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ठंड से बचाए जा रहे भगवान, मंदिर में किए गए हैं ऐसे खास इंतजाम

मंदिर प्रशासन ने शिवलिंग के जलाभिषेक पर भी रोक लगा दी है।

Danik Bhaskar | Dec 27, 2017, 08:35 PM IST
ठंड से बचाने के लिए देवी-देवताओं को खास भोग तरह का भोग लगाया जा रहा है। ठंड से बचाने के लिए देवी-देवताओं को खास भोग तरह का भोग लगाया जा रहा है।

कानपुर. लगातार बढ़ते ठंड के प्रकोप से जहां एक तरफ आम आदमी अलाव, रूम हीटर और ब्लोवर का सहारा ले रहे है। वहीं, मंदिरों में भी देवी-देवताओं के लिए ठंड से बचने के खास इंतजाम किए जा रहे हैं। साथ ही शिवलिंग के जलाभिषेक पर भी रोक लगा दी गई है। देवी-देवताओं को पहनाए गए शॉल...

बिरहान रोड स्तिथ वैभव लक्ष्मी मंदिर में पुजारियों द्वारा देवी-देवताओं को ठंड से बचाने के लिए खास प्रबंध किए गए हैं। देवी-देवताओं की मूर्तियों को जहां एक तरफ शॉल पहनाया गया है। वहीं, उनके सामने ब्लोवर भी लगाए गए हैं।

शिवलिंग पर जलाभिषेक से रोक

इसके साथ ही मंदिर प्रबंधन ने शिवलिंग पर जलाभिषेक करने से भी रोक लगा दी है और शिवलिंग के बगल में आग जलाई जा रही है। वहीं, भगवान के भोग को भी ठंड के चलते बदल दिया गया है। वैसे तो आम तौर पर भगवान को पेड़े-बर्फी से भोग लगाया जाता था, लेकिन ठंड को देखते हुए अब भगवान को काजू-बादाम-चिरौजी और गर्म दूध से भोग लगाया जा रहा है।

'ठंड से रुका जलाभिषेक'

कमला तिवारी ने बताया कि वो हर दिन मंदिर आकर शिवलिंग पर जलाभिषेक करती हैं, लेकिन ठंड की वजह से इस पर रोक लगी हुई है।

'भगवान को भी होती है दिक्कत'

मंदिर के पुजारी अनूप कपूर के मुताबिक, मंदिर प्रशासन ने भगवान को ठंड से बचाने के लिए ब्लोवर की व्यवस्था की है। साथ हीदेवी-देवताओं को गर्म शॉल पहनाया गया है। जैसे आम आदमी को ठंड में पानी से दिक्कत होती है, वैसे ही भगवान को भी दिक्कत होती है। इस लिए जलाभिषेक पर रोक लगी है।

देवी-देवताओं को ठंड से बचाने के लिए शॉल पहनाया गया है। देवी-देवताओं को ठंड से बचाने के लिए शॉल पहनाया गया है।