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यूपी में सबसे ज्यादा बंदूकें इसलिए बढ़ रहा है अपराध, राम हमारे आदर्श हैं मजहब से न जोड़े : उपराष्ट्रपति

उपराष्ट्रपति ने हिंदी में कार्यक्रम को संबोधित किया और कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए।

Danik Bhaskar | Jan 24, 2018, 01:34 PM IST
उपराष्ट्रपति ने यूपी दिवस की शुरुआत की। उपराष्ट्रपति ने यूपी दिवस की शुरुआत की।

लखनऊ. यूपी 68 साल बाद पहली बार अपना स्थापना दिवस माना रहा है। यूपी के स्थापना दिवस को 'यूपी दिवस' नाम दिया गया है। इस कार्यक्रम की शुरुआत देश के उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने की। उपराष्ट्रपति ने हिंदी में कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि भारत का विकास तभी हो सकता है जब यूपी का विकास होगा। उन्होंने सीएम योगी को धन्यवाद देते हुए कहा, मैं यूपी की योगी सरकार को बधाई देता हूं उन्होंने यूपी दिवस मनाने की पहल की। वहीं, उपराष्ट्रपति ने यूपी की कानून व्यवस्था पर भी सवाल उठाए।

-उप राष्ट्रपति ने अपनी स्पीच में कहा, उत्तर प्रदेश में सबसे ज्यादा लोगों के पास बंदूक है। आखिर क्या जरुरत है इन हथियारों की सरकार को इसे वापस लेना चाहिए। उन्होंने कहा कि
इन हथियारों के कारण ही अपराध बढ़ रहा है। सरकार हथियार जब्त करे।
-राष्ट्रपति ने कहा कि देश के विकास के लिए यूपी का विकास जरूरी है। बिना यूपी के विकास के देश का विकास नहीं हो सकता है। उन्होंने कहा यूपी पदेश का सबसे बड़ा प्रदेश है और इसका विकास भी जरूरी है।

-हालांकि उन्होंने कहा, प्रदेश में अब कानून व्यवस्था सही हो रही है, पर कानून व्यवस्था एक नम्बर पर होनी चाहिए जाति और पैसे की राजनीति नहीं होनी चाइिए। ये समय देश को आगे बढ़ाने का है क्योंकि इस समय स्थाई सरकार है।

-यह भूमि 1857 के अमर क्रांतिकारी मंगल पांडे और उनके साथियों की वीरता की गवाह है। शहीद राम प्रसाद बिस्मिल, अशफाक उल्ला खाँ, महामना मदन मोहन मालवीय, गोविंद वल्लभ पंत, लाल बहादुर शास्त्री, जवाहर लाल नेहरू, आचार्य नरेंद्र देव और पूर्व प्रधानमंत्री अटलजी जैसे महापुरुषों की कर्मभूमि है।

रामराज कहने वालों को महजब से न जोड़े

-उपराष्ट्रपति ने कहा, जो लोग रामजी के बारे चर्चा करते हैं। उन्हें किसी मजहब से नहीं जोड़ना चाहिए। रामराज्य का मतलब केवल शांति बनाना, जतिगत लड़ाई से दूर रहना है। रामजी को एक आदर्श के रूप में लेना चाहिए। एक आदर्श राजा के रूप में मनाना चाहिए इसे जाति से नहीं जोड़ना चाहिए। स्वच्छता अभियान सिर्फ मोदी-योगी का नहीं सबका है।

यूपी में कितने हथियार

-31 दिसंबर, 2016 को गृह मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक देश में कुल 33,69,444 सक्रिय बंदूक लाइसेंस हैं। इनमें से यूपी में सबसे ज्यादा हैं। यूपी में सर्वाधिक संख्या में बंदूक लाइसेंस दिए गए थे जहां 12,77, 914 लोगों के पास हथियार हैं।

महाराष्ट्र में 84,050, बिहार 82,585 और गुजरात में 60784 लोगों के पास हथियार हैं।


क्या कहा योगी आदित्यनाथ ने ?

-कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सीएम योगी ने कहा, हम सब के लिए ये गौरव का क्षण है। मैं उत्तर प्रदेश में प्रथम दिवस के अवसर पर उपराष्ट्रपति का स्वागत करता हुं और राम नाईक जी के प्रति बधाई देता हूं कि उन्होंने यूपी दिवस के लिए हमें प्रेरित किया। प्रदेश में नई सरकार के गठन के बाद राज्यपाल ने यूपी स्थापना दिवस मनाने पर जोर दिया था।
-यूपी देश का सबसे बड़ा, सबसे महत्वपूर्ण प्रदेश है। यूपी के विकास के बिना भारत का विकास नहीं होगा। भारत को विश्व शक्ति बनाने के लिए यूपी का योगदान ज़रूरी है। अगर भारत का विकास करना है तो सबसे पहले उत्तर प्रदेश का विकास करना होगा, भारत का विकास उत्तर प्रदेश से ही होकर जाता है। इसी कारण प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की उत्तर प्रदेश पर विशेष अनुकंपा है।

इसलिए 24 जनवरी को मनाया जा रहा है यूपी दिवस

-आपको बता दें कि आजादी के पहले अपना यूपी का नाम युनाइटेड प्रोविंस (यूपी) था। आजादी के बाद 24 जनवरी, 1950 को इसका नामकरण उत्तर प्रदेश हुआ। इस तिथि को ही प्रदेश की स्थापना दिवस मानते हुए पहली बार यूपी दिवस के आयोजन की परंपरा शुरू की गई है।

उन्होंने कहा- रामराज कहने वालों को महजब से न जोड़े। उन्होंने कहा- रामराज कहने वालों को महजब से न जोड़े।