--Advertisement--

मदरसे से छुटने के बाद दहशत में गुजरी रात,परिजनों को देख रो पड़ी लड़कियां

लखनऊ. राजधानी के एक मदरसे में छापेमारी के बाद शुक्रवार देर रात पुल‍िस ने 51 लड़क‍ियों को मुक्त कराया था।

Danik Bhaskar | Dec 31, 2017, 02:09 AM IST
नारी न‍िकेतन से मदरसे की लड़क‍ियों ले जाते पर‍िजन। नारी न‍िकेतन से मदरसे की लड़क‍ियों ले जाते पर‍िजन।

लखनऊ. राजधानी के एक मदरसे में छापेमारी के बाद शुक्रवार देर रात पुल‍िस ने 51 लड़क‍ियों को मुक्त कराया था। इसके बाद सभी को नारी न‍िकतेन (राजकीय मह‍िला शरणालय) भेज द‍िया था। इसकी जानकारी होते ही शन‍िवार की सुबह पीड़‍ित छात्राओं के पर‍िजन मौके पर पहुंचे और अपनी बच्च‍ियों को साथ ले जाने लगे। इस दौरान छात्राएं अपने माता-प‍िता को देखकर रो पड़ीं। उन्होंने बताया, मदरसे से छुटने के बाद वो पूरी रात दहशत में थीं। सो नहीं पाईं, क‍िसी तरह सुबह होने का इंतजार कर रही थीं। दहशत में थीं लड़क‍ियां...

(आगे की स्लाइड्स में देख‍िए अन्य PHOTOS)

-मदरसे से रात में मुक्त कराई गई लड़कियों में से शन‍िवार को 14 को उनके परिजनों को सौंप दिया गया।
-जब वो बाहर निकलीं तो बात करने से कतराती रही थीं। उनके चेहरे पर दहशत और आंखों में डर नजर आ रहा था।
-मदरसे में किस तरह प्रताड़‍ित किया जाता था? जब सवाल पूछा गया तो वो घबरा गईं और रोने लगी।


सुबह-सुबह ही पहुंच गए परिजन
-घटना के बाद शन‍िवार सुबह से ही लड़क‍ियों के पर‍िजन नारी न‍िकेतन (राजकीय शरणालय महिला केंद्र) पहुंचने लगे। लेकिन उनको बिना आधार कार्ड और वैरीफिकेशन के अंदर नहीं जाने दिया गया।
-इसके बाद कई लोगों ने घर पर फोन करके आधार कार्ड मंगवाया। इस दौरान सबसे पहले उनके माता-पि‍ता को उनसे म‍िलने द‍िया गया। फ‍िर पूरी तरह पुख्ता जानकारी म‍िलने के बाद ही परिजनों को सौंपा गया।
-मदरसे में जुलाई महीने में एक 10 साल की बच्ची का एडमिशन करवाया गया था। घटना की जानकारी होने के बाद उसका भाई रात में ही मौके पर पहुंच गया। उसने बताया क‍ि उसे उसकी बहन से म‍िलने नहीं द‍िया जा रहा है।

-मम्मी-पापा सीतापुर में है, वो रात तक ही आ पाएंगे। ऐसे में उसे एक बार बहन से म‍िलवा द‍िया जाए, ताक‍ि उसे तसल्ली हो जाए।

ये है पूरा मामला

-लखनऊ के सआदतगंज इलाके में जामिया खदीजतुल कुबरा लीलबनात नाम से मदरसा है। पुल‍िस को जानकारी हुई क‍ि वहां लड़क‍ियों के साथ बहुत गलत काम हो रहा है।

-शुक्रवार देर शाम पुल‍िस ने मदरसे पर छापेमारी कर 51 लड़कियों को मुक्त कराया। इस कार्रवाई में मदरसा संचालक को भी गिरफ्तार कर लिया गया।

-लड़कियों का आरोप था क‍ि यहां उन्हें बंधक बनाकर रखा गया था। उनसे छेड़छाड़ और अश्लील हरकतें की जाती थीं। संचालक उनसे पैर दबवाता था और व‍िरोध करने पर जानवरों जैसा सलूक करता था। -शन‍िवार को आरोपी को भ्रष्टाचार न‍िवारण सीबीआई कोर्ट में पेश क‍िया गया, जहां से आरोपी को 14 द‍िन की न्याय‍िक ह‍िरासत में जेल भेज द‍िया है।

-वहीं, बहराइच की युवती की श‍िकायत पर संचालक के ख‍िलाफ रेप का केस भी दर्ज कर ल‍िया है। पीड़‍िता का कहना है क‍ि वो मदरसे में 6 महीने से कैद थी।

-बताया जाता है क‍ि यह मदरसा 12 साल से बिना मान्यता के चलाया जा रहा था। हालांक‍ि, इस मामले से उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा बोर्ड ने अपना पलड़ा झाड़ लिया है। बोर्ड रजिस्ट्रार राहुल गुप्ता ने कहा, मामला लॉ एंड ऑर्डर का है।

-मदरसा बोर्ड सूत्रों के मुताबिक, शहर में करीब 220 मान्यता प्राप्त मदरसे हैं। इसमें 18 अनुदानित हैं, जबकि इससे दो गुना से अधिक मदरसे बिना मान्यता के चल रहे हैं। जिसका रिकॉर्ड उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा परिषद के पास नहीं है।