि वह आंदोलन में सोनीपत जाना चाहते थे। लेकिन उन्हें जबरन रादौर में रोका गया है। जिसकी वजह से वह रादौर में रोड जाम किए हुए हैं। किसान नहीं माने तो बल प्रयोग हुआ। कई किसान नेताओं को हिरासत में लिया गया।


दिल्ली घेराव को लेकर लगाई धारा 144, चार किसान नेता हिरासत में

भाकियू शुक्रवार को प्रस्तावित दिल्ली घेराव को सफल बनाने को कई दिनों से रणनीति बना रही थी। इसके तहत ही एक दिन पहले ही दिल्ली कूच करना चाहा। लेकिन इसकी भनक पुलिस प्रशासन को पहले ही लग गई। रात को ही दबिश देकर कई किसान नेताओं को पुलिस ने राउंडअप कर लिया। गुरुवार सुबह किसानों ने ट्रैक्टर ट्रॉलियों संग दिल्ली कूच करना चाहा। रास्तों में नाकाबंदी कर पुलिस फोर्स ने घेर लिया। खफा किसानों ने छह जगहों पर जाम लगाया। शाहाबाद में तो जाम खुलवाने को पुलिस को हलका बल भी प्रयोग करना पड़ा।



भारतीय किसान यूनियन ने स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट लागू करने व कई अन्य मांगों को लेकर 23 फरवरी को दिल्ली घेराव करना है। क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए मुलाना पुलिस ने वीरवार सुबह सैहला गांव से भारतीय किसान यूनियन के मुलाना ब्लाक प्रधान भीम सिंह सैहला व हरियाणा सलाहकार रमेश सिंह सैहला सहित गांव माणकपुर के गुलाब सिंह व गांव गौरसियां के सुरजीत सिंह को हिरासत में लिया है।
पूर्व मुख्यमंत्री हुड्डा ने सरकार को चेताते हुए कहा कि वह किसानों की मांगों को सुने और उनको तत्काल पूरा करने का काम करे। उन्होंने कहा कि यदि भाजपा सरकार की नियत साफ होती तो, वह पहले ही साल में स्वामीनाथन आयोग और उनकी अध्यक्षता में बने चार मुख्यमंत्रियों के कोर ग्रुप के सुझावों को अमल में लाते।