• Hindi News
  • Union Territory
  • Chandigarh
  • News
  • जज की कोर्ट में एप्लीकेशन, कहा- पुलिस एफिडेविट दे कि उन्होंने पेपर लीक किया
--Advertisement--

जज की कोर्ट में एप्लीकेशन, कहा- पुलिस एफिडेविट दे कि उन्होंने पेपर लीक किया

रवि अटवाल| चंडीगढ़ ravi.kumar4@dbcorp.in हरियाणा में 109 जजों की भर्ती के लिए हुए पेपर लीक करने के मामले में पकड़े गए हाईकोर्ट के...

Dainik Bhaskar

Feb 02, 2018, 02:05 AM IST
जज की कोर्ट में एप्लीकेशन, कहा- पुलिस एफिडेविट दे कि उन्होंने पेपर लीक किया
रवि अटवाल| चंडीगढ़ ravi.kumar4@dbcorp.in

हरियाणा में 109 जजों की भर्ती के लिए हुए पेपर लीक करने के मामले में पकड़े गए हाईकोर्ट के पूर्व रजिस्ट्रार (रिक्रूटमेंट) जज बलविंदर शर्मा ने जिला अदालत में एक एप्लीकेशन दायर की है। इस एप्लीकेशन में जज ने कहा है कि पुलिस की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) कोर्ट में एफिडेविट फाइल करे कि उनके पास जज के खिलाफ पेपर लीक करने के सबूत हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस ने बिना तथ्यों के उन्हें इस केस में शामिल कर दिया और अब उनकी पर्सनल लाइफ को डिस्टर्ब करने की कोशिश की जा रही है। इसके साथ ही जज ने ये भी कहा है कि पुलिस ने उनके घर और ऑफिस से जो रिकॉर्ड जब्त किया है, उसे कोर्ट में लाया जाए, ताकि उसके साथ किसी तरह की छेड़छाड़ न हो। जज की इस एप्लीकेशन पर पुलिस को 12 फरवरी तक जवाब देना होगा।

जज ने कहा कि पुलिस ने उनके रोपड़ स्थित घर पर रेड की और कहा जा रहा है कि वहां उनके खिलाफ कई सबूत मिले हैं। जज बलविंदर शर्मा के वकील रमेश बामल ने कहा कि अगर उनके खिलाफ पुलिस को सबूत मिले थे तो उसे चार्जशीट में क्यों नहीं लगाया गया? पुलिस ने उनके घर की वीडियोग्राफी भी की, लेकिन उसका रिकॉर्ड भी चार्जशीट में नहीं लगाया गया।


एडवोकेट बामल के मुताबिक पुलिस ने बलविंदर शर्मा के ऑफिस से भी काफी रिकॉर्ड लिया था। उनके पूरे कंप्यूटर सिस्टम का रिकॉर्ड सीज किया गया। उनके ऑफिस से पुलिस ने सीपीयू, प्रिंटर, हार्ड डिस्क, पेन ड्राइव, लैपटॉप आदि जब्त किए। जज ने कहा कि उन्हें लगता है कि पुलिस उनके इस रिकॉर्ड को किसी और डिवाइस में ट्रांसफर कर सकती है। उन्होंने कहा इस रिकॉर्ड के साथ किसी तरह की छेड़छाड़ न हो, इसलिए इसे कोर्ट में प्लेस ऑन रिकॉर्ड किया जाए।


जज ने कहा कि पुलिस को उनके खिलाफ कोई सबूत नहीं मिले और न ही लीक हुआ पेपर रिकवर हुआ। पुलिस ने किसी तरह उन्हें फंसाने के लिए उनकी पर्सनल लाइफ को चार्जशीट में शामिल कर दिया। जज ने कहा कि अगर वे इस केस में इनोसेंट साबित हुए तो उनकी जो रेपुटेशन खराब हुई है वह कैसे वापस आएगी। जज ने कहा कि उन्हें जो इतने दिन जेल में रखा उसका जिम्मेदार कौन होगा?


पिंजौर की वकील सुमन ने हाईकोर्ट में पिटीशन दायर कर कहा था कि पेपर डेढ़ करोड़ में बिक रहा है। उसे भी पेशकश की गई थी। सुमन ने सुशीला नाम की एक लड़की से लेक्चर की ऑडियो क्लिप मंगाई थी, लेकिन उसने गलती से सुनीता से अपनी बातचीत की ऑडियो क्लिप सेंड कर दी। जिसमें पेपर में आने वाले प्रश्नों पर हुई बातचीत रिकॉर्ड थी। पिटीशन पर सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने अपने लेवल पर जांच शुरू की, जिसमें सामने आया कि हाईकोर्ट के ही रिक्रूटमेंट रजिस्ट्रार डॉ. बलविंदर शर्मा के मोबाइल फोन से सुनीता के फोन पर सालभर में 760 बार कॉन्टैक्ट हुआ था। बाद में सुनीता ही एक्जाम में टॉपर रही। सुशीला नाम की दूसरी लड़की रिजर्व कैटेगरी की टॉपर बनी। हालांकि, बाद में कोर्ट ने परीक्षा ही रद्द कर दी। इस केस में सुनीता, बलविंदर शर्मा और सुशीला तीनों गिरफ्तार हो चुके हैं।


जज बलविंदर शर्मा ने जिला अदालत में जमानत के लिए अर्जी भी दायर कर रखी है। उनकी जमानत अर्जी पर वीरवार को सुनवाई थी। इस पर पुलिस ने वीरवार को जवाब दाखिल किया। पुलिस ने कहा कि बलविंदर शर्मा को अगर जमानत मिल जाती है तो वह गवाहों को प्रभावित कर सकते हैं। अब उनकी जमानत अर्जी पर 7 फरवरी को बहस होगी। वहीं, इस केस में पकड़ी गई सुनीता ने भी जमानत के लिए अर्जी दायर कर रखी है जिस पर 3 फरवरी को फैसला होगा।

X
जज की कोर्ट में एप्लीकेशन, कहा- पुलिस एफिडेविट दे कि उन्होंने पेपर लीक किया
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..