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नीरव-माल्या जैसे भगोड़ों की सारी प्रॉपर्टी होगी जब्त, कैबिनेट ने बिल मंजूर किया

5 मार्च से शुरू हो रहे बजट सत्र के दूसरे चरण में पेश किया जाएगा बिल

Dainik Bhaskar

Mar 02, 2018, 02:35 AM IST
मुंबई की एक चाल से मिले नीरव की कंपनियों के एलओयू से जुड़े दस्तावेज। - फाइल मुंबई की एक चाल से मिले नीरव की कंपनियों के एलओयू से जुड़े दस्तावेज। - फाइल

नई दिल्ली. विजय माल्या, नीरव मोदी और मेहुल चौकसी जैसे भगोड़े आर्थिक अपराधियों की सारी संपत्ति जब्त करने के लिए कानून बनेगा। यह 100 करोड़ रु. से ज्यादा की धोखाधड़ी करने वालों पर लागू होगा। इससे जुड़ा बिल गुरुवार को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मंजूर कर लिया। इसमें बेनामी सहित सारी संपत्ति जब्त करने का प्रावधान है। विदेशी संपत्ति जब्त करने के लिए दूसरे देशों के साथ काम किया जाएगा। अपराधी देश में सिविल दावा भी नहीं कर पाएगा।


- वित्त मंत्री अरुण जेटली ने बताया कि भगोड़ा आर्थिक अपराधी विधेयक, 2018 को 5 मार्च से शुरू हो रहे बजट सत्र के दूसरे चरण में संसद में रखा जाएगा। ट्रायल में शामिल होने से इनकार करने वाले इस कानून के दायरे में आएंगे। 100 करोड़ रु. से ज्यादा का लाेन जानबूझकर नहीं लौटाने वालों पर भी इसके प्रावधान लागू होंगे। आर्थिक अपराध में जिनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी हुआ है, उन्हें भगोड़ा माना जाएगा।

- उन्होंने कहा कि कोई भी राजनीतिक दल ऐसे अपराधियों के साथ सहानुभूति नहीं जताना चाहेगा। नए कानून से जल्द से जल्द रिकवरी संभव होगी। बैंकों का 9 हजार करोड़ रु. से अधिक का बकाया चुकाए बिना शराब कारोबारी विजय माल्या देश छोड़ चुका है। पीएनबी के साथ 12,717 करोड़ की धोखाधड़ी के बाद हीरा कारोबारी नीरव मोदी और मेहुल चौकसी भी भाग चुके हैं। इन घटनाओं के कारण ऐसे सख्त कानून की जरूरत महसूस हुई।

ऑडिटर्स पर नजर रखने के लिए अथॉरिटी को मंजूरी
- कैबिनेट ने नेशनल फाइनेंशियल रिपोर्टिंग अथॉरिटी के गठन को भी मंजूरी दी है। यह ऑडिटिंग के पेशे के लिए एक स्वतंत्र रेगुलेटर के तौर पर काम करेगी। पीएनबी घोटाले में ऑडिटिंग की लापरवाही सामने आने के बाद सरकार ने यह फैसला किया है।

- वित्त मंत्री जेटली ने बताया कि चार्टर्ड अकाउंटेंट, उनकी कंपनियां, लिस्टेड कंपनियां और बड़ी नॉन लिस्टेड कंपनियां भी इस अथॉरिटी के दायरे में आएंगी। सरकार विशेष हालात में कंपनी की जांच भी इस अथॉरिटी को सौंप सकती है।

ईडी ने मेहुल चौकसी की 1,200 करोड़ रुपए की प्रॉपर्टी अटैच की

- ईडी ने गीतांजलि ग्रुप के प्रमुख मेहुल चौकसी की 41 और प्रॉपर्टी अटैच कर ली हैं। इनकी कीमत 1,200 करोड़ रुपए से ज्यादा बताई गई है। अब तक इस केस में साढ़े सात हजार करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां अटैच की जा चुकी हैं। ईडी ने स्पेशल कोर्ट में अर्जी दाखिल कर मेहुल चौकसी के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी करने का आग्रह किया। साथ ही एक अन्य कोर्ट से मेहुल के घर की तलाशी की अनुमति भी मांगी।

- ईडी ने गुरुवार को पीएनबी के एमडी और सीईओ सुनील मेहता से भी पूछताछ की। इसी बीच, बैंक ने भी स्पष्ट किया कि करीब 1300 करोड़ का जो नया घोटाला पकड़ा गया है, वह मेहुल के गीतांजलि ग्रुप से जुड़ा है। दूसरी तरफ, सीबीआई ने गुरुवार को छापेमारी कर मुंबई की एक चाल से नीरव की कंपनियों के एलओयू से जुड़े दस्तावेज बरामद किए।

100 करोड़ रु. से ज्यादा का लाेन नहीं लौटाने वाले और ट्रायल में शामिल नहीं होने वाले आएंगे दायरे में। - फाइल 100 करोड़ रु. से ज्यादा का लाेन नहीं लौटाने वाले और ट्रायल में शामिल नहीं होने वाले आएंगे दायरे में। - फाइल
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मुंबई की एक चाल से मिले नीरव की कंपनियों के एलओयू से जुड़े दस्तावेज। - फाइलमुंबई की एक चाल से मिले नीरव की कंपनियों के एलओयू से जुड़े दस्तावेज। - फाइल
100 करोड़ रु. से ज्यादा का लाेन नहीं लौटाने वाले और ट्रायल में शामिल नहीं होने वाले आएंगे दायरे में। - फाइल100 करोड़ रु. से ज्यादा का लाेन नहीं लौटाने वाले और ट्रायल में शामिल नहीं होने वाले आएंगे दायरे में। - फाइल
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