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10 Min पहले फोन पर पत्नी से बोले-अभी कॉल करता हूं, फ‍ि‍र घर पहुंची थी बॉडी

24 जून 2017 को साहब शुक्ला शहीद हो गए थे।

Dainikbhaskar.com | Last Modified - Jan 15, 2018, 02:59 PM IST

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    शहीद साहब शुक्ला सीज फायर के दौरान शहीद हो गए थे।

    गोरखपुर (यूपी). श्रीनगर के पंथा चौक पर 24 जून 2017 को सीआरपीएफ की रोड ओपनिंग पार्टी पर पाकिस्तानी लश्कर आतंकियों ने हमला कर दिया। जवाबी कार्रवाई में गोरखपुर के साहब शुक्ला शहीद हो गए। हमले से 10 मिनट पहले उन्होंने पत्नी बात की थी और बोले थे- 'थोड़ी देर बाद कॉल करता हूं।' हमले के बाद कुछ आतंकी श्रीनगर-जम्मू नेशनल हाईवे पर स्थित एक निजी स्कूल की बिल्ड‍िंग में जा घुसे, जिसे सीआरपीएफ और पुलिस ने घेराबंदी कर आतंकियों को भून दिया।

    CM ने किया था मदद का वादा...

    - 25 जून को शहीद का पार्थिव शरीर पुरे राजकीय सम्मान के साथ गोरखपुर लाया गया। अगली सुबह प्रदेश के सिचाई और गोरखपुर के प्रभारी मंत्री धर्मपाल सिंह के नेतृत्व में शहीद को अंतिम विदाई दी गई।
    - 12 दिनों तक कोई ना कोई नेता व अधिकारी शहीद के घर पहुंचा और परिवार के लोगो का आश्वासन देता रहा। किसी ने शहीद के नाम पर सड़क बनवाने का वादा किया तो किसी ने शहीद की मूर्ति लगवाने का।
    - इस दौरान सीएम योगी आदित्यनाथ शहीद के गांव जाकर हर संभव मदद करने का आश्वासन दिया, लेकिन आज 6 माह बाद भी कोई मदद नहीं मिली।

    घर के अकेले कमाने वाले थे शख्स
    - शहीद की पत्नी शोभा ने कहा, ''पूरे परिवार में वहीं एक कमाने वाले सदस्य थे। घर में छोटे बेटे की शादी में आने के लिए 40 दिन की छुट्टी पर आए हुए थे।''
    - ''छुट्टी खत्म होने के बाद वे वापस ड्यूटी पर चले गए। घटना वाले दिन उनसे दिन में 4-5 बार बात भी हुई थी। गोली लगने से 10 मिनट उनसे बात हुई थी और उन्होंने बोला- थोड़ी देर में बात करता हूं।''
    - ''फोन कट होने के बाद उनकी गाड़ी पर अटैक हुआ और वो खुद कमांड कर रहे थे। लड़ते समय वो आतंकियों की गोली से शहीद हो गए।''

    फौजियों का बढ़ाया जाए वेतन
    - ''फौजियों की तनख्वा बहुत कम होती है, जबकी उनकी ड्यूटी सबसे कठिन होती है। इतने कम पैसे में एक फौजी अपने परिवार को अच्छे से नहीं पाल सकता।''
    - ''फौजी शहीद हो जाता है तो सरकार लाखों, करोड़ों देती है आखिर वो पैसा किस काम का है। जब आदमी ही जिंदा ना रहे।''

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    शहीद की पत्नी बोली- लोगों ने बस आश्वासन दिया।
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    घटना से 10 मिनट फोन पर बात की थी।
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Web Title: Army Day Special Story In Gorakhpur
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