• Hindi News
  • Uttar pradesh
  • Jhansi
  • इंटरव्यू में कैंडिडेट्स से होते हैं ऐसे सवाल, UPSC result 2017: Arif Khan from Jhansi Got 850th rank
--Advertisement--

रेप के आरोपी को फांसी देना क्या सही है? ऐसे सवालों के जवाब देकर चौथी बार में क्रैक किया UPSC एग्जाम

झांसी के रहने वाले आरिफ खान ने 850th रैंक हासिल की है।

Dainik Bhaskar

Apr 30, 2018, 11:43 AM IST
बेटे की कामयाबी के बाद खुशी से उसे चूमते मां-बाप बेटे की कामयाबी के बाद खुशी से उसे चूमते मां-बाप

झांसी. यूपीएससी ने 2017 में सिविल सर्विसेज एग्जामिनेशन की लिखित परीक्षा और 2018 में इंटरव्यू के आधार पर शुक्रवार को नतीजों का एलान किया। इसमें झांसी के रहने वाले आरिफ खान ने 850th रैंक हासिल की है। अभी वह नागपुर में जीएसटी ऑफिसर हैं। यूपीएससी में उनका यह चौथा प्रयास था। इस बार हैदराबाद के अनुदीप दुरिशेट्टी टॉपर रहे। वहीं, सोनीपत (हरियाणा) की अनु कुमारी सेकंड और सिरसा (हरियाणा) के सचिन गुप्ता ने 3rd रैंक पाया।आरिफ ने DainikBhaskar.com से इंटरव्यू में पूछे गए कुछ सवाल शेयर किए हैं। पिता के नाम पर पड़ा था चौराहे का नाम...

- आवास विकास के फौजी चौराहा के रहने वाले आरिफ ने बताया, 'मैंने 2005 में सेंट्रल स्कूल से 88.40 पर्सेंट के साथ हाईस्कूल पास किया और इंटरमीडिएट में 85 परसेंट मार्क्स आए थे।
- स्कूलिंग के समय से ही इंजीनियर बनने का मेरा सपना था जो 2008 में पूरा हुआ और आईआईटी कानपुर से मैंने बायो इंजीनियरिंग में बीटेक किया।
- इसके बाद स्नैपडील में 14 लाख के पैकेज पर सॉफ्टवेयर इंजीनियर के पद पर मेरा चयन हो गया।
- 1 साल तक मैंने इस कंपनी में काम किया लेकिन मेरे दिल को सुकून ना मिला।
- मैंने UPSC के एग्जाम देने की ठान ली और एक साल बाद नौकरी से इस्तीफा देकर 2014 में पहली बार परीक्षा में शामिल हो गया।
- किस्मत ने मेरा साथ नहीं दिया और 7 नंबर से रह गया फिर 2015 में शामिल हुआ और 9 नंबर से रह गया।
- दो बार एग्जाम देने के बाद निराशा मेरे हाथ लगी और मैं डिप्रेशन में जाने लगा उस वक्त मेरी मां और पापा ने सहारा दिया और मेरा हौसला बढ़ाया।
- दो बार लगातार असफलता मिलने के बाद मैंने सरकारी नौकरी के लिए आवेदन किया और 2016 में नागपुर में गुड्स एंड सर्विस टैक्स ऑफिसर के पद पर नियुक्त हो गया।
- 2017 में तीसरी बार परीक्षा में शामिल हुआ तो 5 नंबर से चूक गया।
- नौकरी के साथ-साथ सिविल सेवा सर्विस के लिए कोचिंग करने का वक्त नहीं मिला तो मैं न्यूज़पेपर, मैगजीन और करंट अफेयर्स की बुक्स पढ़ता रहा।
- आरिफ के पिता का नाम जाफर अली खान है। वह फौज से रिटायर है और उनकी चौराहे पर जनरल स्टोर की दुकान है। इसी वजह से इस चौराहे को फौजी चौराहा पड़ गया।

इन सवालों का जवाब देकर हुआ चयन

Q. रेप की घटनाओं को रोकने के लिए क्या आरोपी को फांसी की सजा देना सही है?
A. ये इसका समाधान नहीं है। दरअसल, सबूत मिटाने के लिए ऐसे केस में आरोपी विक्टिम को मार सकता है। हमारी कोशिश होनी चाहिए कि समाज सुधरे, क्योंकि रेप के आरोपी भी इसी समाज से आते हैं।

Q. अगर आप की पोस्टिंग डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट के तौर पर कश्मीर में है और आप पर टेररिस्ट अटैक होता है, तब आप क्या करेंगे?
A. ऐसे में, मेरी कोशिश यही रहेगी कि आतंकी जिंदा पकड़ा जाए, ताकि ज्यूडिसियरी के तहत उन्हें सजा मिल सके।

Q. आप IIIT से हैं तो इंजीनियरिंग में क्यों नहीं गए, IAS-IPS ही क्यों बनना चाहते हैं?
A. सिविल सर्विसेस एडमिनिस्ट्रेशन का बैकबोन है। इसके जरिए हम गवर्नमेंट की फैसिलिटीज को पब्लिक को प्रोवाइड करा सकते हैं।

Q. अगर आप डिस्ट्रिक्ट मजिस्ट्रेट बन जाते हैं, तो आपके क्या-क्या पैरामीटर्स होंगे और कैसे सुधार करेंगे?
A. मैं सबसे पहले एकाउंटेबिलिटी लाऊंगा। अपने काम में ट्रांसपेरेंसी लाऊंगा। लोगों का पार्टिसिपेशन बढ़ाऊंगा। साथ ही सर्विसेज और स्कीम पर ज्यादा ध्यान दूंगा।

Q. हमारे डिफेंस समझौते हो रहे हैं। उनके तहत हम ब्रह्मोस मिसाइल एक्सपोर्ट कर रहे हैं, क्या यह करनी चाहिए?
A. हां, क्योंकि इससे हमारी डिफेंस पॉलिसि मजबूत होगी। हम टॉप-5 इम्पोर्ट करने वालों में है। ऐसे में एक्सपोर्ट करने और आर्म्स खुद डेवलप करने से हमारी टेक्नोलॉजी बढ़ेगी।

180 आईएएस बनेंगे और 42 आईआरएस
- कामयाब रहे कुल 990 कैंडिडेट्स में से 180 आईएएस अफसर बनेंगे। भारतीय विदेश सेवा के लिए 42, भारतीय पुलिस सेवा के लिए 150, केंद्रीय सेवा ग्रुप (क) के लिए 565 और ग्रुप (ख) सेवाओं के लिए 121। कामयाब उम्मीदवारों में 476 जनरल, 275 ओबीसी, 165 एससी और 74 एसटी कैटेगरी के हैं। यूपीएससी मेन्स की परीक्षा 28 अक्टूबर, 2017 को हुई थी।

पिछले साल कर्नाटक की नंदिनी ने किया था टॉप
- पिछले साल कर्नाटक की नंदिनी के आर ने टॉप किया था। उन्होंने इस एग्जाम में कर्नाटक लिटरेचर को ऑप्शनल सब्जेक्ट के तौर पर चुना था। अनमोल शेर सिंह बेदी दूसरे और और गोपालकृष्ण रोनांकी को तीसरा स्थान हासिल हुआ था।
- साल 2016 की सिविल सेवा परीक्षा में 1099 उम्मीदवार सफल हुए थे। 220 कैंडिडेट्स का नाम वेटिंग लिस्ट में था।
- बता दें कि सिविल सर्विसेस एग्जाम यूपीएससी द्वारा तीन चरणों प्रारंभिक, मैन और इंटरव्यू में संचालित करता है। इस एग्जाम के जरिए इंडियन एडमिनिस्ट्रेटिव सर्विस (आईएएस), इंडियन फॉरेन सर्विस (आईएफएस) और इंडियन पुलिस सर्विस (आईपीएस) के चुने जाते हैं।

यूपीएससी क्रैक करने के बाद आरिफ के घर में जश्न का माहौल है। यूपीएससी क्रैक करने के बाद आरिफ के घर में जश्न का माहौल है।
झांसी के आरिफ खान ने यूपीएससी एग्जाम में 850 रैंक हासिल की है। झांसी के आरिफ खान ने यूपीएससी एग्जाम में 850 रैंक हासिल की है।
X
बेटे की कामयाबी के बाद खुशी से उसे चूमते मां-बापबेटे की कामयाबी के बाद खुशी से उसे चूमते मां-बाप
यूपीएससी क्रैक करने के बाद आरिफ के घर में जश्न का माहौल है।यूपीएससी क्रैक करने के बाद आरिफ के घर में जश्न का माहौल है।
झांसी के आरिफ खान ने यूपीएससी एग्जाम में 850 रैंक हासिल की है।झांसी के आरिफ खान ने यूपीएससी एग्जाम में 850 रैंक हासिल की है।
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..