--Advertisement--

जिनकी नीयत साफ नहीं, वे पर्दे के पीछे कारोबारियों से मिलते हैं; अमर सिंह के पास इन सबकी हिस्ट्री: मोदी

मोदी ने कहा कि पटवारियों की वजह से परियोजनाओं के लिए जमीन मिल पाई। देश को प्रधानमंत्री चला सकता है या फिर पटवारी

Dainik Bhaskar

Jul 29, 2018, 10:24 PM IST
लखनऊ में प्रधानमंत्री का स्वा लखनऊ में प्रधानमंत्री का स्वा

- नरेंद्र मोदी ने एक महीने में पांचवीं बार उत्तरप्रदेश का दौरा किया

- मोदी बोले- हम उन लोगों में से नहीं जो कारोबारियों के साथ फोटो खिंचवाने से डरते हैं

लखनऊ. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी सरकार पर कारोबारियों को फायदा पहुंचाने के आरोपों का विपक्ष को जवाब दिया। रविवार को यहां 60 हजार करोड़ रुपए की 81 परियोजनाओं की नींव रखी। उन्होंने कहा कि हम उन लोगों में से नहीं हैं, जो कारोबारियों के साथ फोटो खिंचवाने से डरते हैं। वरना ऐसे भी लोग हैं, जिनकी उद्योगपतियों के साथ तस्वीरें तो नहीं हैं, लेकिन ऐसा कोई उद्योगपति नहीं, जिसने उनके घर पर दंडवत न किया हो। जिन लोगों की नीयत साफ नहीं होती, वे पर्दे के पीछे कारोबारियों से मिलते हैं। मोदी ने कहा- यहां बैठे अमर सिंह जी उनकी सारी हिस्ट्री निकाल देंगे।

विपक्ष खासकर राहुल गांधी आरोप लगाते रहे हैं कि कि मोदी और उनकी सरकार 10 से 12 उद्योगपतियों के लिए काम करती है। मोदी ने कहा, ''देश को बनाने में कारोबारियों की किसानों जैसी भूमिका है। जब नीयत साफ और इरादे नेक हों तो किसी के साथ खड़े होने और तस्वीर खिंचवाने में डर नहीं। महात्मा गांधी का जीवन इतना पवित्र था कि बिरला जी के साथ खड़े होने में कभी उन्हें संकोच नहीं हुआ। वे उनके घर जाकर रुकते थे। लेकिन, जिन लोगों की मंशा साफ नहीं होती और वे पर्दे के पीछे मुलाकात करते हैं।''

गलत काम करने वाले कारोबारी जेल जाएंगे : मोदी ने कहा, ''देश को बनाने में जैसे किसान, कारीगर, मजदूर, कर्मचारियों की भूमिका होती है, वैसे ही उद्योगपतियों की भी है। हम उन्हें चोर-लुटेरा कहेंगे, उन्हें अपमानित करेंगे, ये कौन सा तरीका है। लेकिन जो गलत करेगा, उन्हें या तो देश छोड़कर भागना पड़ेगा या जेल में जाना होगा।''

मोबाइल प्रोडक्शन में भारत दूसरे स्थान पर : मोदी ने कहा, ''आज सर्विस की तेज डिलिवरी में डिजिटल इंडिया अहम भूमिका निभा रहा है। टिकट बुकिंग, बिजली बिल, टेलीफोन बिल, आधार जैसी कई सेवाओं के लिए लोग चक्कर लगाने के लिए मजबूर नहीं हैं। आईटी इंडस्ट्री सालों से हमारी ताकत रही है। आज आईटी एक्सपोर्ट रिकॉर्ड स्तर पर है। 40 लाख लोग इस इंडस्ट्री से जुड़े हुए हैं। फिर भी यह सिर्फ शहरों में सीमित रह गई। आज मोबाइल की कीमतें घटने से इन योजनाओं का प्रसार हो रहा है। भारत दुनिया के लिए मोबाइल प्रोडक्शन का हब बन रहा है। हम इस मामले में दूसरे स्थान पर पहुंच गए हैं।''

X
लखनऊ में प्रधानमंत्री का स्वालखनऊ में प्रधानमंत्री का स्वा
Bhaskar Whatsapp

Recommended

Click to listen..