मथुरा / लट्‌ठमार होली के रंग में डूबा बरसाना, राधारानी के गांव पहुंचकर हुरियारों ने खेली होली

Dainik Bhaskar

Mar 16, 2019, 08:35 AM IST


Lathmar Holi 2019 In Barsana bigins today
X
Lathmar Holi 2019 In Barsana bigins today
  • comment

  • देश विदेश से हजारों श्रद्धालु पहुंचे हैं बरसाना
  • रंगीली गली में जमकर बरसा अबीर गुलाल 
  • गुरुवार को खेली गई थी लड्डू मार होली

मथुरा. होली पर परंपरा, आस्था और भक्ति के रंग में पूरा ब्रज डूबा हुआ है। लठमार होली खेलने के लिए नंदगांव से हुरियारे राधारानी के गांव बरसाना पहुंचे। यहां पहले से ही हाथों में प्रेमपगी लाठियां लिए सजी-धजी हुरियारिनें ने रंगीली गली में उनके साथ जमकर होली खेली। लठमार होली को देखने के लिए देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु बरसाना आए हैं। रंगीली गली में अबीर गुलाल के साथ प्रेमरंग बरस रहा है। 

 

भगवान श्रीकृष्ण की जन्मभूमि मथुरा की होली को देखने देश ही नहीं विदेशों से भी सैलानियों की भीड़ उमड़ती है। होली में ब्रज की होली की छटा ही अलग है, जहां देश के दूसरे हिस्सों में रंगों से होली खेली जाती है वहीं सिर्फ मथुरा एक ऐसी जगह है जहां रंगों के अलावा फूलों से भी होली खेलने का रिवाज है। ज्यादातर जगहों पर जहां होली 1 दिन खेली जाती है, वहीं मथुरा, वृंदावन, गोकुल, नंदगांव, बरसाने में कुल एक हफ्ते तक होली चलती है।

 

बरसाना में लठमार होली फाल्गुन मास की शुक्ल पक्ष की नवमी को मनाई जाती है। यह होली बहुत ही शुभ मानी जाती है। मान्यता है कि बरसाने की महिलाएं की लाठी जिसके सिर पर छू जाए, वो सौभाग्यशाली माना जाता है। लठमार होली के लिए एक महीने पहले से ही तैयारियां शुरू हो जाती हैं। इससे एक दिन पहले बरसाना में लड्डू होली खेली गई। 

 

मान्यता है कि बरसाना श्रीकृष्ण का ससुराल है और कन्हैया अपनी मित्र मंडली के साथ ससुराल बरसाना में होली खेलने जाते थे। वो राधा व उनकी सखियों से हंसी ठिठोली करते थे तो राधा व उनकी सखियां नन्दलाल और उनकी टोली (हुरियारे) पर प्रेम भरी लाठियों से प्रहार करती थीं। 

 

बरसाना की लट्ठमार होली देखने के लिए बहुत बड़ी संख्या में पर्यटक यहां पहुंचते हैं। यूं तो ब्रज में होली का पर्व डेढ़ माह से भी लंबे समय तक मनाया जाता है। यहां हर तीर्थस्थल की अपनी अलग परम्परा है और होली मनाने के तरीके भी एक-दूसरे से बहुत भिन्न हैं जिनमें बरसाना और नन्दगांव की लट्ठमार होली बिल्कुल ही अलग है।

 

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज ने बताया, ‘बरसाना के मेला परिसर को तीन जोन और 13 सेक्टरों में विभाजित कर चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैनात किया गया है।' उन्होंने बताया कि मेले में 12 पार्किंग स्थल और 24 बैरियर लगाए गए हैं। अधिकाधिक भीड़ वाले इलाकों में सीसीटीवी नेटवर्क स्थापित करने के अलावा पूरे इलाके में ड्रोन कैमरों तैनात किए गए हैं।

COMMENT
Astrology
Click to listen..
विज्ञापन
विज्ञापन