Hindi News »Uttar Pradesh News »Lucknow News »News» CM Will Take Back Feeding Of Officers From MP

सांसदों से ब्यूरोक्रेट्स का कैरेक्टर पूछेंगे योगी, फिर सरकार लेगी ये फैसला

dainikbhaskar.com | Last Modified - Dec 29, 2017, 03:30 PM IST

शुक्रवार को 27 सांसदों के साथ सीएम एनेक्सी में करेंगे चर्चा
  • सांसदों से ब्यूरोक्रेट्स का कैरेक्टर पूछेंगे योगी, फिर सरकार लेगी ये फैसला
    +1और स्लाइड देखें
    खफा सांसदों से बात करेंगे योगी
    लखनऊ.लोकसभा चुनाव की उल्टी गिनती शुरू होने से पहले भाजपा कील-कांटा दुरुस्त करने में जुट गयी है। पहले दौर में यूपी की ब्यूरोक्रेसी से नाराज सांसदों से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद फीडबैक, उनकी समस्या और बे अंदाज अधिकारियों के बारे में जानकारी जुटानी शुरू की है। गुरुवार की शाम कुछ सांसदों से बातचीत के बाद शुक्रवार को 27 एेसे सांसदों को बुलाया गया है, जिनके तेवर तल्ख हैं। सांसदों से मिले फीडबैक के आधार पर यूपी गर्वमेन्ट आगे की रणनीति तय करेगी। कहा जा रहा है कि अवैध खनन, लाॅ एंड आर्डर, विकास कार्यो में ढिलाई और जनप्रतिनिधियों की नाराजगी सांसदों की नाराजगी का मुख्य कारण है। संकेत है कि सरकार जल्द ही बड़े पैमाने पर अधिकारियों के तबादले करेगी।
    डीएम से लेकर थानेदार तक की मनमानीं से नाराज हैं सांसद
    - यूपी में भाजपा की सरकार बनने के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ ने ब्यूरोक्रेसी और उनके अधीनस्थ अधिकारियों के कामकाज में राजनीतिक हस्तक्षेप न करने की हिदायत दी थी।
    - मंशा थी कि विकास कार्यों की क्वाालिटी बढ़ेगी। करप्शन पर रोक लगेगी। लेकिन हुआ उसके उलट। अधिकारियों की कार्यशैली मनमानी वाली हो गई। शिकायतों में इजाफा होने लगा। ज्यादातर शिकायतें ब्लाॅक लेवल से लेकर थानेदारों तक की है।
    - जिलाधिकारियों पर सांसदों, विधायकों की बातों को अनसुना करने का आरोप है। कई जिलों से तानाशाही की शिकायतें भी हैं।
    - कई दौर की बैठकों के बाद ठोस समाधान नहीं निकला। जिसका सीधा इफेक्ट निकाय चुनावों पर पड़ा और देहात क्षेत्रों में भाजपा को अपेक्षित सफलता नहीं मिली। पाॅलिटिकल एक्सपर्ट वीर बहादुर मिश्रा के अनुसार ये खुद को भाजपाई कहने वाले अफसरों ने उसको बहुत नुकसान पहुंचाया है। सिर्फ वादे और काम टालने की आदत से यूथ भाजपा से नाराज हुआ। इसकी योगी आदित्यनाथ को अंदाजा हो गया है, लिहाजा वह सांसदों से फीडबैक लेकर नौकरशाही की लगाम कसने की तैयारी में हैं।
    मुख्य सचिव ने लेटर जारी करके भाजपा के नेताओं का सम्मान करने को कहा
    - जनता की प्राब्लम लेकर जाने वाले सांसद, विधायकों को सम्मान देने के साथ उनके काम को प्राथमिकता देने के लिए चीफ सेक्रेट्री राजीव कुमार ने जिलों के अधिकारियों को लेटर लिखाा था।
    - बावजूद कोई सुधार नहीं आया, यहां तक की खुद भाजपा गठंबधन में मंत्री बनें कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने यहां तक कहा दिया कि- यदि उनके जिले गाजीपुर के डीएम का ट्रांसफर नहीं होता है, तो वो इस्तीफा देने को भी तैयार ह।ं।
    - इसी तरह चित्रकूट, हमीरपुर के डीएम पर भाजपा के सांसदों ने खुद भ्रश्टाचार का आरोप लगाते हुए सीएम को लेटर भी लिख दिया।
    सरकार फीडबैक लेती रहती है
    सरकार के प्रवक्ता सिद्धार्थनाथ सिंह का कहना है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सांसदों से उनकी समस्याएं जानकार उसे हल करने की पहल कर रहे हैं। इससे पहले कोई भी मुख्यमंत्री सांसदों की समस्याओं को दूर करने के लिए चाय पर नहीं बुलाता था। इसके पीछे राज्य के विकास तेज करने की मंशा है।
  • सांसदों से ब्यूरोक्रेट्स का कैरेक्टर पूछेंगे योगी, फिर सरकार लेगी ये फैसला
    +1और स्लाइड देखें
    भाजाप के 27 सांसद मिलेंगे सीएम से
आगे की स्लाइड्स देखने के लिए क्लिक करें
दैनिक भास्कर पर Hindi News पढ़िए और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट | अब पाइए Lucknow News in Hindi सबसे पहले दैनिक भास्कर पर | Hindi Samachar अपने मोबाइल पर पढ़ने के लिए डाउनलोड करें Hindi News App, या फिर 2G नेटवर्क के लिए हमारा Dainik Bhaskar Lite App.
Web Title: CM Will Take Back Feeding Of Officers From MP
(News in Hindi from Dainik Bhaskar)

Stories You May be Interested in

      More From News

        Trending

        Live Hindi News

        0
        ×