--Advertisement--

गोरखपुर में इंसेफ्लाइटिस का हो रहा आयुर्वेदिक इलाज, पाइलट प्रोजेक्ट के लिए चुने गए पांच गावों में नहीं हुई इस बार कोई मौत

गोरखपुर से तकरीबन 20 किमी दूर सहजनवा क्षेत्र भी इंसेफ्लाइटिस से अछूता नहीं है।

Dainik Bhaskar

Sep 07, 2018, 02:55 PM IST
ayurvedic treatment is started in gorakhpur for encephalitis

गोरखपुर. गोरखपुर से तकरीबन 20 किमी दूर सहजनवा क्षेत्र भी इंसेफ्लाइटिस से अछूता नहीं है। पिछले साल यहां कई बच्चों की जाने गई थी लेकिन इस बार यहां के पांच गाँव में बच्चों को आयुर्वेद की दवाएं पिलाई गयी। जिससे इस बार यहां के नौनिहाल अब खिलखिला रहे हैं और गाँव में ख़ुशी की लहर है।

क्या है मामला: पिछले 9 महीने से केजीएमयू के चिकित्सक आरोग्य भारती के साथ मिलकर सहजनवा के भड़साड़, तेलियाडीह, गोपलापुर, चिरैयागाँव और परसाडाढ़ गाँव के बच्चों को स्वर्णभस्म और अन्य आयुर्वेदिक जड़ी बूटियों को मिलाकर बनाये गए प्राशन की चार चार बूंदे पुष्य नक्षत्र में बच्चों को दी जाती रही है। जिससे बच्चे इस बार इंसेफ्लाइटिस के चपेट में आने से बच गए।

क्या कहते हैं चिकित्सक: केजीएमयू के डॉ. अभय नारायण का दावा है कि पिछले वर्ष लगभग 10 हजार तक की आबादी वाले इन पांचो गाँव में कई मासूम इंसेफ्लाइटिस की चपेट में आये थे। जिनमे कुछ की मौत भी हुई थी लेकिन इस बार आयुर्वेद दवा की वजह से एक भी बच्चे को इंसेफ्लाइटिस नहीं हुआ है। जबकि सहजनवा का भड़सार और अन्य गाँव इंसेफ्लाइटिस को लेकर खासे संवेदनशील माने जाते है।

मंत्री भी पहुंचे: इस अभियान की सफलता से खुश केजीएमयू के डाक्टरों के साथ ही स्थानीय विधायक और अन्य जनप्रतिनिधियो ने आज भड़सार में एक बड़े निशुल्क कैम्प का आयोजन किया। जिसमे प्रदेश सरकार में मंत्री मुकुट बिहारी वर्मा ने भी हिस्सा लिया। इस मौके पर मंत्री जी ने खुद अपने हाथो से कुछ बच्चों को स्वर्णप्राशन कराया और इसका आगे भी अन्य प्रभावित क्षेत्रो में चलाने की बात कही। चिकित्सकों ने बताया कि यह दवा शुद्ध सोने, गाय के घी, शहद, अश्वगंधा, ब्राहमी, वचा,गिलोय, शखपुष्पी, जैसी औषधियों से तैयार की जाती है और यह दवा 6 महीने से लेकर 16 वर्ष तक के बच्चों को पुष्य नक्षत्र में पिलाई जाती है जिसका असर चार से छ महीने में दिखने लगता है। अब आयुष विभाग इसे इस दवा को अन्य क्षेत्रो में उपयोग के लिए सरकार को पत्र लिखा है।

X
ayurvedic treatment is started in gorakhpur for encephalitis
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..