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इस साल सामान्य से कम रह सकती है मानसूनी बारिश, मौसम विभाग का अनुमान

कम बारिश से भारत में सोयाबीन, मूंगफली और कपास की फसलें प्रभावित हो सकती हैं। पिछले साल भी मानसून की बारिश औसत से कम रही

Dainik Bhaskar

Mar 14, 2018, 05:04 AM IST
दूसरी निजी कंपनियों ने भी अल-नीनो की आशंका व्यक्त की है, लेकिन सरकारी विभागों ने इस बारे में अभी कुछ नहीं कहा है। - फाइल दूसरी निजी कंपनियों ने भी अल-नीनो की आशंका व्यक्त की है, लेकिन सरकारी विभागों ने इस बारे में अभी कुछ नहीं कहा है। - फाइल

सिंगापुर. इस बार मानसून की बारिश सामान्य से कुछ कम रह सकती है। वजह है अल-नीनो। जून के बाद इसका असर देखने को मिल सकता है। भौगोलिक आंकड़ों पर काम करने वाली निजी अमेरिकी संस्था रेडिएंट सॉल्यूशंस ने यह अनुमान जताया है।

- रेडिएंट के वरिष्ठ मौसम विज्ञानी काइल तापले ने कहा कि कम बारिश से भारत में सोयाबीन, मूंगफली और कपास की फसलें प्रभावित हो सकती हैं। पिछले साल भी मानसून की बारिश औसत से कम रही थी। लंबी अवधि के औसत की तुलना में 95% बारिश हुई थी, जबकि मौसम विभाग का अनुमान 98% का था।

- काइल ने कहा कि ला-नीना कमजोर हो रहा है और अल-नीनो की आशंका बढ़ रही है।

- मौसम का अनुमान लगाने वाली दूसरी निजी कंपनियों ने भी अल-नीनो की आशंका व्यक्त की है, लेकिन सरकारी विभागों ने इस बारे में अभी कुछ नहीं कहा है। अल-नीनो से एशिया के कुछ इलाकों में सूखे की स्थिति बन जाती है, जबकि दक्षिणी अमेरिका में सामान्य से अधिक बारिश होती है।
- काइल ने कहा कि ऑस्ट्रेलिया के पूर्वी इलाकों में भी मौसम शुष्क रह सकता है। इसका असर वहां गेहूं की फसलों पर होगा। सूखा झेल रहे अर्जेंटीना में दो हफ्ते में बारिश हो सकती है, लेकिन सोयाबीन की फसल के लिए यह काफी लेट हो चुकी है। गर्म मौसम के कारण पिछले साल ऑस्ट्रेलिया में गेहूं की पैदावार 30% कम रही थी।

अल-नीनो से एशिया के कुछ इलाकों में सूखे की स्थिति बन जाती है, जबकि दक्षिणी अमेरिका में सामान्य से अधिक बारिश होती है। - फाइल अल-नीनो से एशिया के कुछ इलाकों में सूखे की स्थिति बन जाती है, जबकि दक्षिणी अमेरिका में सामान्य से अधिक बारिश होती है। - फाइल
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दूसरी निजी कंपनियों ने भी अल-नीनो की आशंका व्यक्त की है, लेकिन सरकारी विभागों ने इस बारे में अभी कुछ नहीं कहा है। - फाइलदूसरी निजी कंपनियों ने भी अल-नीनो की आशंका व्यक्त की है, लेकिन सरकारी विभागों ने इस बारे में अभी कुछ नहीं कहा है। - फाइल
अल-नीनो से एशिया के कुछ इलाकों में सूखे की स्थिति बन जाती है, जबकि दक्षिणी अमेरिका में सामान्य से अधिक बारिश होती है। - फाइलअल-नीनो से एशिया के कुछ इलाकों में सूखे की स्थिति बन जाती है, जबकि दक्षिणी अमेरिका में सामान्य से अधिक बारिश होती है। - फाइल
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