मानसून टिप्स:झमाझम बारिश आपके शहर में शुरू हो, इससे पहले छतरी से लेकर घर टपकने तक की A-to-Z मरम्मत करवा लें

2 महीने पहले

क्या आपको बारिश का मौसम पसंद है? मुझे तो है, इसलिए मैं हर साल इसका इंतजार करती हूं। मानसून के दस्तक देते ही कहां घूमने जाएंगे, क्या खाएंगे इन सब बातों की तैयारी अपने दोस्तों के साथ कर लेती हूं। आप भी शायद ऐसा ही कुछ करते होंगे, लेकिन इसके साथ ही कई ऐसी तैयारियां हैं, जिसे अक्सर लोग बरसात आने से पहले करना भूल जाते हैं। इस बार हम आपकी मदद करेंगे।

तो चलिए आज आपके घर की सैर करते हुए जानते हैं कि मानसून आने से पहले कहां और कितनी तैयारियों की जरूरत है…

गार्डन के बाद घर के बाहर की देखभाल इस तरह करें

  • घर के आसपास और नाली जैसी जगहों को साफ-सुथरा रखें, ताकि वहां कचरा या पानी जमा न हो, वरना उसमें मच्छर पनपने लगेंगे।
  • छत या घर की बाहरी दीवारों पर अगर कोई दरार है, तो उसे भर दें।
  • घर की बाहरी दीवारों पर वाटरप्रूफ पेंट लगवाएं।
  • छत पर कबाड़ इकट्ठा न करें, इससे बारिश के ठहरे हुए पानी से मच्छर पनपने का खतरा होगा।

अब चलते हैं घर के अंदर

  • सबसे पहले बरामदे या कॉरिडोर में जूतों की रैक रखें। ऐसा करने से आप कीचड़ और पानी से घर को अंदर से साफ रख पाएंगे।
  • जगह हो तो घर के बाहर ही रेनकोट और छतरी सुखाने का इंतजाम करें।
  • घर के सारे कमरे और हॉल से कारपेट हटा दें। बारिश में कारपेट की जगह बैंबू या रबर मैट का इस्तेमाल कर सकते हैं। यह पानी को आसानी से सोख लेते हैं और नमी के कारण खराब भी नहीं होते।

घर को अंदर से ऐसे करें मानसून के लिए तैयार

  • इस मौसम में कीड़े-मकोड़े ज्यादा होते हैं, इसलिए बारिश से पहले घर में पेस्ट कंट्रोल करा लें।
  • घर में क्रॉस-वेंटिलेशन सुनिश्चित कर लें , ताकि ताजी हवा आ-जा सके।
  • कई लोग घर में इंडोर प्लांट्स लगाते हैं, मानसून में उन्हें रूम से बाहर रखें।
  • घर की भीतरी दीवारों में ज्यादा सीलन और नमी है, तो टाइल्स लगवा सकते हैं।
  • बेडरूम में सीलन की बदबू से छुटकारा पाने के लिए एरोमा आयल कैंडल का इंतजाम कर सकते हैं।
  • अगर घर में पेंट करना ही है तो मानसून से पहले करा लें ताकि दीवार आसानी से सूख जाएं और सीलन का खतरा न हो।

किचन का ध्यान सबसे जरूरी

  • मानसून से पहले किचन के स्टोर को साफ करें।
  • नमी से खराब होने वाली चीजें जैसे नमक, गुड़ या शक्कर को एयर टाइट कंटेनर में भरकर रखें।
  • चीनी के डिब्बे में चींटी न लगे इसके लिए उसके कंटेनर में 4-5 लौंग डालकर रखें।

बारिश में फर्नीचर की देखभाल करने के उपाय

  • घर का फ्लोरिंग वुडन है तो मानसून में उसका खास ख्याल रखना होगा। डेली सूखे कपड़े से साफ करने के साथ-साथ उसे भीगने से भी बचाएं।
  • नमी को दूर करने के लिए अपनी अलमारी और दराज में सिलिका जेल रखें। यह आसानी से बाजार में मिल जाते हैं।
  • लोहे के फर्नीचर को जंग से बचाने के लिए पहले से ही उसे पेंट करा लें।
  • लकड़ी के फर्नीचर पर वैक्स पॉलिश कराएं और उन्हें भीगने से बचाएं।
  • लेदर के सोफे-कुर्सियों को फंगस से बचाने के लिए रोजाना सूखे कपड़े से साफ करें।

बारिश में कपड़ों की देखभाल ऐसे करें

  • कपड़ों को अलमारी में रखने से पहले अच्छी तरह से धूप में सुखाएं, ताकि नमी के कारण उनमें से बदबू न आए।
  • अलमारी में पहले पेपर बिछाएं, फिर उसके ऊपर ही कपड़े रखें, ताकि उनमें नमी न जाए।
  • अलमारी में कपूर, नैप्थलीन की कुछ गोलियां रख दें, ये नमी को सोख कर आपके कपड़ों को सुरक्षित रखेंगी।
  • बारिश के दिनों में अलमारी में सिल्वर फिश (silverfish ) नाम के एक छोटे इनसेक्ट की समस्या होती है। इससे बचने के लिए नीम की कुछ पत्तियां अलमारी में रखें।
  • कपड़ों के बीच-बीच में थोड़ी लौंग डाल दें। ये भी सिल्वर फिश से कपड़ों को बचाते हैं।
  • बाहर से आने पर दाग-धब्बे वाले कपड़े को तुरंत धो लें, वरना उनका दाग छुड़ाना मुश्किल हो जाता है।
  • कपड़े में अगर जंग लग जाए, तो उसे ऑक्जेलिक एसिड (oxalic acid) से धोएं। इससे दाग आसानी से निकल जाएगा।
  • सूटकेस या दीवान में बंद कपड़ों को बारिश से पहले धूप में जरूर रखें।
  • बारिश शुरू होने से पहले बिस्तर और मोटे पर्दाें को भी धूप में सुखाएं।

इन दिनों घर को मच्छर-मक्खियों से सुरक्षित करना भी जरूरी

  • कूलर का सारा पानी हफ्ते में एक बार चेंज करें।
  • डेंगू के मच्छर साफ पानी में पनपते हैं, इसलिए पानी की टंकी को अच्छी तरह बंद करके रखें।
  • खिड़कियों और दरवाजों पर महीन जाली लगवाकर मच्छरों को घर में आने से रोक सकते हैं।
  • मच्छरों को भगाने और मारने के लिए क्रीम, स्प्रे, मैट्स, कॉइल जैसी चीजों का इस्तेमाल करें।
  • पक्षियों को दाना-पानी देने के बर्तन को रोज पूरी तरह से खाली करें, उसे सुखाने के बाद ही फिर पानी से भरें।
  • हफ्ते में एक बार मच्छर मारने वाली दवाई का छिड़काव जरूर करें। इसे फोटो-फ्रेम्स, पर्दों, कैलेंडर के पीछे, घर के स्टोर रूम और सभी कोनों में जरूर छिड़कें।
  • दवाई छिड़कते समय अपने मुंह और नाक पर कोई कपड़ा जरूर बांधें। साथ ही, खाने-पीने की सभी चीजों को ढंक कर रखें।

अब जान लेते हैं इस मौसम में इलेक्ट्रॉनिक्स की देखभाल कैसे करें

  • बारिश से पहले वायरिंग चेक कर लें, कहीं कोई वायर कटी-फटी है, तो उसे ठीक करवा लें।
  • घर के सभी प्लग पॉइंट की अर्थिंग चेक कर लें, ताकि बारिश में करंट लगने का डर न रहे।
  • इन दिनों दीवारों में काफी नमी होती है, इसलिए इलेक्ट्रॉनिक आइटम को दीवार से दूर रखें।
  • होम थिएटर या प्लाज्मा टीवी के पास सिलिका पाउच रखें।
  • इलेक्ट्रॉनिक आइटम्स जैसे मोबाइल, कैमरा या लैपटॉप को नमी से बचाने के लिए इस्तेमाल के बाद उन्हें जिप पैक पाउच में रखें।
  • तेज तूफान या बिजली चमकते समय टीवी, फोन, फ्रिज आदि की safety के लिए उसे अन-प्लग कर दें।
  • अगर मोबाइल फोन में पानी चला जाए, तो उसकी बैटरी निकाल के रख दें और जब तक सूख न जाए तब तक इस्तेमाल न करें।
  • घर के बाहर लगे सभी इलेक्ट्रिक कनेक्शन को अच्छी तरह कवर कर दें।

चलते चलते छोटी-छोटी जरूरी बातों को भी जान लीजिए

डोरमैट: दरवाजे पर डोरमैट जरूर रखें, इस मौसम में रबर का मैट बेहतर ऑप्शन है।

फुटवियर: बारिश में फिसल कर गिरने का खतरा रहता है, इसलिए रेनी फुटवियर पहनना बेहतर होगा।

शू-रैक: मानसून में शू- रैक मेन डोर के दरवाजे के बाहर ही रखें। इससे गंदगी और नमी दोनों घर के अंदर नहीं आएगी।

रेन प्रोटेक्शन: अलमारी या दीवान में रखें पिछले साल का छाता, रेनकोट, रबर शूज और रेन जैकेट जैसी चीजें निकालकर उन्हें चेक कर लें।

स्कूल बैग: बच्चों के बैग में हमेशा एक बड़ा पॉलीथिन रखें, ताकि जरूरत पड़ने पर वे उसे इस्तेमाल कर सकें।