--Advertisement--

कैप्टन ने महिलाओं से कहा- आइडिया आपका, मदद हम करेंगे

इंडियन स्कूल ऑफ बिजनेस में आयोजित ‘रोड टू ग्लोबल आंत्रप्रेन्याेरशिप समिट 2017’ का।

Danik Bhaskar | Nov 23, 2017, 05:15 AM IST

मोहाली. अपने आइडियाज से अलग-अलग फील्ड में नाम कमाने वाली पांच महिलाओं को सीएम कैप्टन अमरिंदर िसंह ने सम्मानित किया। मौका था इंडियन स्कूल ऑफ बिजनेस में आयोजित ‘रोड टू ग्लोबल आंत्रप्रेन्याेरशिप समिट 2017’ का।


द फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एड इंडस्ट्रीज (फिक्की) के कार्यक्रम में कैप्टन ने सम्मानित होने वाली महिलाओं की प्रशंसा करते हुए अन्य महिलाओं को भी कहा, आइडिया आपका होगा और गोल सेट करो, सरकार आपकी मदद करेगी। कैप्टन ने जॉब्स में महिला आरक्षण देने की बात भी कही। सम्मानित होने वाली महिलाओं में विभा त्रिपती, प्रियादीप कौर, कुसूम, प्रितिका मेहता व कोमल तलवार के साथ-साथ एक जेंटस अमित नारंग भी शामिल हैं। कार्यक्रम में िसर्फ तीन महिलाएं विभा, प्रियादीप व कोमल तलवार ही पहुंची थी।


पलायन कर चुकी इंडस्ट्री को वापस ला रहे हैं : कैप्टन ने पंजाब से बाहर जा चुकी इंडस्ट्री पर कहा, कुछ कारणों से ऐसा हुआ लेकिन अब इन्हें वापस लाया जा रहा है। उनके लिए पॉलिसी बनाई गई है, जिसके तहत काम किया जा रहा है। कैप्टन ने किसानों से भी अपील की कि ऐसी फसलें भी उगाएं जो पानी कम सोखें और प्रोडक्शन ज्यादा हो।


महिलाओं ने हर क्षेत्र में अलग पहचान बनाई : माथुर : फिक्की के उपमहासचिव विनय माथुर ने कारोबारी महिलाओं की सफलता की सरहाना करते कहा, इन्होंने अपने आइडियाज व क्षमता से अपना रास्ता खुद तय किया है। चाहे ई-काॅमर्स हो, शिक्षा हो, निवेश हो, फिटनेस क्षेत्र हो या कोई अन्य। महिलाए बहुत तेजी से आगे बढ़ी हैं। जबकि पुरुषों की तुलना में महिलाओं के लिए काफी चुनौतियां होती हैं। उन्होनें स्टार्टअप के समर्थन में सरकार द्वारा किए गए प्रयासों, सुधारों और ठोस कदमों की भी सराहना की।

पंजाब आईटी हब बनेगा, स्टूडेंट्स बाहर पढ़ने नहीं जाएंगे

कैप्टन ने बताया, वह पंजाब को आईटी हब बनाने के लिए प्रयासरत हैं। कुछ समय पहले वह आईटी हब हैदराबाद व बेंगलुरू गए थे। वहां इंस्टीट्यूट में जाकर देखा तो सबसे अधिक स्टूडेंटस पंजाबी थे। स्टूडंेंटस् से पंजाब छोड़कर यहां पढ़ने के बारे पूछा तो जवाब मिला, पंजाब में प्लेटफाॅर्म नहीं मिला। तब मन में सवाल उठा कि यदि पंजाब में भी ऐसे सैटअप होते तो इन पंजाबी स्टूडंेट्स को इतनी दूर आकर स्टडी करने क्यों आना पड़ता। उसी दिन विचार बना लिया कि पंजाब में भी आईटी हब व अन्य संस्थान लेकर आने हैं। उस पर काम कर रहे हैं और कई आईटी कंपनियां आई भी हैं। सरकार इस पर काम कर रही है। कंपनियों से बात चल रही है।