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गुड़गांव को मिला 35 करोड़ की लागत से बने 100 कमरों का थ्री स्टार रेस्ट हाउस, खेड़कीदौला टोल शिफ्टिंग का रास्ता साफ

गुड़गांव में निजी होटल और रेस्ट हाउस तो दर्जनों हैं, लेकिन सरकारी रेस्ट हाउस की कमी खल रही थी।

Danik Bhaskar | Dec 27, 2017, 08:28 AM IST

गुड़गांव. गुड़गांव में निजी होटल और रेस्ट हाउस तो दर्जनों हैं, लेकिन सरकारी रेस्ट हाउस की कमी खल रही थी। प्रदेश के सीएम मनोहर लाल ने मंगलवार को पुराने शहर स्थिति सिविल लाइंस क्षेत्र में बनाए गए प्रदेश के सबसे बड़े पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस का उद्घाटन किया।


नरबीर का तंज:15 लाख में बुखार उतारता है
राव नरबीर ने कहा कि गुड़गांव में निजी अस्पताल 5 से 15 लाख रुपए में गरीबों का बुखार उतारता है, इसलिए यहां एक बड़े सिविल अस्पताल की जरूरत है। उन्होंने सीएम को सुझाव दिया कि सिविल अस्पताल के साथ लगते राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय को अन्य जगहों पर शिफ्ट करके इसकी 3.5 एकड़ जमीन को मिलाकर एक बड़ा अस्पताल बनाया जा सकता है। इसकी बेहद आवश्यकता है। इस पर सीएम ने भी हामी भरी। उन्होंने कहा कि मंत्री नरबीर ने इस संबंध में पहले ही स्वास्थ्य मंत्री से बात की हुई है। इसकी संभावनाओं पर वे भी विचार करेंगे।

सीएम की घोषणाएं
सीएम मनोहर लाल ने कहा कि गुड़गांव में रेलवे स्टेशन तक मेट्रो विस्तार पर गंभीरता से काम हो रहा है। इसके लिए फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार की जा रही है। मेट्रो रेल को बावल तक विस्तार करने की योजना पर काम हो रहा है। गुड़गांव-फरीदाबाद मेट्रो लाइन के लिए भी काम चल रहा है। उन्होंने गुड़गांव यूनिवर्सिटी के निर्माण का काम 31 मार्च तक शुरू कराने का दावा किया। पीडब्ल्यूडी मंत्री नरबीर की मांग पर सीएम ने फर्रुखनगर में जल्द ही एक कॉलेज बनवाने का भरोसा दिलाया। सीएम ने पुराने शहर स्थित सदर बाजार क्षेत्र में एक मल्टी लेबल पार्किंग बनाने का आश्वासन दिया।
विपक्ष को छोटे-छोटे मसले में ही उलझे रहने दें : सीएम
विपक्षों द्वारा उठाए जा रहे मुद्दों पर मनोहर लाल ने लोगों से विपक्ष के बहकावे में नहीं आने की अपील की। उन्होंने कहा कि विपक्ष के नेता खाली रहेंगे तो सब के लिए परेशानी पैदा करेंगे, इसलिए उन्हें छोटे-छोटे मसलों में ही उलझे रहने दें। इसी में सब की भलाई है।

खेड़कीदौला टोल शिफ्टिंग की बाधा दूर, सरकार ने एनएचएआई को दी जमीन अधिग्रहण की अनुमति
दिल्ली-जयपुर हाईवे स्थित खेड़कीदौला टोल को सहरावण गांव की तरफ शिफ्ट करने संबंधी जमीन संबंधी बाधा दूर हो गई है। सीएम ने कहा कि टोल शिफ्ट करने के लिए गांव की पंचायत जमीन देने के लिए सहमत हो गई है। प्रदेश सरकार ने भी इसे मंजूरी दे दी है। मंगलवार को ही एनएचएसआई अधिकारियों को जमीन अधिग्रहित करने के लिए कहा है। अब आगे की जिम्मेदारी एनएचएआई की है। इसे शिफ्ट करने के लिए लंबे समय से मांग हो रही थी। केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने बीते 15 अगस्त को ही खेड़कीदौला टोल शिफ्ट करने की घोषणा की थी। मगर जमीन को लेकर खींचतान चल रही थी।

नरबीर ने उठाया भास्कर में प्रकाशित सिविल अस्पताल का मामला
पीडब्ल्यूडी मंत्री राव नरबीर ने प्रदेश के सीएम के समक्ष सिविल अस्पताल का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि सिविल अस्पताल मर चुका है, इसकी मरम्मत नहीं हो सकती। आज ही एक अखबार में पढ़ा है कि इस अस्पताल की रिपेयरिंग पर कांग्रेस की सरकार में 16 करोड़ रुपए खर्च किए जा चुके हैं। अब फिर से 19 करोड़ रुपए खर्च करने की तैयारी है। उन्होंने कहा कि कंडम घोषित इस अस्पताल की मरम्मत पर और खर्च करना उचित नहीं होगा।