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आरबीआई / मोबाइल वॉलेट से फ्रॉड होने पर कंपनी को करनी होगी नुकसान की भरपाई

Dainik Bhaskar

Jan 10, 2019, 01:15 PM IST


mobile wallet to refund the amount of fraudulent transaction says reserve bank
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mobile wallet to refund the amount of fraudulent transaction says reserve bank

  • 4-7 दिनों के अंदर फ्रॉड की सूचना देने पर होगा 10 हजार रुपए तक का रिफंड
  • 7 दिनों के बाद सूचित करने पर वॉलेट कंपनी की पॉलिसी के अनुसार किया जाएगा रिफंड

यूटिलिटी डेस्क. मोबाइल वॉलेट से होने वाले फ्रॉड लेनदेन की जिम्मेदारी अब वॉलेट कंपनियों की होगी। ग्राहकों को होने वाले नुकसान की भरपाई वॉलेट कंपनी को करनी होगी। मोबाइल वॉलेट यूजर्स को अन-ऑथराइज्ड ट्रांजेक्शन और फ्रॉड ट्रांजेक्शन से सुरक्षा देने के लिए भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने नई गाइडलाइन्स जारी की हैं। पेटीएम, फोन-पे, फ्रीचार्ज, गूगल पे जैसे प्रीपेड पेमेंट इंस्ट्रूमेंट्स (पीपीआई) पर नए नियम लागू होंगे।

3 दिन के भीतर सूचना देने पर मिलेगा पूरा रिफंड

  1. गाइडलाइन्स के मुताबिक, उपभोक्ता की गलती न होने के बावजूद फ्रॉड होने पर सारी जिम्मेदारी कंपनी की होगी। इसके लिए यूजर को 3 दिन के अंदर वॉलेट कंपनी को सूचना देनी होगी। इसके बाद कंपनी नुकसान की भरपाई करेगी। अगर फ्रॉड कंपनी की लापरवाही के चलते हुआ है तो कंपनी को बिना सूचना के भी रिफंड करना होगा।

  2. अगर यूजर धोखाधड़ी होने के बाद चार से सात दिनों के अंदर वॉलेट कंपनी को सूचना देता है तो वॉलेट कंपनी को नुकसान की रकम के बराबर या अधिकतम 10 हजार रुपए तक की भरपाई करनी ही होगी।

  3. उपभोक्ता धोखाधड़ी की सूचना सात दिनों के बाद वॉलेट कंपनी को देता है तो उसे कंपनी की पॉलिसी के अनुसार अमाउंट रिफंड किया जाएगा। अभी तक इस तरह का नियम डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड और बैंक ट्रांजेक्शन पर लागू था।

  4. मोबाइल नंबर और ईमेल रजिस्टर करना जरूरी

    • गाइडलाइन्स में आरबीआई ने कहा- लेनदेन से संबंधित एसएमएस और ईमेल नोटिफिकेशन देने के लिए यूजर्स का मोबाइल नंबर और ईमेल आईडी रजिस्टर किया जाए।
    • ट्रांजेक्शन की सूचना देने वाले एसएमएस और ईमेल में वॉलेट कंपनी का कॉन्टैक्ट नंबर और ईमेल आईडी अनिवार्य रूप से दिया जाए ताकि फ्रॉड ट्रांजेक्शन की स्थिति में उपभोक्ता तुरंत सूचना दे सके।
    • 24X7 हेल्पलाइन शुरू करनी होगी ताकि उपभोक्ता किसी भी समय होने वाली धोखाधड़ी की जानकारी जल्द से जल्द दे सके।

  5. 10 दिन में करना होगा रिफंड

    गाइडलाइन्स के मुताबिक, फ्रॉड लेनदेन की सूचना के बाद नियमानुसार अगर कंपनी को रिफंड करना है, तो उसे यह 10 दिन के भीतर करना होगा। दूसरी शिकायतों और विवादों को 90 दिनों के भीतर सुलझाना होगा। अगर 90 दिनों के भीतर शिकायत का समाधान नहीं होता तो वॉलेट कंपनी, यूजर को हुए पूरे नुकसान की भरपाई करेगी।

  6. बंद हो सकते हैं 95% मोबाइल वॉलेट

    अक्टूबर 2017 में रिजर्व बैंक ने एक नोटिफिकेशन जारी करके मोबाइल वॉलेट कंपनियों और प्रीपेड पेमेंट इंस्ट्रूमेंट्स (पीपीआई) को अपने सभी ग्राहकों की केवाईसी (नो योर कस्टमर) करने को कहा था। ऐसा करने की अंतिम तिथि 28 फरवरी है। केवाईसी कंप्लीट न होने पर यूजर्स का मोबाइल वॉलेट बंद किया जा सकता है। विशेषज्ञों का कहना कि है कि अगर रिजर्व बैंक ने डेट नहीं बढ़ाई तो करीब 95% एक्टिव मोबाइल वॉलेट बंद हो जाएंगे।

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