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अक्षय-अखि‍लेश के बाद अब PM मोदी करेंगे यूपी की इस बेटी का सम्मान

यूथ के लिए इन्सपिरेशन ताज नगरी की नाज‍िया को वीरता अवॉर्ड के लिए चुना गया है।

Danik Bhaskar | Jan 12, 2018, 10:47 AM IST
बहादुरी के लिए अक्षय कुमार ने बहादुरी के लिए अक्षय कुमार ने

आगरा (यूपी). यूथ के लिए इन्सपिरेशन ताज नगरी की नाज‍िया खान को 'वीरता अवॉर्ड' के लिए चुना गया है। गणतंत्र दिवस के मौके पर पीएम नरेंद्र मोदी लाल किले से नाज‍िया को बहादुरी के इस अवॉर्ड से सम्मान‍ित करेंगे। बता दें, एक समय एेसा था जब नाज‍िया ने बहादुरी दिखाने के बाद दबंगों की दुश्मनी का इतना टॉर्चर झेला कि वह घर बेचकर पलायन करने तक की सोचने लगी थी। लेकिन, हिम्मत नहीं हारी और डटी रही। नाजिया ने बताया, ''पिता हामिद के साथ दिल्ली जाना है, पीएम से महिलाओं की सुरक्षा की बात करूंगी और अपनी परेशानी भी शेयर करूंगी। पूरी उम्मीद है कि पीएम मदद करेंगे।'' नेशनल यूथ डे के मौके पर DainikBhaskar.com आपको नाज‍िया की इन्सपिरेशनल स्टोरी बता रहा है।

दबंगों से अकेले भि‍ड़कर छह साल की बच्ची को बचाया


- नाज‍िया ने मंटोला थाना क्षेत्र में 7 अगस्त 2015 को एक छह साल की बच्ची का अपहरण होने से रोका। अकेले ही बदमाशों से भिड़ गए और उन्हें बाइक से गिरा दिया था। लोगों की भीड़ आने पर बदमाश नाजिया को घायल कर भाग गए, लेकिन बच्ची का अपहरण होने से बच गया था।

- इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने नाज‍िया को 'रानी लक्ष्मीबाई पुरस्कार' से नवाजा था।

- इसके बाद 8 मार्च 2016 को अक्षय कुमार ने एक चैनल के कार्यक्रम में सम्मानित किया था। इस कार्यक्रम में एक्ट्रेस ईशा गुप्ता और इलियाना डिक्रूज भी शामिल हुई थीं।

- योगी सरकार की अोर से भी बहादुरी के लिए नाज‍िया को पुरस्कृत किया था।

पलायन करने की सोचने लगी थी नाजि‍या

- नाजिया की बहादुरी के चर्चे होने के बाद उसने दोबारा पड़ोस के मकान में चल रही सट्टे की गद्दी का विरोध किया।
- यहां लोग शराब पीकर आते थे और महिलाओं से बदतमीजी करते थे। नाजिया के विरोध के बाद सट्टे का काम बंद हो गया।
- इसके बाद कई बार पड़ोसियों से झगड़ा हुआ। नाजि‍या ने अखिलेश यादव को ट्वीट कर मदद मांगी तो मीडिया हाइप होने के कारण प्रशासन परेशान हुआ और उसे समझा बुझा कर कार्यवाही का आश्वासन दिया। इसके बाद सब ठीक होने की बात लिखवा ली गई।
- इतने के बाद भी परिजनों पर अत्याचार बंद नहीं हुआ। आए दिन पड़ोसी घर में घुस कर रेप करने और भाई की हत्या की धमकी देते थे।
- घर की छत मिली होने के कारण पड़ोसी जब चाहें घर में घुस सकते थे। परेशान होकर नाजिया ने अपनी छत की दीवार ऊंची कराई।
- दीवार बनवाते ही पड़ोसी घर घुस आए और नाजिया, उसकी बहन और मां को बुरी तरह पीटा और कपड़े फाड़ दिए।
- आरोप था कि थाना इंचार्ज को फोन करने पर वो आए और उल्टा उन्हें गलत बताना शुरू कर दिया।
- अधिकारियों ने आकर जांच की तो नाजिया का दीवार उठाना पूरी तरह लीगल निकला, लेकिन फिर भी पुलिस ने उसके परिवार को 107/16 में पाबंद कर दिया, जिसके बाद नाजिया ने परिवार सहित पलायन की ठान ली।
- घर पर बोर्ड लगा दिया, लेकिन दबंगों के डर से उसका मकान भी किसी ने नहीं खरीदा।
- दबंग पड़ोसी जो पहले मकान की दोगुनी कीमत देने का ऑफर देते थे, वो भी अब मकान खरीदने को तैयार नहीं थे। क्योंकि, उन्हें मालूम था कि यह अब हार चुके हैं। लेकिन नाजिया ने अभी हार नहीं मानी है। नाजि‍या आज भी उन दबंगों के खिलाफ लगाए मुकदमों की पैरवी कर रही है और सट्टा शुरू नहीं होने दिया है।

क्यों मनाया जाता है यूथ डे?


- इंडिया में स्वामी विवेकानंद की बर्थ एनवर्स‍िरी 12 जनवरी को हर साल राष्ट्रीय युवा दिवस के रूप में मनाया जाता है।
- संयुक्त राष्ट्र संघ के निर्णय के मुताबिक, 1984 को 'अंतरराष्ट्रीय युवा ईयर' घोषित किया गया था। इसके महत्व का विचार करते हुए भारत सरकार ने घोषणा की कि सन 1984 से 12 जनवरी यानि स्वामी विवेकानंद के बर्थडे का दिन राष्ट्रीय युवा दिवस के रूप में देशभर में मनाया जाए।
- भारत सरकार का विचार था- ''स्वामी जी का दर्शन-स्वामी जी के जीवन में निहित उनका आदर्श, यही भारतीय युवकों के लिए प्रेरणा का बहुत बड़ा स्रोत हो सकता है।''