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मंत्री नंदी ने विवादित बयान पर चिट्टी लिखकर मांगी माफी,होली पर आए व्हाट्सएप मैसेज को था पढ़ा

मंत्री ने चिट्टी में लिखा कि,होली पर आए एक व्हाट्सएप मैसेज को पढ़ा था,जिसका शीर्षक था बुरा न मानो होली है।

Danik Bhaskar | Mar 07, 2018, 03:16 PM IST
उन्होंने चिट्टी में लिखा कि, होली पर आए एक व्हाट्सएप मैसेज को पढ़ा था, जिसका शीर्षक था बुरा न मानो होली है। उन्होंने चिट्टी में लिखा कि, होली पर आए एक व्हाट्सएप मैसेज को पढ़ा था, जिसका शीर्षक था बुरा न मानो होली है।
लखनऊ. आखिकार योगी सरकार के  कैबिनेट मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता नंदी ने चिट्ठी लिखकर अपने बयान पर माफी मांग ली हैं। उन्होंने चिट्टी में लिखा कि,होली पर आए एक व्हाट्सएप मैसेज को पढ़ा था, जिसका शीर्षक था बुरा न मानो होली है। उन्होंने लिखा कि, इतिहास गवाह है कि, मेरा जनतांत्रिक मूल्यों और संसदीय भाषा में पूरा विश्वास है यदि मेरे वजह से किसी को भी पीड़ा पहुंची हो तो मैं व्यक्तव्य वापस लेता हूँ।  बता दें, 4 मार्च रविवार को सीएम योगी की जनसभा में कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल नंदी ने मुलायम को रावण और मायावती को शूर्पनखा बताया था। 
 
विवादित बयान से बीजेपी ने किया था खुद को अलग 
-बीते मंगलवार को डिप्टी सीएम दिनेश शर्मा ने कहा कि राजनीति में शुचिता, सम्मान और शब्दों का संयम बहुत जरूरी है। 

-अगर किसी के प्रति ऐसे भाव हैं जिससे किसी को तकलीफ पहुँचती है तो बीजेपी ने इसे कभी स्वीकार नहीं किया है न ही हमारे पीएम ने और न ही हमारे सीएम ने। 

-उन्होंने कहा कि मंत्री से भी बात कर उनका पक्ष जाना जायेगा कि उन्होंने किस सन्दर्भ में क्या कहा है।
  श्रीकांत शर्मा ने कहा यह बीजेपी का बयान नहीं
-योगी सरकार के प्रवक्ता और कैबिनेट मंत्री श्रीकांत शर्मा ने कहा कि किसी के बारे में भी कोई अपशब्द कहा जाता है तो उसे बीजेपी स्वीकार नहीं करती है। 

-यह बीजेपी की नीति है। कोई भी हो शब्दों की मर्यादा बनी रहनी चाहिए। अगर किसी ने भी ऐसा बयान दिया है तो वह गलत है। यह स्वीकार योग्य नहीं है।

इलाहाबाद में मंत्री के खिलाफ दी गयी तहरीर
-वहीं कैबिनेट मिनिस्टर नंद गोपाल नंदी के खिलाफ इलाहाबाद में विपक्ष भड़का हुआ है। बसपा की जिला इकाई ने उनके बयान को मायावती की मानहानि बताते हुए उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने की तहरीर दी है। 
-वहीँ समाजवादी पार्टी ने मंत्री का पुतला फूंक कर अपना विरोध दर्ज कराया है।

क्या कहना है पुलिस का?

-वहीँ धूमनगंज थाना प्रभारी इंस्पेक्टर केपी सिंह ने बताया कि तहरीर मिली है। जांच के बाद मामले में कार्यवाही की जाएगी।

वाराणसी में बोले दलितों के घर टंगी है हमारी और पत्नी की फोटो

-रविवार को विवादित बयान देने के बाद नंद गोपाल नंदी ने सोमवार को वाराणसी पहुँच कर मायावती पर पलटवार किया. 
-उन्होंने कहा कि मायावती खुद बहुत कंफ्यूज हैं। दलित वोटो को मायावती ने बेचा है। दलितों के घरों में हमारी और हमारी पत्नी की तस्वीर लगी है। दलितों के सारे वोट बीजेपी को ही मिलेंगे।
-उन्होंने कहा मायावती का कभी दलितों की भलाई का एजेंडा ही नही था। दलितों के वोट को मायावती ने बेचा है। अब दलित समाज इनके बात में आने वाले नही है।

इन मामलों में चर्चा में रहे
- 26 जनवरी 2018 को अपने ड्राइवर को इलाहाबद चलने का दबाव बनाने पर न मनाने पर उसकी पिटाई कर दी थी। साथी की पिटाई से नाराज संघ सदस्यों मंत्री निवास घेर लिया था। यहीं नहीं राज्य संपत्ति के अधिकारियों का कहना है कि, बीते 11 महीनों में मंत्री के 9 ड्राइवर बदले जा चुके हैं। 
- 14 नवंबर 2017 को नंदी का एक वीडियो वायरल हुआ था। जिसमें वह पार्टी वर्कर से पैर दवबाते हुए नजर आ रहे थे। नंदी के ऊपर के 23 मुकदमे चल रहे हैं।

घर के बाहर हुआ था बम से हमला
- वर्ष 2008 में बसपा के टिकट पर पहली बार विधायक बनने के बाद नंदी को मायावती सरकार में कैबिनेट मंत्री बनाया गया था। इस दौरान घर के बाहर बम से हुए हमले के बाद वह चर्चा में आए थे। इस हमले में पांच लोगों समेत मंत्री नंदी भी घायल हुए थे। फिलहाल इस मामले में दो साल की फरारी के बाद सपा के बाहुबली एमएलए विजय मिश्रा को मुंबई से अरेस्ट किया गया था। 
 


 
 



उन्होंने चिट्टी में लिखा कि, होली पर आए एक व्हाट्सएप मैसेज को पढ़ा था, जिसका शीर्षक था बुरा न मानो होली है। उन्होंने चिट्टी में लिखा कि, होली पर आए एक व्हाट्सएप मैसेज को पढ़ा था, जिसका शीर्षक था बुरा न मानो होली है।