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विधानसभा में अटलजी को दी गई श्रद्धांजलि, 27 अगस्त तक लिए मानसून सत्र स्थागित; योगी ने कहा- देश ने खो दिया एक सपूत

विधानसभा का मानसून सत्र 23 अगस्त से 31 अगस्त तक चलेगा

Danik Bhaskar | Aug 23, 2018, 12:28 PM IST

लखनऊ. यूपी विधानसभा के मानसून सत्र के पहले दिन पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को श्रद्धांजली देने के बाद सदन को 27 अगस्त तक के लिए स्थागित कर दिया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधानसभा में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेई के निधन शोक प्रस्ताव रखा। सीएम ने कहा, अटलजी ने देश हित में कड़े निर्णय लिए और उनकी बातों को विपक्ष भी बहुत ही गंभीरता से लिया करता था। अटलजी ने मातृभाषा हिंदी को भी एक महत्वपूर्ण स्थान दिलाने का काम किया था। राजनीतिक एवं सांस्कृतिक क्षेत्र में योगदान को हमेशा याद किया जाएगा। देश ने अटलजी के रूप में अपना एक सपूत खो दिया है।

सभी के थे अटल: विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित ने कहा, अटल बिहारीजी हमेशा सभी के रहे और सभी को ऊपर उठाने का प्रयास किया। अटलजी ने कहा था, 'है प्रभु मुझे इतनी ऊंचाई मत देना की ग़ौरों को गले न लगा सकूं। विपक्ष के रूप में भी अटल बिहारी वाजपेयी के तौर-तरीकों का अनुसरण करना जरूरी है। हम सभी ने सदन में देखा और पाया वह कटु वाणी का इस्तेमाल कभी नहीं करते थे।

देशहित में लिए फैसले: बसपा विधानमंडल दल नेता लालजी वर्मा ने कहा, पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने भाजपा में रहते हुए भी कई विभिन्न विचारधाराओं वाली पार्टियों के साथ मिलकर सरकार चलाई और कई अनेक मजबूत फैसले भी देश हित में थे। कांग्रेस नेता अजय कुमार लल्लू ने कहा, अटलजी पेशे से पत्रकार थे लेकिन एक बड़े रचनाकार भी थे जो हमारी जीवन को ऊर्जा से भरने का काम करती है।

सपा ने कानून व्यवस्था को लेकर किया हांगमा: उत्तर प्रदेश में कानून व्यवस्था के विरोध में समाजवादी पार्टी ने विधानसभा सत्र शुरू होने से पहले मुख्य द्वार पर प्रदर्शन करते हुए हंगामा किया। सपा विधायकों ने देवरिया और मेरठ के मामले पर प्रदर्शन करते हुए कानून व्यवस्था के नाम पर योगी सरकार को फेल बताया।